08/11/2025
संत शिरोमणि गुरु घासीदास महाविद्यालय, पामगढ़ में मनाया गया राज्योत्सव
संत शिरोमणि गुरु घासीदास महाविद्यालय, पामगढ़ में छत्तीसगढ़ राज्य के गौरवशाली 25 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में राज्योत्सव (स्थापना दिवस) हर्षोल्लासपूर्वक मनाया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि संस्था की संचालक श्रीमती शकुंतला डॉ. राजाराम बनर्जी थीं।
विशिष्ट अतिथियों के रूप में श्रीमती उषा दिब्य (सचिव), श्रीमती नमिता जीत राय (कोषाध्यक्ष), श्री कमल जीत राय (संचालक सदस्य), श्री दिलीप कुमार सुमन (विद्यालय प्राचार्य) तथा श्रीमती रम्भा मनहर अनंत (के.पी.एस. प्राचार्य) उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्रभारी प्राचार्य श्री सुरेन्द्र भार्गव ने की।
कार्यक्रम का शुभारंभ छत्तीसगढ़ महतारी के तैलचित्र पर दीप प्रज्वलन एवं पुष्प अर्पण के पश्चात राज्य गीत ‘अरपा पैरी के धार’ के साथ किया गया।
मुख्य अतिथि श्रीमती शकुंतला बनर्जी ने छत्तीसगढ़ राज्य के रजत जयंती वर्ष पर सभी छात्रों को हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए कहा कि “धान का कटोरा” कहलाने वाला हमारा छत्तीसगढ़ अपनी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, प्राकृतिक सौंदर्य और खनिज संपदा के लिए प्रसिद्ध है। इन 25 वर्षों में छत्तीसगढ़ ने कृषि, शिक्षा, उद्योग तथा सामाजिक न्याय के क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति की है। उन्होंने कहा कि हमें अपनी अनूठी आदिवासी कला, हस्तशिल्प एवं जीवंत संस्कृति पर गर्व है।
श्रीमती उषा दिब्य ने अपने आशीर्वचन में कहा कि हमें अपने राज्य की लोककला, संस्कृति, खान-पान और रहन-सहन को समृद्ध बनाते हुए उन्हें अपने दैनिक जीवन में आत्मसात करना चाहिए।
श्रीमती नमिता जीत राय ने गीत के माध्यम से संदेश दिया कि हमें छत्तीसगढ़ी भाषा और भाखा पर गर्व होना चाहिए। हम सब मिलकर एक विकसित और समृद्ध छत्तीसगढ़ के निर्माण का संकल्प लें। उन्होंने कहा कि हमें अपनी परंपराओं पर गर्व करते हुए आधुनिकता की ओर अग्रसर होना चाहिए।
कार्यक्रम में छात्रों ने छत्तीसगढ़ी गीत, कविता, भाषण और लोकनृत्य प्रस्तुत कर माहौल को उत्साहपूर्ण बना दिया।
इसके साथ ही छात्रों द्वारा आयोजित छत्तीसगढ़ी व्यंजन प्रतियोगिता में अंगाकर, फरा, ठेठरी, खुरमी, अईरसा, भुकु रोटी, सोहारी, खीर, पताल चटनी, जिमिकांदा, इडहर की सब्जी आदि स्वादिष्ट व्यंजनों ने अतिथियों का मन मोह लिया।
राज्योत्सव के अवसर पर महाविद्यालय के राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) के छात्र-छात्राओं को ‘बी’ एवं ‘सी’ प्रमाणपत्र वितरित किए गए, जिससे उनके चेहरों पर प्रसन्नता झलक उठी।
सभी छात्रों की मनमोहक एवं आकर्षक प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम को अत्यंत सफल बनाया।
इस अवसर पर महाविद्यालय के सभी शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं छात्र-छात्राएं बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।