प्रज्ञा विद्या मंदिर

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प्रज्ञा विद्या मंदिर खुद बनकर दुनिया को बदलो।

19/03/2026

चैत्र नवरात्रि के पावन प्रथम दिवस की आप सभी को हार्दिक शुभकामनाएं!

माँ शैलपुत्री जी की असीम कृपा आप सभी पर बनी रहे।
माँ से प्रार्थना है कि आपके जीवन में सुख, शांति, समृद्धि और उत्तम स्वास्थ्य का वास हो।

नवरात्रि का यह पावन पर्व आपके जीवन में नई ऊर्जा, नई आशा और नए अवसर लेकर आए।

जय माता दी! 🚩

🏵      धनतेरस🙎‍♀️      रुपचतुर्दशी🪔      शुभ दीपावली🧆      अन्नकूट एवं👫      भाईदूज पांच दिवसीय दीपमालिका उत्सव की आपको ...
19/10/2025

🏵 धनतेरस
🙎‍♀️ रुपचतुर्दशी
🪔 शुभ दीपावली
🧆 अन्नकूट एवं
👫 भाईदूज

पांच दिवसीय दीपमालिका उत्सव की आपको व आपके परिवार को हार्दिक शुभकामनाएं। यह पर्व आपके जीवन में खुशहाली लेकर आए।

*📜 08 अक्टूबर 📜**🌹 महान साहित्यकार मुंशी प्रेमचंद // पुण्यतिथि 🌹*जन्म : 31 जुलाई 1880मृत्यु : 08 अक्टूबर 1936बनारस के एक...
08/10/2025

*📜 08 अक्टूबर 📜*

*🌹 महान साहित्यकार मुंशी प्रेमचंद // पुण्यतिथि 🌹*

जन्म : 31 जुलाई 1880
मृत्यु : 08 अक्टूबर 1936

बनारस के एक छोटे से गांव लमही में 31 जुलाई 1880 को मुंशी प्रेमचंद का जन्म एक सामान्य से परिवार में हुआ था। मुंशी प्रेमचंद 7 वर्ष के थे तो एक गंभीर बीमारी के चलते इनकी माता का देहांत हो गया और इस प्रकार इनके संघर्षपूर्ण जीवन की शुरुआत हुई। इनकी माता की मृत्यु के उपरांत इनके पिता ने दूसरा विवाह किया परंतु सौतेली माता ने इन्हें कभी पूर्ण रूप से नहीं अपनाया।

मुंशी प्रेमचंद का विवाह पिता के दबाव के चलते 15 वर्ष की कम आयु में हो गया था। इनके पिता ने इनका विवाह इनके मर्जी के खिलाफ एक ऐसी कन्या से किया जो इन्हें पसंद नहीं थी। इसके साथ ही इनकी पत्नी का व्यवहार इनके प्रति हमेशा झगड़ालू रहा।

इनके पिता अजायब राय की मृत्यु के पश्चात् परिवार की पूरी जिम्मेदारी मुंशी प्रेमचंद के ऊपर आ गई और इसी बीच इन्होंने अपनी पत्नी को तलाक दे दिया और कुछ समय गुजरने के बाद इन्होंने अपनी पसंद से सन् 1906 में लगभग 25 वर्ष की उम्र में एक विधवा स्त्री शिवरानी देवी से विवाह किया एवं एक सुखी वैवाहिक जीवन की शुरुआत की।

उपन्यास लिखने की उनकी शैली राजाओं और रानियों की काल्पनिक कहानियों के रूप में शुरू हुई। लेकिन जैसे-जैसे वे अपने आस-पास हो रही घटनाओं के प्रति अधिक जागरूक होते गए। उन्होंने सामाजिक समस्याओं पर लिखना शुरू किया और उनके उपन्यासों ने सामाजिक चेतना और जिम्मेदारी की भावना को जगाने का काम किया था। उन्होंने जीवन की वास्तविकताओं और एक अशांत समाज में आम आदमी द्वारा सामना की जाने वाली विभिन्न समस्याओं के बारे में बहुत ही वेबाकी से लिखा।

