BRS International School and Inter College

BRS International School and Inter College

Share

BRS is committed to provide a world-class education & create an environment for study so that no talent should be restraint due to lack of resources.

Student in villages still struggle to get good basic education, which restraint their talent to come out and help the nation. Our aim to develop an environment where no talent will be wasted due to lack of resources

Our Vision

BRS is committed to provide world class education & create an environment for study so that no talent should be restraint due lack of resources. BRS aspire to cater all e

02/05/2026

01/05/2026
Photos from BRS International School and Inter College's post 01/05/2026

🌟 गर्व का पल! 🌟
आज BRS International School and Inter College, चौरी चकसद, गोंडा में हमारे 10वीं और 12वीं बोर्ड के होनहार बच्चों को माला और प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया। 🏆🌹
छोटे बच्चों ने जब अपने बड़े भाई-बहनों को मंच पर देखा, तो उनकी आँखों में सपने चमक उठे — “कल मैं भी यहीं खड़ा होऊँगा!” ✨
हमारे ज़्यादातर माता-पिता खेतों में पसीना बहाते हैं या मुंबई-दिल्ली में मेहनत करते हैं। याद रखिए — आपका बच्चा ही आपका सबसे बड़ा सपना है। 🙏

📢 एक ज़रूरी बात:
✅ बच्चों को रोज़ स्कूल भेजें
✅ बिना वजह छुट्टी न करवाएं
✅ पढ़ाई को सबसे ऊपर रखें
हर दिन की पढ़ाई एक ईंट है — और इन्हीं ईंटों से आपके बच्चे का भविष्य बनेगा। 💪📚
अगली बार इस मंच पर आपका बच्चा हो! 🌅

#गर्वकापल #गाँवकेसितारे #शिक्षाकामहत्व #रोज़स्कूलभेजें #पढ़ेगाइंडियातोबढ़ेगाइंडिया

26/04/2026

नमस्कार 🙏

पिछले शुक्रवार…
आपके बोर्ड परीक्षा के परिणाम घोषित हुए।

किसी के लिए वह राहत का पल था…
किसी के लिए गर्व का…
और कुछ के लिए… शायद एक चुप सा सवाल।

सबसे पहले—

आप सभी को बधाई।

आपने एक महत्वपूर्ण पड़ाव पार किया है।

लेकिन एक बात स्पष्ट समझ लीजिए—

यह अंत नहीं है।

यह परिणाम क्या है?

यह सिर्फ एक संकेत है…

कि आपने उस समय…
कितनी ईमानदारी से मेहनत की।

यह आपकी अंतिम पहचान नहीं है।

कुछ छात्रों ने बहुत अच्छा किया।
कुछ ने ठीक-ठाक।
और कुछ को लगा…
कि वे और बेहतर कर सकते थे।

तीनों ही स्थितियों में एक सच्चाई समान है—

अब आगे क्या करना है…
यही आपकी असली पहचान बनाएगा।

स्कूल में सब तय था—

क्या पढ़ना है…
कैसे पढ़ना है…
कब पढ़ना है…

अब ऐसा नहीं होगा।

अब कोई syllabus नहीं होगा।
कोई “important question” नहीं होगा।

अब…
आप ही अपनी दिशा हैं।

अगर आपके अच्छे नंबर आए हैं—

तो संतुष्ट मत हो जाइए।

क्योंकि बिना निरंतर अनुशासन के…
अच्छे नंबर भी टिकते नहीं हैं।

अगर परिणाम उम्मीद के अनुसार नहीं आया—

तो बहाने मत बनाइए।

समझिए…
कहाँ कमी रही…
और सुधार कीजिए।

यह परीक्षा आपको सिर्फ नंबर नहीं देती—

यह आपको feedback देती है।

आपकी consistency कैसी थी…
आपका focus कितना था…
आप pressure में कैसे perform करते हैं…

