31/12/2025
रिस्क_रिवॉर्ड_कैलकुलेशन
मान लो महीने में मार्केट 20 दिन खुला है
और तुम रोज़ 2 ट्रेड करते हो।
मतलब महीने में कुल 40 ट्रेड हुए।
ओर तुमने रिस्क–रिवॉर्ड 1:2 रखा है।
इन 40 ट्रेड में से अगर
25 ट्रेड गलत हो जाएं(स्टॉपलॉस हिट)
और 15 ट्रेड सही हो जाएं(टारगेट हिट)
तो हर गलत ट्रेड में अगर 100 का नुकसान है
तो कुल नुकसान हुआ 2500
और हर सही ट्रेड में अगर 200 का प्रॉफिट है
तो कुल फायदा हुआ 3000
मतलब
महीने के आखिर में नेट फायदा 500
अब कोई बोलेगा
“यार, इसमें तो ब्रोकरेज ही निकल जाएगा”
हाँ, सही बात है
लेकिन असली पॉइंट समझो
तुम्हारा कैपिटल सुरक्षित रहा
न बड़ा नुकसान हुआ
न खतरनाक ड्रॉडाउन आया
अगर थोड़ा ब्रोकरेज गया
तो उसे समझो
मार्केट से सीखने की फीस
अब अगला स्टेप क्या होना चाहिए?
न ज्यादा ट्रेड बढ़ाने हैं
न रिस्क बढ़ाना है
बस
ट्रेड की क्वालिटी बढ़ानी है
यानी
धीरे-धीरे सही ट्रेड बढ़ाओ
और गलत ट्रेड कम करो
यहीं से असली ग्रोथ शुरू होती है
याद रखो
कम ट्रेड = कम गलती = कम नुकसान
एक समय ऐसा भी आयेगा जब 10 ट्रेड में स्टॉपलॉस हिट होंगे ओर 30 ट्रेड में टारगेट हिट होंगे।
अब खुद ही कैलकुलेशन लगाओ नफे नुकसान का।
ये होता है सिस्टम से चलना।
लेकिन दिक्कत ये है
जब चार्ट स्क्रीन पर होता है
तो नजर सेटअप पर नहीं
ट्रेड की गिनती पर चली जाती है
और वहीं से
ओवरट्रेडिंग शुरू
और डिसिप्लिन खत्म
मार्केट में टिकना है
तो चार्ट से पहले
माइंडसेट कंट्रोल में होना चाहिए
अगर चाहो तो इसी टॉपिक पर
अगली पोस्ट में
“ओवरट्रेडिंग कैसे रोकें”
इस पर भी लिख दूँ
कमेंट में बताओ