26/05/2026
Thanks for being a top engager and making it onto my weekly engagement list! 🎉
Ankush Bhade Pawar, Jitendra Patle, Chandrasen Patle, Krishna Kumar Doble, Laxmi Bisen, पंकज 'जुगनू', Apc Agro, Anil Bisen, शिवनाथ चौधरी, Ravi Shankar Maharaj
25/05/2026
आप सभी आदरणीय जनों द्वारा प्रेषित स्नेह, शुभेच्छा एवं आशीर्वाद के लिए हृदय की गहराइयों से सादर आभार एवं विनम्र धन्यवाद प्रकट किया जाता है 🌷🌹💐🙏
आज का यह विशेष एवं पावन दिवस आपके प्रेम, सम्मान और आत्मीय भावनाओं के कारण अत्यंत स्मरणीय, आनंदमय एवं गौरवपूर्ण बन गया है। आपका यह स्नेह सदैव प्रेरणा, ऊर्जा और समाज सेवा के प्रति नई शक्ति एवं सकारात्मक दृष्टिकोण प्रदान करता रहेगा।
ईश्वर से यही प्रार्थना है कि आप सभी का जीवन सुख, शांति, उत्तम स्वास्थ्य, समृद्धि एवं निरंतर उन्नति से परिपूर्ण रहे। समाज में एकता, प्रेम, सद्भाव और सहयोग की यह पवित्र भावना सदैव इसी प्रकार सशक्त बनी रहे, ताकि हम सभी मिलकर समाज के उत्थान एवं प्रगति के मार्ग पर निरंतर आगे बढ़ते रहें।
सादर धन्यवाद एवं हार्दिक आभार। 🍰🎂🧁
25/05/2026
**🎂 जन्मदिवस की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ 🎂**
राष्ट्रीय पंवार क्षत्रिय महासभा भारत
राष्ट्रीय पंवार क्षत्रिय महासभा भारत के आदरणीय राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री नंदलाल चौधरी जी को उनके जन्मदिवस के पावन अवसर पर महासभा के समस्त पदाधिकारीगण, समाजजन एवं समस्त शुभचिंतकों की ओर से हार्दिक बधाई एवं अनंत शुभकामनाएँ।
इस शुभ दिन पर सभी ने आपके उत्तम स्वास्थ्य, दीर्घायु, सुख-समृद्धि एवं यशस्वी जीवन की मंगलकामनाएँ व्यक्त की हैं। सम्पूर्ण समाज आपके प्रति सम्मान, स्नेह एवं कृतज्ञता प्रकट करते हुए आपके उज्ज्वल भविष्य एवं निरंतर प्रगति की कामना करता है।
आपके कुशल नेतृत्व, संगठन क्षमता एवं समाजहित के प्रति समर्पण भाव ने पंवार समाज को एकता, जागरूकता एवं विकास की नई दिशा प्रदान की है। आपके मार्गदर्शन में समाज निरंतर प्रगति के पथ पर अग्रसर है। आपका सरल, सौम्य एवं प्रेरणादायक व्यक्तित्व सभी के लिए प्रेरणास्रोत है।
ईश्वर से प्रार्थना है कि माँ गढ़कालिका, महाकाल बाबा एवं समस्त आराध्य देवताओं की कृपा आप पर सदैव बनी रहे तथा आप सदैव स्वस्थ, दीर्घायु एवं समाज सेवा के कार्यों में अग्रसर रहें।
पुनः समस्त राष्ट्रीय पंवार क्षत्रिय महासभा परिवार की ओर से आपको जन्मदिन की हार्दिक बधाई एवं अनंत शुभकामनाएँ।
23/05/2026
📌 पवारी / पोवारी भाषा – हमारी पहचान, हमारी शान 🚩
“भाषा बचेगी तो संस्कृति बचेगी, और संस्कृति बचेगी तो हम बचे रहेंगे।”
माय बोली पवारी / पोवारी के संरक्षण और संवर्धन के इस पावन अभियान में आज एक और ऐतिहासिक कदम जुड़ने जा रहा है। राष्ट्रीय पवार क्षत्रिय महासभा भारत द्वारा आयोजित डिजिटल पाठशाला की यह 11वीं गौरवशाली कक्षा है।
यह केवल एक कक्षा नहीं, बल्कि अपनी जड़ों, अपनी पहचान और अपनी संस्कृति को जीवित रखने का एक मजबूत संकल्प है। आइए हम सब मिलकर अपनी मातृभाषा को सीखें, समझें और आने वाली पीढ़ियों तक गर्व के साथ पहुंचाएं।