यह सब इसमें दिखता है।

अब आपको तीन चीज़ें बनानी हैं—

स्पष्टता…
अनुशासन…
और आत्म-समझ।

स्पष्टता—
आप जाना कहाँ चाहते हैं।

अनुशासन—
जब मन न हो… तब भी काम करना।

आत्म-समझ—
आपकी ताकत क्या है…
और आपकी कमी कहाँ है।

एक और बात—

कुछ साल बाद…
कोई आपके बोर्ड के नंबर नहीं पूछेगा।

लेकिन हर कोई देखेगा—

आप क्या कर सकते हैं…
आपके निर्णय कैसे हैं…
आप कितने भरोसेमंद हैं।

इसलिए…

उस पर काम कीजिए जो टिकता है।
ना कि उस पर… जो सिर्फ दिखता है।

अपना माहौल सोच-समझकर चुनिए।

ज़्यादातर लोग… आपका समय बर्बाद करेंगे।
बहुत कम लोग… आपको आगे बढ़ाएंगे।

उनके साथ रहिए…
जो आपको बेहतर बनाते हैं।

और अब—

एक जरूरी बात।

आपने परिणाम पा लिया है।

लेकिन…
आज का दिन सिर्फ आपका नहीं है।

आपके पीछे…
आपके माता-पिता खड़े हैं।

उन्होंने शायद कभी कहा नहीं…
लेकिन आपकी हर सफलता में…
उनका बहुत बड़ा हिस्सा है।

शायद उन्होंने आपको देर रात पढ़ते देखा है…
शायद उन्होंने आपकी चिंता…
आपसे ज़्यादा महसूस की है।

आज अगर आप खुश हैं—

तो एक बार उनकी तरफ देखिए।

आपको खुशी है…
लेकिन उन्हें गर्व है।

और अगर आपको लगता है…
कि आप और बेहतर कर सकते थे—

तो भी याद रखिए—

आपके माता-पिता…
आपके नंबर नहीं…
आपकी कोशिश देखते हैं।

इसलिए आज—

बस एक काम कीजिए।

घर जाइए…
और उन्हें “Thank you” कहिए।

सीधे शब्दों में।
दिल से।

और आगे बढ़ते हुए—

सिर्फ अपने लिए मत काम कीजिए।
उनके विश्वास के लिए भी काम कीजिए…
उनकी उम्मीदों के लिए भी।

कोई बहाना नहीं।
कोई shortcut नहीं।

ऐसा जीवन बनाइए…
जिसे देखकर…
आपको भी संतोष हो…
और उन्हें भी गर्व।

याद रखिए—

यह अंत नहीं है।
यह शुरुआत है।

अब जो भी बनाना है…
वो आपके हाथ में है।

धन्यवाद।

Photos from BRS International School and Inter College's post 25/04/2026

BRS INTERNATIONAL SCHOOL & INTER COLLEGE
Board Results 2026 | Success with Purpose

Proud moment for BRS as our students deliver strong results in the 2026 board examinations.


✨ Class 12th Top Performers

* Aman Jaiswal – 86% (School Topper, +6% improvement)
* Aadesh Pandey – 76.4%
* Vikash Tiwari – 74.8%

Nearly 50% of Class 12 students scored 70%+, reflecting consistent academic discipline.


✨ Class 10th Top Performers

* Vipin Mishra – 84.3%
* Vijay Kanaoujiya – 84%
* Kalpana Pandey – 80.16%

About one-third of Class 10 students achieved 70%+, showing a strong academic foundation.


What this reflects:

* Consistent improvement in overall academic performance
* Strong competition and discipline among students
* Focused learning under structured guidance


Congratulations to all achievers, teachers, and parents for their contribution.

This is a milestone—not the destination.

