08/06/2026
यूएसएम के दो विद्यार्थियों का विप्रो कंज्यूमर केयर एंड लाइटिंग में चयन
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा के मार्गदर्शन में यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ मैनेजमेंट (यूएसएम) ने एक बार फिर उत्कृष्ट प्लेसमेंट उपलब्धि हासिल करते हुए अपने दो एमबीए विद्यार्थियों देवांशु अरोड़ा एवं अभिनव सिंह का चयन प्रतिष्ठित कंपनी विप्रो कंज्यूमर केयर एंड लाइटिंग में वार्षिक ₹6 लाख के पैकेज पर कराया है।
चयनित विद्यार्थी कंपनी के साथ दो माह की इंटर्नशिप करेंगे। इस क्रम में वे बेंगलुरु में कंपनी के इंडक्शन कार्यक्रम में भाग लेंगे। इसके पश्चात उन्हें कंपनी के परिचालन एवं उत्पादन प्रक्रियाओं को समझने के लिए हैदराबाद स्थित प्लांट का भ्रमण भी कराया जाएगा।
इस अवसर पर यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ मैनेजमेंट के अध्यक्ष प्रो. अनिल कुमार मित्तल ने दोनों विद्यार्थियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि विद्यार्थियों की मेहनत, समर्पण और दो वर्षों के दौरान किए गए निरंतर प्रयासों का परिणाम है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि दोनों विद्यार्थी अपने व्यावसायिक जीवन में भी उत्कृष्ट प्रदर्शन करेंगे तथा संस्थान का नाम रोशन करेंगे।
प्रो. मित्तल ने कहा कि विद्यार्थियों की यह सफलता विभाग द्वारा प्रदान की जा रही गुणवत्तापूर्ण प्रबंधन शिक्षा, उद्योगोन्मुखी प्रशिक्षण तथा प्रभावी प्लेसमेंट गतिविधियों का प्रतिफल है। उन्होंने अन्य विद्यार्थियों को भी प्रेरित करते हुए अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने का संदेश दिया।
डॉ. सलोनी पवन दीवान, संकाय सदस्य, यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ मैनेजमेंट, ने भी दोनों विद्यार्थियों को इस उल्लेखनीय उपलब्धि पर बधाई दी। उन्होंने कहा कि उनकी लगन, अनुशासन और प्रतिबद्धता उन्हें भविष्य में और भी बड़ी सफलताएँ दिलाएगी।
संस्थान के अन्य शिक्षकों एवं विद्यार्थियों ने भी देवांशु अरोड़ा और अभिनव सिंह को इस उपलब्धि के लिए शुभकामनाएँ दीं तथा उनके सफल भविष्य की कामना की।
08/06/2026
केयू न्यूज लेटर विश्वविद्यालय की उपलब्धियों का सशक्त दस्तावेजः प्रो. राकेश कुमार
केयू न्यूज लेटर के स्पेशल एडमिशन एडिशन का हुआ विमोचन
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा के मार्गदर्शन में जनसंचार एवं मीडिया प्रौद्योगिकी संस्थान द्वारा संचालित तथा कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी प्रेस द्वारा प्रकाशित केयू न्यूज लेटर के स्पेशल एडमिशन एडिशन का विमोचन डीन एकेडमिक अफेयर्स प्रो. राकेश कुमार ने किया। यह न्यूज लेटर का 17वां अंक है, जिसे विशेष रूप से विश्वविद्यालय की प्रवेश प्रक्रिया, रोजगारोन्मुखी पाठ्यक्रमों तथा शैक्षणिक उपलब्धियों को समर्पित किया गया है।
इस अवसर पर प्रो. राकेश कुमार ने न्यूज लेटर के संपादक प्रो. महासिंह पूनिया एवं समस्त संपादकीय टीम को बधाई देते हुए कहा कि न्यूज लेटर विश्वविद्यालय की मासिक गतिविधियों, उपलब्धियों तथा अकादमिक विकास को देश-प्रदेश तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। यह प्रकाशन विश्वविद्यालय की सामाजिक और राष्ट्रीय प्रतिबद्धताओं को भी प्रभावी ढंग से प्रस्तुत कर रहा है।