📚 आज की कक्षा का विवरण
🎯 विषय: पवारी / पोवारी वाक्य संरचना
👨🏫 शिक्षक: डॉ तुफान सिंह पारधी जी
📅 दिनांक: शनिवार, 23 मई 2026
⏰ समय: शाम 7:30 बजे से 9:00 बजे तक
👉 कृपया सभी प्रतिभागी 10 मिनट पहले जुड़ें ताकि कक्षा समय पर प्रारंभ हो सके और अंत में प्रश्नोत्तर सत्र का लाभ लिया जा सके।
🔗 कक्षा से जुड़ने का लिंक
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💬 व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ें
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🌿 विशेष अपील
आइए इस अभियान को जन आंदोलन बनाएं।
अपने घर के बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों को इस कक्षा से जोड़ें। जितनी अधिक भागीदारी होगी, उतनी ही मजबूत हमारी भाषा और हमारी सांस्कृतिक पहचान बनेगी।
यह समय है अपनी माय बोली को केवल बोलने की नहीं, बल्कि उसे जीने और बचाने की जिम्मेदारी निभाने का।
📢 राष्ट्रीय पवार क्षत्रिय महासभा के सभी सम्मानित पदाधिकारीगणों से विशेष अनुरोध है कि वे इस वैचारिक एवं सांस्कृतिक सत्र में अपनी उपस्थिति अनिवार्य रूप से सुनिश्चित करें।
🚩 आइए मिलकर संकल्प लें
“हम अपनी पवारी / पोवारी भाषा को न केवल बचाएंगे, बल्कि उसे गर्व के साथ आगे बढ़ाएंगे।”
🙏 धन्यवाद
🚩 जय पवार, जय पवारी 🚩
21/05/2026
🚩 **पत्रकारिता के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान हेतु श्री जगदीश चंद्र पवार जी को मानद उपाधि से सम्मानित होने पर राष्ट्रीय पवार क्षत्रिय महासभा की हार्दिक बधाई एवं गौरवपूर्ण शुभकामनाएँ** 🚩
राष्ट्रीय पवार क्षत्रिय महासभा की ओर से श्री जगदीश चंद्र पवार जी (वरिष्ठ पत्रकार) को हार्दिक बधाई एवं अनंत शुभकामनाएँ प्रेषित की जाती हैं। आपके द्वारा पत्रकारिता के क्षेत्र में किए गए उत्कृष्ट, निष्पक्ष एवं समाजहितकारी कार्य आज केवल सराहनीय ही नहीं बल्कि प्रेरणादायी भी हैं।
उत्साह, समर्पण और सत्यनिष्ठा के साथ आपने पत्रकारिता को केवल पेशा नहीं बल्कि समाज सेवा का सशक्त माध्यम बनाया है। आपके निर्भीक लेखन, सटीक विश्लेषण और जनहित के मुद्दों को प्रमुखता से उठाने की आपकी कार्यशैली ने समाज में एक अलग पहचान स्थापित की है।
हमें अत्यंत हर्ष है कि आपको उत्तराखंड के माननीय मुख्यमंत्री जी द्वारा डॉक्टर की मानद उपाधि से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान केवल आपकी व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि पूरे पवार समाज एवं पत्रकारिता जगत के लिए गर्व का विषय है। यह सम्मान आपकी वर्षों की मेहनत, निष्ठा और समाज के प्रति आपके योगदान का प्रमाण है।
राष्ट्रीय पवार क्षत्रिय महासभा आपके उज्ज्वल भविष्य की कामना करती है कि आपका जीवन सदैव स्वस्थ, प्रसन्नचित्त, ऊर्जावान और यशस्वी बना रहे। आप इसी प्रकार समाज को जागरूक करते रहें, सत्य को उजागर करते रहें और जनहित की आवाज़ बनकर समाज को नई दिशा प्रदान करते रहें।
आपकी यह उपलब्धि युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणा का स्रोत है कि यदि लक्ष्य सच्चा हो और कर्म ईमानदार हो तो सफलता और सम्मान निश्चित है।