— BRS International School & Inter College

Photos from BRS International School and Inter College's post 18/04/2026

मैं आज एक सच साझा करना चाहता हूँ—सुबह 5:00 बजे उठना मेरे लिए कभी आसान नहीं था। इरादा होने के बावजूद, मेरी निरंतरता (consistency) अक्सर जवाब दे जाती थी।

लेकिन मैंने एक बात सीखी: प्रेरणा (Motivation) सिर्फ शुरुआत कराती है, लेकिन उसे आदत 'सिस्टम' बनाता है। मैंने अपनी 'विलपावर' (willpower) पर निर्भर रहना छोड़ दिया और अनुशासन को 'इंजीनियर' किया। मैंने सिर्फ योग सीखना नहीं, बल्कि उसे सिखाना शुरू किया—अंकुर जी के मार्गदर्शन में। आज शनिवार की सुबह 8:30 बज रहे हैं, और मेरी क्लास अभी-अभी सफलतापूर्वक संपन्न हुई है।

एक प्रतिभागी से 'जिम्मेदार शिक्षक' बनने के इस बदलाव ने मेरी लाइफस्टाइल को पूरी तरह बदल दिया है।

इस अनुभव से मिली 3 बड़ी सीख जो किसी भी लक्ष्य को पाने के लिए जरूरी हैं:

1. अनिवार्य जिम्मेदारी (The Mandatory Constraint):
जब सुबह 5:00 बजे मेरे साधक (sadhaks) मेरा इंतज़ार कर रहे होते हैं, तो "आज मन नहीं है" कहने का विकल्प खत्म हो जाता है। जब लोग आप पर निर्भर होते हैं, तो जिम्मेदारी आपको बिस्तर से उठा देती है।

2. सामाजिक संकल्प (The Social Contract):
मैंने अपने परिवार, दोस्तों और सहकर्मियों को स्पष्ट बता दिया कि मैं योग सिखाता हूँ। सार्वजनिक रूप से अपनी प्रतिबद्धता बताने के बाद, 'चुपचाप' पीछे हटने का रास्ता बंद हो जाता है। आपकी प्रतिष्ठा ही आपका अनुशासन बन जाती है।

3. फीडबैक का चक्र (The Feedback Loop):
जब लोग मुझसे पूछते हैं, “आज की क्लास कैसी रही?”, तो यह सवाल मुझे अगले दिन के लिए फिर से तैयार करता है। यह छोटा सा सवाल मुझे डेली जवाबदेही (accountability) का एहसास कराता है।

आज योग मेरे जीवन का वैसा ही हिस्सा है जैसे खाना या सोना। यह इसलिए नहीं हुआ कि मैं रातों-रात बहुत अनुशासित हो गया, बल्कि इसलिए हुआ क्योंकि मैंने एक ऐसा सिस्टम बनाया जिसमें 'नाकाम' होना नामुमकिन था।

मेरा संदेश:
चाहे आप स्कूल में पढ़ रहे हों या करियर बना रहे हों—सिर्फ 'कोशिश' मत कीजिये, बल्कि अपना माहौल ऐसा 'डिज़ाइन' कीजिये कि अनुशासन आपकी मजबूरी नहीं, आपकी आदत बन जाए।

अनुशासन कोशिश से नहीं, सही डिज़ाइन से पैदा होता है।
— वेद शुक्ला, BRS इंटरनेशनल स्कूल एवं इंटर कॉलेज








17/04/2026

शीर्षक: नन्हे कदम, बड़ी सोच: बदलाव की एक नई आवाज़! 🌟

​"बदलाव करो, निरंतर करो, पर उसमें कुछ बेहतर करो।"

​बीआरएस इंटरनेशनल स्कूल की कक्षा 8 की प्रतिभावान छात्रा अक्षिता शुक्ला अपनी इस सुंदर कविता के माध्यम से हमें 'परिवर्तन' का सही अर्थ समझा रही हैं। अक्षिता का मानना है कि बदलाव केवल नया होने के लिए नहीं, बल्कि अज्ञानता से ज्ञान की ओर बढ़ने और समाज को बेहतर बनाने के लिए होना चाहिए।