हिन्दी विश्व की सबसे समृद्ध भाषाओं में से एक है जिस प्रकार से गहने तथा आभूषण एक स्त्री के सौंदर्य में वृद्धि कर देते हैं उसी प्रकार हिन्दी को सुंदर सरल एवं हृदय की गहराइयों में ले जाने का काम हिन्दी साहित्य के महान कवियों और साहित्यकारों ने किया है। हिन्दी के ऐसे ही एक महान साहित्यकार मुंशी प्रेमचंद थे जिन्होंने हिन्दी साहित्य में अपनी अमिट छाप छोड़ी।

यह अत्यंत दुखद है कि इस तरह की क्षमता और दृष्टि के लेखक को अपने जीवन काल वैसी सराहना और तवज्जो नहीं मिली जिसके वे हकदार थे। उन्हें जीवित रहते हुए वास्तव में सराहा नहीं गया था। उन्हें आर्थिक रूप से बहुत बुरा समय देखना पड़ा। उन्होंने जीवन भर आर्थिक रूप से संघर्ष किया और पूरी तरह से गरीबी और दिन-प्रतिदिन सकल वित्तीय संकट में रहे। वह स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से भी पीड़ित थे।

वे जीवन के अंत तक लिखते रहे। जब उनकी मृत्यु हुई तो वे वास्तव में मंगलसूत्र नामक इस उपन्यास को लिखने के बीच में थे, जो आज तक अधूरा है। भारत के इस महान साहित्यकार ने 8 अक्टूबर 1936 को अंतिम सांस ली और वे हिन्दी साहित्य में अमर हो गए।

*📜 08 अक्टूबर 📜**✈️ भारतीय वायुसेना दिवस (Indian Air Force Day) ✈️*आज से 93 वर्ष पहले 08 अक्टूबर 1932 यानी आज ही के दिन ...
08/10/2025

*📜 08 अक्टूबर 📜*

*✈️ भारतीय वायुसेना दिवस (Indian Air Force Day) ✈️*

आज से 93 वर्ष पहले 08 अक्टूबर 1932 यानी आज ही के दिन भारतीय वायुसेना दिवस की स्थापना हुई थी। भारतीय वायुसेना बल, वीरता और पराक्रम का प्रतीक है। यह भारतीय सशस्त्र सेना का एक अंग है जो वायु युद्ध, वायु सुरक्षा और वायु चौकसी जैसे महत्वपूर्ण काम देश के लिए करती है। वायुसेना दिवस पर भारतीय वायु सैनिकों की बहादुरी, शौर्य और पराक्रम के लिए उन्हें सलाम करती है।

भारतीय वायुसेना की स्थापना आठ अक्टूबर 1932 को हुई थी। इसे 1950 में पूर्ण गणतंत्र घोषित होने से पहले 'रॉयल इंडियन एयरफोर्स' के नाम से जाना जाता था। इसने 1945 के द्वितीय विश्वयुद्ध में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

1950 में आजादी यानी पूर्ण गणतंत्र घोषित होने के बाद इसमें से 'रॉयल' शब्द हटाकर उसे सिर्फ इंडियन एयर फोर्स (Indian Air Force) कर दिया गया। आसमान के इन प्रहरियों को इस दिन वायु सेना के नायकों और उनके परिवारों का अभिवादन करके उन्हें प्रोत्साहित किया जाता है।

दुनियाभर में सिर्फ अमेरिका, चीन और रूस के पास भारत से बड़ी वायुसेना मौजूद है। भारतीय वायुसेना दुनिया की चौथी सबसे बड़ी वायुसेना है। भारतीय वायुसेना कई ऐसे लड़ाकू विमान हैं जो इसे दुनिया की चौथी सबसे बड़ी वायुसेना होने का दर्जा दिलाती हैं।

वर्तमान युग में युद्ध की स्थिति में सबसे अधिक महत्व वायुसेना का होता है, इसलिए सेना के इस अंग का सबसे मजबूत होना अति आवश्यक है।