समाज को आप जैसे कर्मठ, ईमानदार एवं कर्तव्यनिष्ठ व्यक्तित्व पर गर्व है। हम पुनः आपको इस गौरवपूर्ण उपलब्धि हेतु शुभकामनाएँ देते हैं और ईश्वर से प्रार्थना करते हैं कि आपका जीवन सदैव सफलता, सम्मान और सुख-समृद्धि से परिपूर्ण रहे।
🚩 **जय पवार समाज! जय भारत!** 🚩
🚩 **राष्ट्रीय पवार क्षत्रिय महासभा** 🚩
21/05/2026
🚩 **गंगा दशमी पावन अवसर पर सामाजिक एकता एवं पारदर्शिता का भव्य आयोजन** 🚩
सामाजिक एकता, सांस्कृतिक गौरव और परंपराओं के संरक्षण हेतु विशेष सूचना
पवार (क्षत्रिय) समाज सदैव अपनी समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर, सामाजिक एकता, सेवा भावना और परंपरागत मूल्यों के लिए जाना जाता रहा है। इन्हीं मूल आदर्शों को सशक्त करते हुए परमार (क्षत्रिय) समाज धर्मशाला, नेमावर जिला देवास (म.प्र.) द्वारा प्रतिवर्षानुसार एक अत्यंत पावन एवं सामाजिक दृष्टि से महत्वपूर्ण आयोजन का आयोजन किया जा रहा है, जो सम्पूर्ण समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
गंगा दशमी (गंगा दशहरा) के पावन अवसर पर माँ नर्मदा के पवित्र स्नान के पश्चात यह आयोजन और भी अधिक आध्यात्मिक एवं दिव्य स्वरूप प्राप्त करता है। माँ नर्मदा की कृपा और आशीर्वाद से यह भूमि सदैव समाज को एकता, सद्भाव और सेवा के मार्ग पर अग्रसर करती रही है।
इस अवसर पर परमार क्षत्रिय धर्मशाला नेमावर में समाज के समस्त बंधुओं की उपस्थिति में धर्मशाला के वार्षिक आय-व्यय का पारदर्शी वाचन एवं विस्तृत सामाजिक विमर्श किया जाएगा। यह प्रक्रिया समाज में विश्वास, उत्तरदायित्व और संगठन की मजबूती को और अधिक सुदृढ़ करती है, जिससे आने वाली पीढ़ियों के लिए एक सकारात्मक और पारदर्शी सामाजिक व्यवस्था स्थापित हो सके।
इसके उपरांत समस्त समाजजनों के लिए स्नेह, समर्पण और भाईचारे की भावना के साथ भव्य भोजन प्रसादी एवं भंडारे का आयोजन रखा गया है। यह आयोजन केवल भोजन वितरण नहीं, बल्कि सामाजिक समरसता, प्रेम और एकजुटता का जीवंत प्रतीक है।
📅 दिनांक: 26 मई 2026 (मंगलवार)
⏰ समय: प्रातः 10:00 बजे से
📍 स्थान: परमार (क्षत्रिय) समाज धर्मशाला, नेमावर, जिला देवास (म.प्र.)
राष्ट्रीय पवार क्षत्रिय महासभा समस्त समाजजनों से विनम्र आग्रह करती है कि अधिक से अधिक संख्या में सपरिवार पधारकर इस पावन आयोजन को सफल बनाएं तथा समाज की एकता, संस्कृति और संगठन शक्ति को और अधिक सुदृढ़ करने में अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करें।
समाज की शक्ति उसकी एकता में निहित है, और एकता ही हमारे उज्ज्वल भविष्य की नींव है। ऐसे आयोजन हमें अपनी जड़ों से जोड़ते हैं और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को जागृत करते हैं।
🙏 “संगठन में शक्ति है, सेवा में धर्म है, और एकता में ही समाज का उत्थान है” 🙏
🚩 राष्ट्रीय पवार क्षत्रिय महासभा 🚩
21/05/2026
🚩 जबलपुर में ऐतिहासिक विजय उत्सव 🚩
✨ *ऐतिहासिक विजय एवं गौरव उत्सव* ✨