मीडिया संस्थान के निदेशक प्रो. महासिंह पूनिया ने बताया कि स्पेशल एडमिशन अंक में विश्वविद्यालय के विभिन्न प्रोफेशनल और रोजगारपरक पाठ्यक्रमों से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियों को प्रमुखता से स्थान दिया गया है। इसमें यूजी एवं इंटीग्रेटेड पाठ्यक्रमों में दाखिले की प्रक्रिया, आईटीईपी, बीएएलएलबी, एमबीए, बीबीए और बीएएफ में प्रवेश परीक्षा आधारित दाखिले, 60 से अधिक प्लेसमेंट अवसर, 7.20 लाख रुपये तक के पैकेज, यूएसएम की उपलब्धियां, बी फार्मेसी, आईआईएचएस में बी.एससी. रोबोटिक्स एंड ऑटोमेशन कोर्स की शुरुआत, सीडीओई के ऑनलाइन इंटर्नशिप कार्यक्रम तथा 50 से अधिक रोजगारपरक पाठ्यक्रमों की जानकारी शामिल है।
इसके अतिरिक्त अंक में डिजिटल क्रांति की दिशा में विश्वविद्यालय द्वारा शुरू किए गए केयूके पॉडकास्ट, केयू न्यूज़ एवं मीडिया चौपाल की पहल, मीडिया संस्थान में कम्युनिटी रेडियो की स्थापना, भू-विज्ञान विभाग के विद्यार्थियों की उपलब्धियां, मीडिया उद्योग में रोजगार की संभावनाएं, अंग्रेजी विभाग, इतिहास विभाग तथा अर्थशास्त्र एवं सांख्यिकी विषयों में उपलब्ध करियर अवसरों पर भी विशेष लेख प्रकाशित किए गए हैं।
उन्होंने बताया कि संपादकीय पृष्ठ पर “एक पेड़ मां के नाम” अभियान तथा जवाहर लाल नेहरू पुस्तकालय में अवकाश के दौरान अध्ययनरत विद्यार्थियों की प्रेरणादायक प्रतिबद्धता को भी प्रमुखता से स्थान दिया गया है। उन्होंने कहा कि कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय समाज और राष्ट्र की उन्नति के लिए निरंतर कार्य कर रहा है तथा गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के माध्यम से युवाओं के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण के लिए प्रतिबद्ध है। विमोचन समारोह में केयू न्यूज लैटर की संपादकीय टीम के सदस्य डॉ. अभिनव, डॉ. तपेश किरण, राहुल अरोड़ा एवं अमित जागड़ा उपस्थित रहे।
07/06/2026
पर्यावरण संरक्षण और स्वास्थ्य संवर्धन का सशक्त माध्यम है साइकिलः प्रो. वीरेंद्र पाल
केयू में विश्व साइकिल दिवस पर “संडे ऑन साइकिल” कार्यक्रम आयोजित
फिट इंडिया, उन्नत भारत अभियान, खेलो इंडिया तथा शारीरिक शिक्षा एवं खेल निदेशालय, कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा के मार्गदर्शन, कुलसचिव डॉ. वीरेंद्र पाल तथा खेल निदेशक प्रो. (डॉ.) दिनेश सिंह राणा के नेतृत्व में रविवार को “संडे ऑन साइकिल” कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर कुलसचिव प्रो. वीरेंद्र पाल ने खिलाड़ियों एवं प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए कहा कि विश्व साइकिल दिवस केवल एक खेल गतिविधि नहीं, बल्कि स्वस्थ जीवनशैली, पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास के प्रति हमारी प्रतिबद्धता का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि नियमित साइकिल चलाने से जहां शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य बेहतर होता है, वहीं प्रदूषण में कमी लाकर पर्यावरण संरक्षण में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया जा सकता है। प्रो. वीरेंद्र पाल ने सभी से ‘फिट इंडिया’ और ‘ग्रीन इंडिया’ के संकल्प को जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान करते हुए कहा कि प्रत्येक नागरिक को स्वच्छ, हरित एवं प्रदूषण-मुक्त वातावरण के निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए। उन्होंने युवाओं से साइकिल को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने तथा पर्यावरण संरक्षण के प्रति स्वयं जागरूक होकर समाज को भी प्रेरित करने का आग्रह किया, ताकि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ और सुरक्षित पर्यावरण सुनिश्चित किया जा सके।
