05/10/2025
नॉर्वे में इलेक्ट्रिक वाहनों (EVs) के लिए सरकार ने कई प्रोत्साहन और टैक्स छूट नीतियाँ लागू की हैं, जिससे यह देश दुनिया में सबसे ज्यादा इलेक्ट्रिक वाहन चलाने वाला बन गया है।नॉर्वे के इलेक्ट्रिक वाहन टैक्स नियम और प्रोत्साहननॉर्वे ने 2001 से इलेक्ट्रिक वाहनों को 25% मूल्य वर्धित कर (VAT) से छूट दी थी। 2023 से यह छूट केवल इलेक्ट्रिक वाहन के पहले 5 लाख नॉर्वेजियन क्रोनर (लगभग 40 लाख रुपये) तक की कीमत पर लागू होती है, इसके ऊपर 25% VAT देना होता है।नॉर्वे में इलेक्ट्रिक वाहनों पर कोई इंपोर्ट टैक्स नहीं है, जिससे विदेशी इलेक्ट्रिक कारों की खरीदना स्थानीय लोगों के लिए सस्ता हो गया है।इलेक्ट्रिक वाहन मालिकों को कई तरह की सुविधाएँ दी जाती हैं जैसे फ्री म्युनिसिपल पार्किंग, बस लेन का इस्तेमाल करना, टोल रोड शुल्क से छूट आदि।सरकार ने देश भर में इलेक्ट्रिक वाहन चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर का विस्तार किया है, जिससे वाहन चालकों के लिए चार्जिंग सुविधा सुलभ हो गई है। ओस्लो में अकेले 2,000 से अधिक चार्जिंग स्टेशन मौजूद हैं।नॉर्वे ने 2025 तक सभी नई कारों को शून्य-उत्सर्जन वाला (इलेक्ट्रिक या हाइड्रोजन) बनाने का लक्ष्य रखा है और इसी के लिए नियम और प्रोत्साहन लगातार बढ़ा रहा है।इलेक्ट्रिक वाहन अनुपातनॉर्वे की सड़कों पर चलने वाली 70% से अधिक कारें इलेक्ट्रिक हैं। कार रजिस्ट्रेशन डेटा के अनुसार, इलेक्ट्रिक वाहनों की संख्या पारंपरिक पेट्रोल और डीजल कारों से भी अधिक हो चुकी है।इस सफलता की वजह है सरकार की ठोस नीतियाँ, टैक्स में छूट, और जागरूक जनता का समर्थन।इन नीतियों ने नॉर्वे को विश्व में इलेक्ट्रिक वाहनों के क्षेत्र में सबसे आगे रख दिया है, जो पर्यावरण संरक्षण में भी बड़ा योगदान है।
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