​उनकी पंक्तियाँ—"बदलाव जो हारना नहीं, लड़ना सिखाए, मरना नहीं, जीना सिखाए"—हमें याद दिलाती हैं कि एक सकारात्मक सोच ही उज्ज्वल भविष्य की नींव है।

​आइए, अक्षिता के इन अद्भुत विचारों को सुनें और अपने जीवन में भी एक 'बेहतर बदलाव' लाने का संकल्प लें। 📝✨

​आपकी पसंदीदा पंक्ति कौन सी है? कमेंट्स में हमें जरूर बताएं! 👇

12/04/2026

दुःखद सूचना!
---------------------
अत्यंत दुख के साथ सूचित किया जाता है कि हमारे विद्यालय परिवार के सदस्य श्री गुलाब चंद्र शुक्ला, परिवहन प्रबंधक, की माताजी का निधन दिनांक 10 अप्रैल 2026, दिन शुक्रवार को हुआ है।

इस दुखद घड़ी में हम सभी BRS परिवार की ओर से शोकाकुल परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदनाएँ व्यक्त करते हैं।

ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें तथा परिवार को इस अपार दुख को सहने की शक्ति दें।

इसी कारण विद्यालय शनिवार को बंद रहा।
विद्यालय सोमवार से पुनः सामान्य रूप से खुलेगा।
आप सभी अभिभावकों से विनम्र निवेदन है कि इस कठिन समय में परिवार के दुख को समझते हुए अपना सहयोग और संवेदना बनाए रखें।

ॐ शांति।

– BRS International School & Inter College

04/04/2026

हर अभिभावक चाहता है कि उसका बच्चा सिर्फ स्कूल न जाए, बल्कि आगे बढ़े, सीखे, आत्मविश्वासी बने और एक बेहतर भविष्य बनाए।

BRS International School & Inter College में हम बच्चों को सिर्फ पढ़ाई नहीं, बल्कि English-medium education, discipline, values, confidence और strong academic support देते हैं, ताकि वे जीवन में आगे बढ़ सकें।

हमारा उद्देश्य सिर्फ result नहीं, बल्कि बच्चे का overall development है।

BRS — जहाँ शिक्षा के साथ भविष्य भी बनता है।

04/04/2026

2 अप्रैल को विद्यालय का पहला दिन केवल पढ़ाई की शुरुआत नहीं था, बल्कि जीवन की सीख का भी सुंदर आरंभ था।

साधना मैम ने बच्चों को ऐसी अमूल्य सीख और ज्ञान दिया, जो केवल किताबों में नहीं मिलता, बल्कि जीवनभर मार्गदर्शन करता है।
जो छात्र उस दिन उपस्थित रहे, उन्होंने सिर्फ कक्षा नहीं लगाई, बल्कि जीवन की एक महत्वपूर्ण सीख भी पाई।

और जो उस दिन नहीं आ सके, उन्होंने सच में इस अनमोल अवसर को मिस कर दिया।

विद्यालय का हर पहला दिन एक नई शुरुआत होता है — इसलिए शुरुआत से जुड़ना बहुत ज़रूरी है।

Want your school to be the top-listed School/college in Gonda?

Click here to claim your Sponsored Listing.

Location

Category

Telephone

Address


गांव/चकसड़, पोस्ट/मेहदइया चकसड़ (Village/Chauri Chaksar, Post/mehdaiya, Jamuniabagh/Pandey Bazaar Road)
Gonda
271123

Opening Hours

Monday 8am - 2pm
2pm - 3pm
Tuesday 8am - 2pm
2pm - 3pm
Wednesday 8am - 2pm
2pm - 3pm
Thursday 8am - 2pm
2pm - 3pm
Friday 8am - 2pm
2pm - 3pm
Saturday 8am - 2pm
2pm - 3pm
Sunday 8am - 2pm
2pm - 3pm