कार्यक्रम के दौरान खेल निदेशक प्रो. (डॉ.) दिनेश सिंह राणा ने कहा कि साइकिल रैली का मुख्य उद्देश्य खिलाड़ियों एवं युवाओं को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करना है। उन्होंने कहा कि साइकिल का अधिक उपयोग प्रदूषण को कम करने और स्वस्थ समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। विश्वविद्यालय परिसर को स्वच्छ एवं हरित बनाए रखने के लिए सभी को सामूहिक प्रयास करने चाहिए।
“संडे ऑन साइकिल” अभियान में शारीरिक शिक्षा एवं खेल निदेशालय, कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के विभिन्न खेलों के खिलाड़ियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। खिलाड़ियों ने “भारत माता की जय” और “वंदे मातरम” के जयघोष के साथ पूरे कार्यक्रम में जोश और देशभक्ति का वातावरण बनाए रखा।
इस अवसर पर बॉक्सिंग कोच राजेश कुमार राजौंद, प्रो. दीपक बब्बर, डॉ. सुरेंद्र वर्मा, डॉ. चंद्रकांत, एबीवीपी संगठन मंत्री सुनील गोंदर, वॉलीबॉल कोच राजेश कुमार, हॉकी कोच मलकीत कौर, रेसलिंग कोच रमेश, साइकिलिंग कोच शैलजा, खेल निदेशालय से प्रदीप, भारत भूषण सहित अन्य शिक्षण एवं गैर-शिक्षक कर्मचारी उपस्थित रहे।
06/06/2026
हर्बल गार्डन की स्थापना से विद्यार्थियों में विकसित होगी प्रकृति संरक्षण की भावनाः डॉ. ममता सचदेवा
विश्व पर्यावरण दिवस पर यूएसएसएमएस में हर्बल गार्डन की पहल, विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण के लिए किया प्रेरित
विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा के मार्गदर्शन में यूनिवर्सिटी सीनियर सैकेंडरी मॉडल स्कूल (यूएसएसएमएस) में पर्यावरण संरक्षण एवं जागरूकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर भारत विकास परिषद, मैत्रेयी शाखा के सहयोग से यूएसएसएमएस में प्रस्तावित हर्बल गार्डन की स्थापना हेतु अनेक औषधीय पौधों का रोपण किया गया।
डॉ. ममता सचदेवा, अध्यक्षा, मैत्रेयी शाखा ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल एक दिवस तक सीमित रहने वाला विषय नहीं है, बल्कि यह हमारी जीवनशैली का अभिन्न हिस्सा होना चाहिए। उन्होंने कहा कि हर्बल गार्डन की स्थापना न केवल परिसर की हरियाली को बढ़ावा देगी, बल्कि विद्यार्थियों को औषधीय पौधों के महत्व, जैव विविधता और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण के प्रति भी जागरूक बनाएगी। उन्होंने विद्यार्थियों से प्रकृति के साथ संतुलन बनाए रखने तथा पर्यावरण संरक्षण को जन आंदोलन बनाने का आह्वान किया।
समर कैंप में भाग ले रहे विद्यार्थियों ने पर्यावरण संरक्षण की शपथ लेते हुए वृक्षारोपण, जल संरक्षण और प्लास्टिक मुक्त जीवनशैली अपनाने का संकल्प लिया। इस अवसर पर डॉ. सुनीता दलाल, प्रो. अनीता भटनागर, प्रो. नीलम ढांडा, डॉ. मीनाक्षी सुहाग तथा मैडम सुनीता सिवाच ने विद्यार्थियों के साथ पर्यावरणीय चुनौतियों और उनके समाधान पर विचार साझा किए। उन्होंने विद्यार्थियों को अधिक से अधिक पौधे लगाने, जल के विवेकपूर्ण उपयोग तथा प्रकृति के प्रति जिम्मेदार व्यवहार अपनाने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भागीदारी करते हुए पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की। यह आयोजन विद्यार्थियों में पर्यावरणीय चेतना, सामाजिक उत्तरदायित्व और प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता विकसित करने की दिशा में एक सराहनीय पहल साबित हुआ।
05/06/2026
यूआईईटी के दो विद्यार्थियों को टू व्हीलर हीरो मोटो कोप में हुआ चयन
