20/06/2020
छोड़ा🕺🕶️😊 छी हम मिथिला धाम के
दिवाना 🧏 छी हम मालदा आम🥭के
अ सोफ़ा 🛋️कुर्सी 🪑गदा 🛏️ में ओ मज़ा कहा
जे मज़ा छःय अपन गाछी के मचान में🤨
😊😊😀😃🙏
जय मिथिला जय मैथिली 🙏😊
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20/06/2020
छोड़ा🕺🕶️😊 छी हम मिथिला धाम के
दिवाना 🧏 छी हम मालदा आम🥭के
अ सोफ़ा 🛋️कुर्सी 🪑गदा 🛏️ में ओ मज़ा कहा
जे मज़ा छःय अपन गाछी के मचान में🤨
😊😊😀😃🙏
जय मिथिला जय मैथिली 🙏😊
10/10/2019
भाईयों आज में नें क्रोध के बारे बहुत कुछ पढ़ा ! इसी लिए आप लोगों के बीच भी क्रोध के विचार लिखने का मन हुआ !!इससे भाईयों आपको यह समझने में आसानी होगी कि क्रोध एक बुरी बला हैं जिसे मनुष्य दिल से लगाये घूमता हैं !!😠
यह एक ऐसा भाव हैं जो मनुष्य के वास्तविक अस्तित्व को ख़त्म कर देता हैं | समय बीत जाने पर क्रोध का बाण बस पछतावा ही पाता हैं | मौन ही सर्वोच्च निति हैं जो क्रोध को वश में कर सकती हैं
आज के समय में क्रोध एक फैशन हो गया हैं हर कोई गुस्सा दिखाने में अपनी शान समझने लगे हैं ऐसे में मनुष्य को बहुत बड़ा परिणाम भुगतना पड़ता हैं अतः सभी को अपने गुस्से पर काबू करना चाहिए। जो व्यक्ति जोर जोर से अपने क्रोध का बखान करता हैं वास्तव में वह अज्ञानी हैं जो शांत रहकर अपने क्रोध को वश में करता हैं वही बुद्धिमान कहलाता हैं । गुस्सा मनुष्य को खोखला कर देता हैं और एक समय बाद उसके वास्तविक स्वभाव को ख़त्म कर देता हैं । भाईयों क्रोध ज्ञान को समाप्त कर देता हैं । इस लिए भाईयों किसी अन्य व्यक्ति पे क्रोध नहीं करना चाहिए कि अपने आप पे हानी पहुंचे ।।
भाईयों क्रोध पर लिखे यह विचार आपको कैसे लगे कमेंट जरुर करें ।।
मैथिल गोपाल कु० झा ।🙏🙏
बाबुबरही ,मधुबनी (बिहार)
Friends, see this video, tell who is the thief of the country
कामयाब होना किसका ख्वाब नहीं होता? आज के समय में हर इंसान कामयाब होना चाहता है लेकिन कामयाब आसानी से नहीं मिलती। उसके लिए बहुत मेहनत के साथ ही एक सही योजना का होना आवश्यक है । और साथ में जरूरी है कामयाबी हासिल करने के लिए प्रेरित होना । प्रेरणा एक ऐसी चीज है जो इन्सान से कुछ भी करवा सकती है ।।
जिंदगी जीने का तरीका उन्ही लोगों को आया है जिन्होंने अपनी जिंदगी में हर जगह धक्का खाया है ,जमाया है सर्द रातों में खूद को तपती धूप में खुद को तपाया है वही हुए हैं कामयाब जिंदगी में,उन्होंने ने ही इतहास रचाया है ।।
न भीड़ पसंद हो जिनको वो अक्सर तनहा चलते हैं रौशन करने को किस्मत अपनी सूरज की तरह वो जलते हैं ,कितनी भी कठिन हो राह मगर न कभी वो पीछे मुड़ते हैं।।
कामयाबी के सफ़र में मुश्किलें तो आएँगी हो परेशानियाँ दिखाकर तुमको तो बताएंगी ही ,चलते रहना कि कदम रूकने ना पायें अरे मंजिल तो मंजिल ही है एक दिन तो आएगी ही ।।।?
卐 मैथिल गोपाल कु० झा ।卐
बाबुबरही ,मधुबनी (बिहार)
मित्रों जो हमें समझ ही न सका...उसे पूरा हक है..हमें अच्छा-बुरा
कहने का..!!! ...,,,,,,,,,,,,,,,,,,
क्योंकि... जो हमे जान लेता है..वो हम पर जान देता है,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,,