वन्दे वाञ्छितलाभाय चन्द्रार्धकृतशेखराम्।वृषारूढां शूलधरां शैलपुत्रीं यशस्विनीम्॥जगद्धात्री माँ भगवती की उपासना के पावन प...
22/09/2025

वन्दे वाञ्छितलाभाय चन्द्रार्धकृतशेखराम्।
वृषारूढां शूलधरां शैलपुत्रीं यशस्विनीम्॥

जगद्धात्री माँ भगवती की उपासना के पावन पर्व 'शारदीय नवरात्रि' के प्रथम दिवस पर माँ शैलपुत्री से प्रार्थना है कि सभी के जीवन में संयम, साहस और संकल्प का बीज अंकुरित हो। माँ की कृपा से अखिल विश्व सुख, शांति और समृद्धि की किरणों से आलोकित हो।

जय माँ शैलपुत्री!

"शक्ति, भक्ति और विश्वास का प्रतीक है बड़ा मंगल। हनुमान जी की कृपा से आपके जीवन में हर संकट दूर हो और खुशियों की वर्षा ह...
02/09/2025

"शक्ति, भक्ति और विश्वास का प्रतीक है बड़ा मंगल। हनुमान जी की कृपा से आपके जीवन में हर संकट दूर हो और खुशियों की वर्षा हो।"

''गणेश चतुर्थी'' के पावन अवसर पर हार्दिक शुभकामनाएं।भगवान श्री गणेश बुद्धि और समृद्धि के आराध्य देवता हैं। मैं गणेश जी स...
27/08/2025

''गणेश चतुर्थी'' के पावन अवसर पर हार्दिक शुभकामनाएं।
भगवान श्री गणेश बुद्धि और समृद्धि के आराध्य देवता हैं। मैं गणेश जी से सभी के लिए सुख-समृद्धि की कामना करता हूँ।

आपको हरियाली तीज की हार्दिक शुभकामनाएं🦚
26/08/2025

आपको हरियाली तीज की हार्दिक शुभकामनाएं🦚

कृष्णाय वासुदेवाय देवकीनन्दनाय च।नन्दगोपकुमाराय गोविन्दाय नमो नम:।पावन पर्व 'श्रीकृष्ण जन्माष्टमी' की श्रद्धालुओं एवं प्...
16/08/2025

कृष्णाय वासुदेवाय देवकीनन्दनाय च।
नन्दगोपकुमाराय गोविन्दाय नमो नम:।

पावन पर्व 'श्रीकृष्ण जन्माष्टमी' की श्रद्धालुओं एवं प्रदेश वासियों को हार्दिक बधाई व शुभकामनाएं.

दिनांक 15 अगस्त को हमारे विद्यालय प्रज्ञा विद्या मंदिर में आजादी का पर्व स्वतंत्रता दिवस को बहुत ही धूमधाम से मनाया गया ...
16/08/2025

दिनांक 15 अगस्त को हमारे विद्यालय प्रज्ञा विद्या मंदिर में आजादी का पर्व स्वतंत्रता दिवस को बहुत ही धूमधाम से मनाया गया ।।
मुख्य अतिथि के रूप में हमारे आदरणीय सरस बाजपेयी जी (प्रेस क्लब अध्यक्ष) का रहना हुआ ।।
वतन पर मर मिटने का जज़्बा दिल में रखो, तिरंगे को ऊंचा रखो। आओ इस आज़ादी का जश्न मिलकर मनाएं, तिरंगे को दिल से अपनाएं। स्वतंत्रता दिवस 2025 मुबारक – चलो आज देशभक्ति के रंग में रंग जाएं। तिरंगे के तीन रंग – शौर्य, शांति और समर्पण – यही है हमारा भारत।

🇮🇳🇮🇳आप सभी को सपरिवार 79वें स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई 🇮🇳🇮🇳जय हिंद 💐 जय भारत
15/08/2025

🇮🇳🇮🇳आप सभी को सपरिवार 79वें स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई 🇮🇳🇮🇳
जय हिंद 💐 जय भारत

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