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रोफेसर सोमनाथ सचदेवा मार्गदर्शन में यूआईईटी संस्थान के मैकेनिकल विभाग के दो विद्यार्थियों का चयन टू व्हीलर्स हीरो मोटो कोप इंडिया प्राइवेट लिमिटेड नीम राणा प्लांट में हुआ है। इस अक्सर पर कुलगुरु प्रोफेसर सोमनाथ सचदेवा ने चयनित विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा कि यूआईईटी के विद्यार्थियों की यह उपलब्धि विश्वविद्यालय की गुणवत्तापूर्ण तकनीकी शिक्षा और उद्योगोन्मुखी प्रशिक्षण का परिणाम है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय विद्यार्थियों को रोजगारपरक एवं व्यावहारिक शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत है, जिससे उन्हें राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बेहतर अवसर प्राप्त हो रहे हैं।
संस्थान के निदेशक प्रो. सुनील ढींगरा ने कहा कि कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा के कुशल नेतृत्व में यूआईईटी प्रशिक्षण एवं प्लेसमेंट के क्षेत्र में लगातार प्रगति कर रहा है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 को जमीनी स्तर पर लागू किए जाने के बाद विद्यार्थियों को तकनीकी एवं व्यावहारिक शिक्षा का सीधा लाभ मिल रहा है। उन्होंने बताया कि चयनित विद्यार्थियों में मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के रत्नेश व रजनिश भारद्वाज टू व्हीलर्स हीरो मोटो कोप इंडिया प्राइवेट लिमिटेड नीम राणा प्लांट में हुआ है जो हमारे लिए बड़ी हर्ष की बात है दोनों ही छात्र बिहार से संबंध रखते हैं।
कुलसचिव प्रो. वीरेन्द्र पाल तथा ट्रेनिंग और प्लेसमेंट अधिकारी डॉ. सुनील ढींगरा ने भी विद्यार्थियों के चयन पर प्रसन्नता प्रकट की। इस अवसर पर डॉ. राजेश अग्निहोत्री डॉ. पवन दिवान, डॉ. प्रणय जैन, अधीक्षक दीपक शर्मा, हरिकेश पपोसा, विशाल मौजूद रहे !
05/06/2026
कुवि में एम.एससी. जियोफिजिक्स में प्रवेश के लिए आवेदन आमंत्रित
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा के मार्गदर्शन में भूभौतिकी (जियोफिजिक्स) विभाग ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए दो वर्षीय एम.एससी. जियोफिजिक्स पाठ्यक्रम में प्रवेश हेतु आवेदन आमंत्रित किए हैं। विभागाध्यक्ष वरिष्ठ प्रोफेसर डॉ. बी.एस. चौधरी ने बताया कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी-2020) के अनुरूप यह कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है। पाठ्यक्रम में कुल 25 सीटें उपलब्ध हैं तथा आनलाईन आवेदन करने की अंतिम तिथि 15 जून 2026 निर्धारित की गई है।
विभागाध्यक्ष प्रो. बीएस चौधरी ने बताया कि भूभौतिकी विभाग वर्ष 1985 से एम.एससी. (टेक) एप्लाइड जियोफिजिक्स कार्यक्रम संचालित करता आ रहा है और शिक्षण, अनुसंधान तथा व्यावसायिक प्रशिक्षण के क्षेत्र में अपनी विशिष्ट पहचान बना चुका है। विभाग ने भूकंपीय जोखिम, हाइड्रोकार्बन अन्वेषण, टेक्टोनिक्स, खनिज एवं भूजल संसाधन, पर्यावरणीय भूभौतिकी तथा जियोडायनेमिक्स जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में उल्लेखनीय शोध कार्य किए हैं। डॉ. चौधरी ने बताया कि विभाग के शिक्षकों को यूनेस्को अवार्ड, डीएएडी एवं कॉमनवेल्थ फैलोशिप, आईएनएसए फैलोशिप, यंग साइंटिस्ट अवार्ड तथा बेस्ट रिसर्चर अवार्ड जैसे राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय सम्मान प्राप्त हुए हैं। विभाग ने अनुसंधान एवं अधोसंरचना विकास के लिए बड़े अनुदान भी प्राप्त किए हैं, जिनमें डीएसटी-फिस्ट कार्यक्रम के अंतर्गत 2.5 करोड़ रुपये तथा भारत सरकार द्वारा स्थापित 2.54 करोड़ रुपये की लागत वाली राष्ट्रीय थर्माेक्रोनोलॉजी सुविधा प्रमुख हैं।
