13/10/2025
*जिलाधिकारी एवं मुख्य विकास अधिकारी के मार्गदर्शन में “विकसित भारत बिल्डथॉन 2025” का अमेठी में सफल आयोजन*
*नवाचार, आत्मनिर्भरता और स्वदेशी भावना का सशक्त मंच*
*रचनात्मकता और नवाचार का उत्सव*
अमेठी। विकसित भारत बिल्डथॉन 2025 के अंतर्गत जनपद स्तरीय प्रदर्शनी एवं नवाचार महोत्सव का आयोजन आज दिनांक 13 अक्टूबर 2025 को पीएम श्री जवाहर नवोदय विद्यालय, गौरीगंज में भव्य रूप से किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में नवाचार, रचनात्मक सोच, तकनीकी समझ और आत्मनिर्भरता की भावना को प्रोत्साहित करना रहा।
*कार्यक्रम का शुभारंभ और प्रदर्शन*
कार्यक्रम का शुभारंभ जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. राजेश कुमार द्विवेदी एवं जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी श्री संजय तिवारी द्वारा दीप प्रज्वलन कर किया गया।
जनपद के विभिन्न परिषदीय एवं माध्यमिक विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने “आत्मनिर्भर भारत”, “वोकल फॉर लोकल”, “स्वदेशी उत्पाद” एवं “समृद्ध भारत” जैसी थीम पर आधारित मॉडल प्रदर्शित किए।
बच्चों द्वारा प्रस्तुत मॉडल अत्यंत नवाचारी, व्यवहारिक और प्रेरणादायक रहे। उनके मॉडल में पर्यावरण संरक्षण, नवीकरणीय ऊर्जा, जल प्रबंधन, शिक्षा सुधार और डिजिटल भारत जैसी अवधारणाएँ प्रमुख रहीं।
*बच्चों की नवाचारी सोच को सराहना*
कार्यक्रम में विकसित भारत बिल्डथॉन 2025 का सजीव प्रसारण भी किया गया, जिससे छात्रों में इस राष्ट्रीय पहल के प्रति समझ और प्रेरणा दोनों का विकास हुआ।
📘 जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी श्री संजय तिवारी ने कहा –
“यह कार्यक्रम विद्यार्थियों को आत्मनिर्भर और स्वावलंबी बनने की दिशा में एक सशक्त कदम है। ऐसी पहलें बच्चों में व्यावहारिक ज्ञान, नवाचार और राष्ट्रीय विकास की भावना को प्रबल करती हैं।”
🗣️ जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. राजेश कुमार द्विवेदी ने कहा –
“वास्तविक नवाचार वही है जो समाज और मानव जीवन की बेहतरी में योगदान दे। विद्यार्थियों की रचनात्मकता और परिश्रम वास्तव में प्रेरणादायक है।”
जिलाधिकारी श्री संजय चौहान (आईएएस) एवं मुख्य विकास अधिकारी श्री सूरज पटेल (आईएएस) ने कहा कि –
“विकसित भारत बिल्डथॉन जैसी पहलें जनपद के बच्चों में नवाचार और वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने के साथ आत्मनिर्भर भारत के निर्माण की दिशा में ठोस कदम हैं। प्रशासन का उद्देश्य है कि इस प्रकार के कार्यक्रमों के माध्यम से विद्यार्थी समाज के वास्तविक मुद्दों के समाधान हेतु तकनीकी एवं रचनात्मक दृष्टिकोण विकसित करें।”
उन्होंने यह भी कहा कि इस पहल को विद्यालयों में सतत रूप से आगे बढ़ाया जाएगा ताकि अधिकाधिक छात्र इस नवाचार यात्रा से जुड़कर “विकसित अमेठी – विकसित भारत” के लक्ष्य में सहभागी बन सकें।
कार्यक्रम ने विद्यार्थियों में नवाचार, आत्मनिर्भरता, तकनीकी कौशल और राष्ट्रनिर्माण की भावना को नई दिशा प्रदान की।