24/04/2025
Casual stroll in the campus after 8 years and it's great to see that slowly and steadily things are changing for good.
(Specially the crap canteen)
Page is a simple step towards making college news easily accesible to the students. As well As infor
24/04/2025
Casual stroll in the campus after 8 years and it's great to see that slowly and steadily things are changing for good.
(Specially the crap canteen)
Would be glad to know from juniors the current scenario at MBM.
How is MBM coping up in new era of study from home.
And has the scrapping up of VP elections proven beneficial to irradiate university involvement or it has increased.
Shout-out to all our seniors as well from 2016 batch and onwards. I hope you all are well.
27/08/2019
आरंभ है प्रचंड
24/07/2019
Addition to the elegant culture.
21/07/2019
A brilliant post by one of our seniors. Do have a look.
mbm
सूरत में जो हुआ वो शायद चुनाव की चकाचौंध में घुम जाएगा ।
शायद जो मरे हें या सही शब्दों में मार दिए गए उनकी जिम्मेदारी कोई भी नहीं लेगा।
अब बस माता पिताओ के पास लाश और फोटो बचेंगी और सब मानेंगे यह एक दुखद हादसा था।
पर यह हादसा नहीं था। यह कत्ल था।
इस कत्ल की प्लैनिंग 1947 में शुरू होगई थी। गरीब लाचार भोले लोगों के शोषण व आत्मदाह की प्लैनिंग।
एक जगह प्लौट कटे वहा आपके और हमारे पुरखों के चुने नेताजी शुषाशन और समृद्धि लाने वाले थे।
और बदले में मिली मौत।
जहां भूकंप से सुरक्षा जरूरी थी वहा नियम लागू किए गए या नहीं कोई नहीं था देखने वाला, तब भूकंप आने पर हम मरे।
जहां मेटल डिटेक्टर अनिवार्य होना था, वहा कोई नहीं था देखने वाला तब हम हमलों बम धमाकों में मरे।
कहीं बीच रोड एक्सीडेंट बाद एंबुलेंस ना होने पर लोग मरे।
कहीं बिजली के झूलते तार, जिनको देखने वाला कोई नहीं था ,उनसे झटके खाकर मरे।
कहीं रोड पर बने गहरे गढ्ढे में छोटे छोटे मासूम मरे जिन गढ़ों को देखना किसी का काम था।
कहीं ब्रिज गिरे कही बस ने मारा कही आग लगी कहीं गैस हमारे छाती में ठूंस दी गई और हम तड़प तड़प के मरे।
ज़्यादा तो छोड़िए जनाब कभी कभी तो हमारी मलहम पट्टी करवाने गए अस्पताल में डाक्टर नहीं दिया गया हम में से अधिकांश मरे।
जो बचे वो बचे कोर्ट के चक्कर काटने और भत्ता लेने हमारे मासूम बच्चों की लाश के बदले।
70 सालों में कितने ही कत्ल हुए पर हम इस व्यवस्था नाम के कातिल को पकड़ ही नहीं पाए। इस कातिल ने हमारे बच्चे बूढ़े जवान किसी को नहीं छोड़ा। शायद पुलिस की मिली भगत थी।
आज का दिन कल का दिन व आने वाले हर दिन याद रखिए आपको और हमको मारने वाला हमारी व्यवस्था है, इस व्यवस्था के मालिकाना हक जिनके ऊपर है उन्हें जिम्मेदारी लेनी होगी जो कभी नहीं ली गई।
भोपाल गैस काण्ड सब भूल गए, भूकंप,तूफान में आवश्यक कदम ना उठाए गए वो सब भूल गए। दंगों में पुलिस समर्थक बनी सब भूल गए। हमारे भाइयों को धर्म के नाम पर सड़कों पर जलाकर मारा सब भूल ही तो गए। हमारी चूक के कारण दुश्मन घुसकर हमको बम से उड़ा गए भूल ही तो गए साहब।
घाव सूखने नहीं चाहिए तभी नए घाव नहीं होंगे मलहम लगाने। व्यवस्था के खिलाफ आवाज़ उठाएं। भारत यदि सत्य ही युवाओं का देश है तो व्यवस्था परिवर्तन अच्छे के लिए करना हमारा धर्म है ।
कत्ल रोकिए और हां याद राखिए कुछ भूलिएगा मत
जय भारत।
https://m.facebook.com/INNOVARIOUS/
Innovarious Annual fest of MBM Engineering College
22/08/2017
अभी अभी सूत्रो के हवाले खबर आई हैं, की राजनेताओ ने फिर से गिरगिट की तरह रंग बदला हैं । nsui ने फिर से अपना अध्यक्ष प्रत्याशी का नाम बदल दिया हैं, कितना आसान हैं पेपर पर नाम काटना और लिखना । ऐसा लगता हैं किसी न किसी का तो बुरा वाला कट रहा हैं । और अगर कल फिर से कोई नया नाम आ जाए तो कोई बड़ी बात नहीं होगी क्योकि हमें तो आदत सी हैं ।
वही दूसरी और abvp के प्रत्याशी के ऊपर भी बादल काले ही छाये हुए हैं, क्योकि तीसरे छोर से sfi ने भी मोर्चा खोल लिया हैं । अध्यक्ष प्रत्याशी से ज़्यादा चिंता तो उन्हें बनाने वालो जो कि खुदको kingmaker कहलाते उनहे हैं क्योकि nsui के हर बदलते रंग से तीनो खेमो में बवाल मच रहा हैं । एक पल के abvp की ख़ुशी दूसरे पल में मायूसी और तीसरे पल में sfi के टिकट के बाद भारी तनाव ।
खैर हमारी तो इतनी ही दुआ हैं की इन सभी की रात्रि मंगलमय हो । Jnvu का हास्यपद चुनाव पहले नियमों का खेल अब टिकटों का मेल।।😁😁😁😁😁
Exam postpone se hme chiye azadi...
Valentine week ke chutiyapa se hme chiye azadi azadi...
Azadi azadi hme chiye azadi...
Gande mess ke khane se hme chiye azadi azadi azadi....
Chomu panti se bhare chunavo se hamen chahiye azaadi..
Badhte cigarette ke damo se hme chiye azadi azadi...
Ghut ghut kar lenge azadi ..
Ese hi markar lenge azaadi..
Qki hota apne se kuch hai nahi ..
Par hamen chahiye azaadi ..
received In messages from a student
Javed Akhtar calls Sehwag almost an illiterate when he speaks witty over the Kaur issue and has more followers than Akhtar himself.
If literacy can make you dumb then thank god atleast Yogeshwar Dutt, Virendra Sehwag, Babita phogat and all people against anti nationalism are illiterate..
likhkar yahi krte h toh anpdh sahi
Mbm logic ..
Sheet bhardi toh pass ho jaenge ... 😂😂
मुल्लायम और अखिलेश के बीच तलाक़ और दोबारा निकाह के बीच............
........हलाल बेचारे अमर सिंह और शिवपाल हो गये।