विभाग में अत्याधुनिक प्रयोगशालाएं एवं आधुनिक उपकरण उपलब्ध हैं, जिनमें ब्रॉडबैंड सिस्मोलॉजिकल ऑब्जर्वेटरी, इंजीनियरिंग सिस्मोग्राफ, रेजिस्टिविटी इमेजिंग सिस्टम, ग्रैविटी मीटर, मैग्नेटोमीटर, उन्नत माइक्रोस्कोप तथा जियोफिजिकल प्रोसेसिंग लैब शामिल हैं। विद्यार्थियों को मैटलैब, एआरसीजीआईएस, ईआरडीएएस इमेजिन, जियोपीएसवाए जैसे आधुनिक सॉफ्टवेयर पर प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है।
विभागाध्यक्ष प्रो. बीएस चौधरी ने बताया कि एप्लाइड जियोफिजिक्स के विद्यार्थियों के लिए सरकारी, सार्वजनिक उपक्रमों, अनुसंधान संस्थानों तथा निजी क्षेत्र में व्यापक रोजगार संभावनाएं हैं। ओएनजीसी, ऑयल इंडिया लिमिटेड, मिनरल एक्सप्लोरेशन एंड कंसल्टेंसी लिमिटेड, हिंदुस्तान जिंक लिमिटेड सहित अनेक संस्थानों में भूभौतिकी विशेषज्ञों की मांग बनी रहती है। इसके अतिरिक्त भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो), राष्ट्रीय भूभौतिकीय अनुसंधान संस्थान, राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र, वाडिया हिमालय भूविज्ञान संस्थान तथा अन्य प्रतिष्ठित संस्थानों में भी शोध एवं करियर के अवसर उपलब्ध हैं।
लोक सम्पर्क विभाग के निदेशक प्रो. महासिंह पूनिया ने बताया कि विभाग के विद्यार्थियों को नियमित रूप से राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के अवसर मिलते हैं। विशेष रूप से, लगभग प्रत्येक वर्ष विभाग के दो विद्यार्थियों को सोसाइटी ऑफ एक्सप्लोरेशन जियोफिजिसिस्ट्स के सहयोग से अमेरिका में आयोजित वार्षिक सम्मेलन में भाग लेने के लिए छात्रवृत्ति या प्रायोजन प्राप्त होता है।
उन्होंने बताया कि विभाग का प्लेसमेंट रिकॉर्ड भी अत्यंत उत्कृष्ट रहा है तथा पिछले एक दशक में 85 प्रतिशत से अधिक विद्यार्थियों को प्रतिष्ठित सार्वजनिक उपक्रमों, शोध संस्थानों एवं निजी कंपनियों में रोजगार प्राप्त हुआ है। उन्होंने बताया कि ऑनलाइन एडमिशन से सम्बन्धित जानकारी के लिए विद्यार्थी कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय की वेबसाइट से जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।
05/06/2026
महिला स्टार्टअप अभियान से होगा सशक्त भारत का सपना साकारः प्रो. सोमनाथ सचदेवा
कुवि में सक्षम नारी स्टार्टअप अभियान का कुलगुरु ने किया शुभारंभ, महिला उद्यमिता को मिलेगा नया मंच
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय प्रौद्योगिकी इनक्यूबेशन सेंटर (कुटिक) द्वारा शुक्रवार को विश्वविद्यालय के कमेटी रूम में आयोजित कार्यक्रम में ‘केयूके सशक्त नारी स्टार्टअप अभियान’ का औपचारिक शुभारंभ कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा द्वारा किया गया।
इस अवसर पर नवगठित प्रोजेक्ट एक्शन ग्रुप (पीएजी) के सदस्यों का परिचय कराया गया। कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा ने केयूके सशक्त नारी स्टार्टअप अभियान’ के आधिकारिक बैनर का अनावरण करते हुए महिला स्टार्टअप्स एवं उद्यमियों के लिए विशेष पहल की शुरुआत की गई।
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा ने कहा कि महिलाओं की उद्यमिता में बढ़ती भागीदारी देश की आर्थिक और सामाजिक प्रगति का एक महत्वपूर्ण आधार बन चुकी है। आज महिलाएं केवल रोजगार प्राप्त करने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि नवाचार, उद्योग और स्टार्टअप के क्षेत्र में भी अपनी सशक्त पहचान स्थापित कर रही हैं। उन्होंने कहा कि आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में महिला उद्यमियों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है और उन्हें प्रोत्साहित करने के लिए शैक्षणिक संस्थानों की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है।
कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा ने कहा कि 5 मई को मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने ‘सशक्त नारी, सशक्त समाज, सशक्त राष्ट्र’ सेमिनार में महिला उद्यमियों को प्रोत्साहित करने पर विशेष बल दिया था। उनके इसी विज़न को साकार करते हुए कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय ने मात्र एक माह के भीतर ही केयूटीआईसी (ज्ञन्ज्प्ब्) सेंटर के माध्यम से ‘सशक्त नारी स्टार्टअप अभियान’ की शुरुआत कर दी है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना तथा उन्हें सफल उद्यमी के रूप में स्थापित करना है। इसके तहत महिला उद्यमियों को उनके व्यवसाय को संगठित स्वरूप प्रदान करने, निजी लिमिटेड कंपनी के रूप में विकसित करने तथा व्यवसाय को नई ऊँचाइयों तक पहुंचाने के लिए आवश्यक मार्गदर्शन, प्रशिक्षण और सहयोग उपलब्ध कराया जाएगा। यह पहल महिलाओं के नवाचार, आत्मनिर्भरता और उद्यमिता को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
प्रो. सचदेवा ने कहा कि कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय नवाचार, अनुसंधान तथा स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयासरत है। विश्वविद्यालय विद्यार्थियों, शोधार्थियों और युवा उद्यमियों को अपने नवाचारी विचारों को व्यवहारिक स्वरूप देने के लिए आवश्यक संसाधन, प्रशिक्षण और मार्गदर्शन उपलब्ध करा रहा है। उन्होंने कहा कि महिला-केंद्रित उद्यमिता अभियानों के माध्यम से महिलाओं को व्यवसाय शुरू करने, उसे विकसित करने तथा बाजार से जोड़ने के अवसर प्राप्त होंगे। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह अभियान महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के साथ-साथ उन्हें अपने विचारों को सफल व्यवसाय में परिवर्तित करने की दिशा में प्रेरित करेगा। इससे न केवल महिला सशक्तिकरण को नई गति मिलेगी, बल्कि रोजगार सृजन, नवाचार और क्षेत्रीय आर्थिक विकास को भी बढ़ावा मिलेगा।
कुटिक के समन्वयक लेफ्टिनेंट (डॉ.) अजय जांगड़ा ने अभियान की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए बताया कि महिला उद्यमी उद्योग उसी को माना जाएगा जिसमें कि कम से कम 51 प्रतिशत हिस्सेदारी किसी महिला की हो। नारी सशक्तिकरण स्टार्टअप अभियान में कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय की छात्राओं, भूतपूर्व छात्राओं, हरियाणा की महिलाओं व ऐसे एन्टरप्रेन्योर/बिजनेस जिसमें 51 प्रतिशत से अधिक हिस्सेदारी किसी महिला की हो ऐसे उद्यमों को महिला उद्यमी की श्रेणी में रखा जाएगा। उन्होंने बताया कि केयूके सक्षम नारी स्टार्टअप अभियान में पंजीकरण के लिए 5 जून से 20 जून तक वेबसाइट www.kutic.in पर जाकर आवेदन कर सकते हैं। शार्ट लिस्टिड महिला उद्यमियों को 15 दिन का विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। इंडस्ट्री एक्सपर्ट, एन्टरप्रेन्योर और बैंकिंग एक्सपर्ट प्रशिक्षण के बाद महिला उद्यमियों का आंकलन करेंगे। सफल उद्यमियों को विश्वविद्यालय की ओर से 5000 से लेकर 25 लाख रूपये तक की राशि अपना उद्योग स्थापित करने के लिए मुहैया करवाई जाएगी। सभी सफल उद्यमियों की प्राईवेट लिमिटेड कम्पनी स्थापित करने के लिए जो भी खर्चा आएगा वो विश्वविद्यालय द्वारा वहन किया जाएगा। विश्वविद्यालय की यह पहल सशक्त नारी, सशक्त समाज, सशक्त राष्ट्र के निर्माण में अहम् भूमिका निभाएगी।
इस अवसर पर प्रो. प्रदीप मित्तल, प्रो. प्रदीप कुमार, प्रो. अनिता दुआ, प्रो. वनिता ढींगरा, डॉ. विनीता भांकर डॉ. सोहन लाल, डॉ. प्रियंका जांगड़ा, डॉ. विनय, डॉ. भंवर सिंह, अशोक कुमार, मनोज मौजूद रहे।