19/03/2022
जिन्दगी में हम बहुत बार irritate हो जाते है और irritation के कई कारण हो सकते है जैसे कि किसी बात को बार बार दोहराया जाना या किसी अरोचक ध्वनि के कारण या किसी व्यक्ति के अजीब लग रहे आचरण के कारण या और भी बहुत सारी अन्य बातें।
लेकिन गहराई से सोचने पर मैंने ये महसूस किया कि इंसान irritate किसी बात, किसी ध्वनि, किसी व्यक्ति या किसी कार्य के कारण नही बल्कि खुद के कारण होता है।
हम कभी कभी irritate हो जाते है DJ की तेज आवाज से क्योंकि हम उसको enjoy नही कर पाते...
हम कभी कभी irritate हो जाते है किसी किस्से, कहानी या कविता को सुनकर क्योंकि हम उसमें खुद को involve नही कर पाते या उसमें interest नही ले पाते...
हम किसी व्यक्ति से इसलिये irritate हो जाते है क्योंकि हमें उससे ईर्ष्या होती है....
आप यकीं मानिये कि इंसान "आप बहुत अच्छे हो" या "आपने बहुत अच्छा किया" आदि प्रशंसावाचक शब्द लगातार कितनी ही बार सुनकर भी irritate नही होता जबकि "आपने ये सही नही किया" जैसे शब्द सुनकर कुछ ही समय मे irritate होने लगता है।
कुल मिलाकर हम तब तब खुद को irritate महसूस करते है जब कोई काम हमारे अनुरूप नही हो रहा हो...
अरे कोई काम आपके अनुरूप नही हो रहा हो तो आप थोड़ा सा उसके अनुरूप हो जाइये और irritate होने से बचिये...हर चीज को enjoy कीजिये...हर बात को सहजता से लीजिये...हर पल आनंद में रहिये....
Educatdo Pk