धार (मध्यप्रदेश) स्थित भोजशाला प्रकरण में माननीय उच्च न्यायालय द्वारा आए ऐतिहासिक एवं न्याय-संगत निर्णय के उपलक्ष्य में समस्त सनातन समाज में प्रसन्नता, आस्था और गौरव का वातावरण व्याप्त है। यह निर्णय न केवल एक न्यायिक प्रक्रिया का परिणाम है, बल्कि सांस्कृतिक चेतना, ऐतिहासिक विरासत और आस्था के सम्मान का प्रतीक भी माना जा रहा है।
माँ रेवा (नर्मदा जी) की पावन धरा पर बसा संस्कारधानी जबलपुर—जो जाबाली ऋषि की तपोभूमि, वीरांगना रानी दुर्गावती की कर्मभूमि, महर्षि महेश योगी की जन्मभूमि, भगवान ओशो की साधना स्थली तथा महाकौशल की चेतना भूमि के रूप में समस्त भारत में गौरव प्राप्त करता है—उस पवित्र नगरी में यह आयोजन विशेष आध्यात्मिक ऊर्जा से परिपूर्ण रहा।
पंवार क्षत्रिय समाज जबलपुर के ऊर्जावान अध्यक्ष श्रीमान राजेन्द्र बोपचे जी एवं महिला अध्यक्ष श्रीमती छाया पवार जी के आह्वान पर दिनांक 17-05-2027, रविवार, सायंकाल 5 बजे, श्रीमती कौशल्या-हेमराज पटले जी (महिला उपाध्यक्ष) के निवास स्थान पर “आम सभा” का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर माँ वाग्देवी (सरस्वती जी), माँ गढ़ कालिका एवं चक्रवर्ती सम्राट राजा भोज की प्रतिमाओं के समक्ष पुष्प अर्पित कर विधिवत आरती, वंदना एवं जयकारों के साथ पूजा-अर्चना संपन्न की गई। पूरे वातावरण में भक्ति, एकता और सांस्कृतिक गौरव की दिव्यता स्पष्ट रूप से अनुभव की गई।
इस पावन अवसर पर उपस्थित सभी स्वजातीय बंधुओं, मातृशक्ति एवं गणमान्य नागरिकों द्वारा प्रसाद वितरण किया गया तथा एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर हर्ष एवं आनंद व्यक्त किया गया। यह क्षण सामाजिक एकता, आपसी सौहार्द और सांस्कृतिक मूल्यों के पुनर्स्मरण का प्रतीक बन गया।
यह आयोजन केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि हमारी सभ्यता, परंपरा और गौरवशाली इतिहास के प्रति सम्मान एवं कर्तव्यबोध का सशक्त संदेश है। यह हमें यह स्मरण कराता है कि एकजुटता, संस्कार और आस्था ही किसी समाज की वास्तविक शक्ति होती है।
समस्त जबलपुरवासी इस ऐतिहासिक अवसर पर गर्व का अनुभव करते हुए ईश्वर से प्रार्थना करते हैं कि सनातन परंपराओं की ज्योति सदैव प्रज्वलित रहे, समाज में एकता और प्रगति बनी रहे तथा आने वाली पीढ़ियाँ अपने गौरवशाली इतिहास से निरंतर प्रेरणा प्राप्त करती रहें।
🚩🚩 *जय माँ वाग्देवी* 🚩🚩
🚩 *जय माँ गढ़ कालिका* 🚩
💐 *जय चक्रवर्ती सम्राट राजा भोज* 💐
🌿 *माँ नर्मदे हर* 🌿
19/05/2026
🚩 राजा भोज प्रतिमा स्थल पर ऐतिहासिक पूजन एवं भोजशाला निर्णय पर हर्षोल्लास समारोह 🚩
आज जिला पांढुरना, मध्य प्रदेश में राजा भोज प्रतिमा स्थल के समीप एक अत्यंत पावन एवं ऐतिहासिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर माँ गढ़कालिका एवं सम्राट चक्रवर्ती राजा भोज जी की प्रतिमा पर श्रद्धापूर्वक पुष्पमाला अर्पित कर विधिवत पूजा-अर्चना की गई।
यह आयोजन केवल एक धार्मिक कार्यक्रम नहीं रहा, बल्कि सनातन हिन्दू धर्म की आस्था, सांस्कृतिक गौरव एवं ऐतिहासिक विरासत के प्रति सम्मान का प्रतीक बनकर सामने आया। उपस्थित सभी श्रद्धालुओं एवं समाजबंधुओं ने पूर्ण श्रद्धा और भक्ति भाव से माँ गढ़कालिका एवं महान सम्राट राजा भोज जी को नमन किया तथा उनके आदर्शों एवं योगदान को स्मरण किया।
