06/05/2026
“हर Parent को ये पढ़ना चाहिए… क्योंकि Teacher सिर्फ नौकरी नहीं करता, कई ज़िंदगियाँ संभालता है।”
कुछ लोग सोचते हैं कि मास्टर जी बस पढ़ाकर चले जाते हैं…
लेकिन सच ये है कि एक शिक्षक रोज़ दर्जनों बच्चों के स्वभाव, गुस्से, शरारत, कमजोरी, डर और सपनों को संभालता है।
जहाँ माता-पिता कभी-कभी एक बच्चे से परेशान हो जाते हैं…
वहीं एक शिक्षक 40-50 बच्चों को एक साथ दिशा देता है।
कोई बच्चा तेज होता है…
कोई बार-बार पूछता है…
कोई ध्यान नहीं देता…
कोई घर की परेशानी लेकर आता है…
और कोई सिर्फ प्यार चाहता है।
फिर भी Teacher हर बच्चे को बराबर समय देने की कोशिश करता है।
घर में बच्चा बात न माने तो कहा जाता है —
“सर, ज़रा डराइए इसे…”
लेकिन जब Teacher अनुशासन सिखाए,
तो सबसे पहले उसी पर सवाल उठते हैं।
सच कड़वा है —
समाज रिजल्ट चाहता है…
पर Teacher को सम्मान देने में कंजूसी करता है।
याद रखिए —
डॉक्टर शरीर ठीक करता है,
इंजीनियर इमारत बनाता है,
लेकिन Teacher इंसान बनाता है।
अगर आज आपका बच्चा कुछ सीख रहा है,
तो उसके पीछे किसी शिक्षक की नींद, धैर्य, मेहनत और सहनशीलता लगी है।
हर Parents से बस एक विनती है —
Teacher को सिर्फ कर्मचारी मत समझिए…
वो आपके बच्चे के भविष्य का भागीदार है।
जिस दिन समाज Teacher की इज़्ज़त करना सीख जाएगा,
उस दिन बच्चे और देश दोनों बदल जाएंगे।
जो गुरु की कीमत नहीं समझते…
वो अक्सर शिक्षा की असली ताकत भी नहीं समझते।
सम्मान दीजिए… सहयोग दीजिए… शिकायत से पहले सोचिए।
M.U.S.S.L.M.V.Nebuiya Ghughuli , Maharajganj