समाज सेवी संस्था
समाज में आपसी भाईचारा कायम करना, सभी वर्ग के बालक बालिकाओं के लिए प्राइमरी स्तर से उच्च स्तर स्कूल कॉलेज व मदरसों का नियम अनुसार निर्माण कर संचालन करना, शिक्षा का प्रचार प्रसार करना, प्रौढ़ शिक्षा, अनौपचारिक शिक्षा का निशुल्क आयोजन करना व संचालन करना, सभी वर्ग के बालक/बालिकाओं को सिलाई कढ़ाई बुनाई कंप्यूटर आदि में निशुल्क परीक्षण देने की व्यवस्था कर संचालन करना,मुस्लिम बालक बालिकाओं के लिए नियमनुसार पुस्तकलय का लिए व छात्रावास की स्थापना करना, मेधावी छात्रों को पुरुरकृत कर उनका मनोबल बढ़ाने का प्रयास करना, बच्चों को प्राकृतिक आपदाओ व पर्यावरण के प्रति जागरूक करना, सामाजिक संस्कृतिक कार्यक्रम निर्धारित करना तथा विचार गोष्ठी, सेमिनार आदि की व्यवस्था करना, समाज को स्वच्छ अभियान के प्रति जागरूक करना, नव युवकों एव नवयुवतियों क्यों ने खेल उत्साह पैदा करना, बूढ़े बेसहारा व्यक्तियों की खिदमत करना तथा मदद करना, सभी वर्ग के बच्चों को तकनीकी और गैर तकनीकी निशुल्क शिक्षा प्रदान करना ताकि वह स्वरोजगार हेतु तैयार हो सके, विशेष तौर से अल्पसंख्याको मुस्लिम समाज के कल्याण एवं उन्नति के लिए कार्य करना एवं उनकी शिक्षा की व्यवस्था करना, समाज में प्रदूषण से हो रही हानियों के बारे में लोगों को जागरूक करना, कुष्ठ अपाहिज तथा संक्रमक रोगों से ग्रस्त निराश्रित नि: सहाय व्यक्तियों की निशुल्क शिक्षा की व्यवस्था करना, गरीब व बेसहारा निर्धन लोगों को कपड़े कंबल भोजन निशुल्क वितरण करना, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान के बारे में लोगों को जागरूक करना, डिजिटल इंडिया के बारे में जागरूक करना और सरकार से आ रही सभी योजनाओं का प्रचार प्रसार करना, समय-समय पर संस्कृतिक कार्यक्रम विचार गोष्ठी सेमिनार खेलकूद प्रतियोगिता वाद विवाद प्रतियोगिता मुशायरा कवि सम्मेलन योगा कार्यक्रम जागरूक करना, ग्रामीण/नगरीय व मलिन बस्तियों ने स्वच्छता शुद्धपेय जल एवं जल व भूमि प्रबंधन कार्यक्रमों का प्रचार प्रसार करना तथा ग्रामीण अंचलो मे तालाब हैंडपम्प नाली सम्पर्क मार्ग लाइट खड़ंजा आदि की निशुल्क समुचित व्यवस्था हेतु प्रयास करना, सतत शिक्षा अनौपचारिक शिक्षा विज्ञान शिक्षा व्यावसायिक शिक्षा कंप्यूटर शिक्षा इलेक्ट्रॉनिक शिक्षा कृषि शिक्षा टाइप शॉर्ट हैंड शिक्षा प्रतियोगितात्मक शिक्षा दिलाने की व्यवस्था करना, समाज में मूक बघिरों विकलांगो नेत्रहीनों विधवाओं वृद्धों मजदूरों कारीगरों जन्मान्ध तथा मन्दबुद्धि वे निराक्षित बेरोजगारों के कल्याण एवं उत्थान हेतु उनके अनुरूप निशुल्क व्यावसायिक प्रशिक्षण दिलवाकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाना, सरकार द्वारा चलायी जा रही योजनाओं से अवगत कराना