इस अवसर पर भोजशाला से संबंधित माननीय न्यायालय द्वारा दिए गए ऐतिहासिक निर्णय का सभी सनातन हिन्दू धर्म के भाई-बहनों ने हर्ष एवं उत्साह के साथ स्वागत किया। यह निर्णय हमारे धर्म, संस्कृति और ऐतिहासिक धरोहर की रक्षा की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे पूरे समाज में नई ऊर्जा और सकारात्मकता का संचार हुआ है।
खुशी के इस अवसर पर उपस्थित सभी समाजबंधुओं द्वारा मोतीचूर के लड्डुओं का वितरण कर प्रसन्नता व्यक्त की गई तथा आपसी भाईचारे और एकता का संदेश दिया गया। यह क्षण केवल उत्सव नहीं, बल्कि सामाजिक एकता, सांस्कृतिक चेतना और धार्मिक स्वाभिमान का प्रतीक बन गया।
कार्यक्रम में “राजा भोज युवा संगठन, जिला पांढुरना” के सभी कार्यकर्ताओं एवं पदाधिकारियों ने सक्रिय सहभागिता निभाई और आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा की। संगठन का यह प्रयास समाज में एकता, संस्कृति संरक्षण एवं युवा शक्ति को जागृत करने की दिशा में प्रेरणादायक है।
🙏 जय सनातन धर्म!
🚩 जय राजा भोज!
🚩 जय माँ गढ़कालिका!
🚩 राजा भोज युवा संगठन, जिला पांढुरना 🚩
19/05/2026
🚩 ऐतिहासिक विजय का उत्सव | सनातन धर्म और राजा भोज के गौरव का सम्मान 🚩
पवार क्षत्रिय समाज, गुढ़ियारी (रायपुर) में माँ गढ़कालिका एवं सम्राट चक्रवर्ती राजा भोज जी के पावन चरणों में पुष्पमाला अर्पित कर विधिवत पूजन-अर्चन किया गया। इस अवसर पर भोजशाला से संबंधित माननीय न्यायालय द्वारा सनातन हिन्दू धर्म के पक्ष में आए ऐतिहासिक एवं न्यायसंगत निर्णय की हार्दिक प्रसन्नता एवं गौरवपूर्ण उत्सव मनाया गया।
यह क्षण केवल एक न्यायिक निर्णय का उत्सव नहीं, बल्कि हमारे इतिहास, संस्कृति, आस्था और सनातन परंपरा की गौरवशाली पुनर्स्थापना का प्रतीक है। सम्राट चक्रवर्ती राजा भोज, जिन्होंने ज्ञान, संस्कृति, धर्म और न्याय की अमर धरोहर को स्थापित किया, उनके आदर्शों को स्मरण करते हुए सभी उपस्थित समाजजनों ने उनके चरणों में श्रद्धा सुमन अर्पित किए।
इस शुभ अवसर पर सभी सनातन धर्म के भाई-बहनों ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर अपनी प्रसन्नता व्यक्त की और इस ऐतिहासिक विजय का उत्सव पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया। वातावरण “जय राजा भोज” और “जय माँ गढ़कालिका” के जयघोष से गुंजायमान हो उठा, जिससे सम्पूर्ण परिसर भक्तिमय और ऊर्जावान हो गया।
समाज के सभी गणमान्य सदस्यों ने इस निर्णय को सनातन संस्कृति की जीत और सत्य, आस्था एवं न्याय की विजय बताया। साथ ही यह भी संकल्प लिया गया कि आने वाली पीढ़ियों को हमारे गौरवशाली इतिहास, परंपरा और सांस्कृतिक मूल्यों से जोड़ने हेतु निरंतर प्रयास किए जाएंगे।
यह आयोजन न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक रहा, बल्कि सामाजिक एकता, संस्कृति के संरक्षण और अपने गौरवशाली इतिहास के प्रति सम्मान का सशक्त संदेश भी देता है।
हम सभी इस ऐतिहासिक क्षण पर गर्व महसूस करते हैं और ईश्वर से प्रार्थना करते हैं कि सनातन धर्म की विजय और हमारे समाज की प्रगति सदैव इसी प्रकार बनी रहे।
🚩 जय राजा भोज 🚩
🚩 जय माँ गढ़कालिका 🚩