साईंस कालेज, दुर्ग मेें स्नातक प्रथम वर्ष में प्रवेश संबंधी पूछताछ हेतु विद्यार्थियों की भीड़
शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कर स्नातकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय, दुर्ग में कला, वाणिज्य एवं विज्ञान संकाय के स्नातक प्रथम वर्ष में प्रवेष हेतु बड़ी संख्या में विद्यार्थी पूछताछ हेतु महाविद्यालय में आ रहे हैं। प्रवेश प्रक्रिया छत्तीसगढ़ शासन, उच्चशिक्षा विभाग द्वारा महाविद्यालय में प्रवेश के मार्गदर्शी सिध्दांत 2026-27 के जारी होने के पश्चात् आरंभ की जायेगी। यह जानकारी देते हुए महाविद्यालय के मीडिया प्रभारी डाॅ. प्रशांत श्रीवास्तव ने बताया कि वर्ष 2026-27 में महाविद्यालय में स्नातक स्तर पर विज्ञान, कला तथा वाणिज्य संकाय की कक्षाऐं राष्टीय शिक्षा नीति 2020 के अनुरूप संचालित होंगी। इसी प्रकार महाविद्यालय में सेमेस्टर प्रणाली के अंतर्गत 19 विषयों में स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम तथा 05 पीजी डिप्लोमा पाठ्यक्रम सेमेस्टर प्रणाली के अंतर्गत संचालित है। इसी प्रकार 03 डिप्लोमा कोर्स तथा 18 सर्टिफिकेट कोर्स भी महाविद्यालय में अध्ययनरत् नियमित विद्यार्थियों हेतु उपलब्ध है।
महाविद्यालय के प्रभारी प्राचार्य डाॅ. अभिनेष सुराना ने बताया कि महाविद्यालय में प्रवेश हेतु आने वाले स्नातक प्रथम वर्ष के विद्यार्थियों हेतु जानकारी प्रदान करने हेतु महाविद्यालय में हेल्प डेस्क की स्थापना जून के प्रथम सप्ताह से की जायेगी तथा महाविद्यालय के शहीद वीर नारायण सिंह आडिटोरियम में विभिन्न प्रवेश समितियों के माध्यम से प्रवेश प्रक्रिया शासन के आदेशानुसार संपादित की जायेगी। डाॅ. सुराना ने बताया कि महाविद्यालय में विज्ञान संकाय के अंतर्गत गणित समूह में 555, तथा स्नातक प्रथम वर्ष बायोलाॅजी समूह में 525 सीटें उपलब्ध है, वही कला संकाय में सभी विषय समूहों को मिलाकर 500 सीटें छात्र-छात्राओं हेतु उपलब्ध है। वाणिज्य संकाय में सभी अनिवार्य विषयों को मिलाकर 520 सीटें अध्ययन हेतु उपलब्ध है। महाविद्यालय की स्वशासी परीक्षा प्रकोष्ठ, नियंत्रक डाॅ. जगजीत कौर सलूजा ने बताया कि महाविद्यालय में 19 विषयों में कला, विज्ञान एवं वाणिज्य संकाय में उपलब्ध स्नातकोत्तर कक्षाओं में अंग्रेजी, हिन्दी, अर्थशास्त्र, भूगोल, राजनीति शास्त्र, इतिहास, एम.एस.डब्ल्यू, में 40 सीटें स्नातकोत्तर प्रथम सेमेस्टर की प्रत्येक कक्षा में उपलब्ध है। इसी प्रकार एम.काॅम, प्रथम सेमेस्टर में कुल 140 स्थान उपलब्ध है, जबकि विज्ञान संकाय के अंतर्गत एम.एससी गणित विषय में 60 तथा रसायन, भौतिकी, गणित, वनस्पति शास्त्र, प्राणी शास्त्र, माइक्रोबायलाॅजी, बायोटेक्नालाॅजी तथा जियोलाॅजी में एमएससी में 25 सीटें उपलब्ध है।
स्नातक स्तर पर प्रवेश हेतु 12वीं परीक्षा उत्तीर्ण विद्यार्थियों को प्रवेश के समय मूल अंकसूची, जाति प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र, स्थानांतरण प्रमाण पत्र, चरित्र प्रमाण पत्र, आधार कार्ड साथ लाना आवश्यक है। शासन द्वारा प्रवेश संबंधी निर्देश जारी होने के पश्चात् महाविद्यालय के पोर्टल पर प्रत्येक विद्यार्थी को आनलाईन रूप से आवेदन प्रस्तुत करना आवश्यक है।
Ajaya Kumar Singh
Govt. VYTPG Autonomous College Durg
Abhinesh Surana
Jagjeet Kaur Saluja
Govt. VYTPG Autonomous College Durg
Very highly distinguished and learned professors were among the faculty.
04/05/2026
महाविद्यालय के प्लेसमेंट सेल की तत्वधान में आज CIPET रायपुर के डॉक्टर राजश्री विजयवर्गीय द्वारा स्नातक (बायो एवं मैथ्स ) छठे सेमेस्टर के छात्र - छात्राऔ हेतु एक विशेष सत्र का आयोजन किया गया| यह सत्र ऑनलाइन मोड में रखा गया जिसमें बताया गया कि प्लास्टिक इंजीनियरिंग के पी जी डिप्लोमा तथा डिप्लोमा कोर्स में किस तरह से प्रवेश लिया जा सकेगा , कोर्स की समायावधि , पात्रता एवं प्रवेश परीक्षा पर विस्तार से चर्चा की | साथ ही स्कॉलरशिप की सुविधा का भी उल्लेख किया | उन्होने बताया की राज्य के बाहर के विद्यार्थी इस अवसर का लाभ उठाते हैं, जबकी जानकारी के आभाव में छत्तीसगढ़ी के विद्यार्थियों को इन अवसरों का फ़ायदा नहीं मिल पता | पेड इंटर्नशिप और ट्रेनिंग के साथ डिप्लोमा ले कर अवसरों की नयी दुनिया के बारे में बताया | उन्होंने छात्रों को संबोधित करते हुए इससे प्राप्त होने वाले अवसर का विस्तार से चर्चा किया और बताया की ना सिर्फ यह उन्हें campus प्लेसमेंट के जरिये नौकरी देते हैं अपितु विद्यार्थी यहाँ से डिग्री ले कर पैकेजिंग फर्म भी खोल सकते हैं| लगभग ३० विद्यार्थियों ने इस सत्र में भाग लिया और 28 मई से पहले प्रवेश प्रक्रिया में रजिस्ट्रेशन करने के लिए रुचि जाहिर की | महाविद्यालय इस तरह की गतिविधियों के द्वार छात्र - छात्राओं को विभिन्न अवसरों के बारे में समय-समय पर सूचना देता रहता है|
Ajaya Kumar Singh
Jagjeet Kaur Saluja
30/04/2026
शासकीय सेवा से बेदाग सेवानिवृत्ति महत्वपूर्ण उपलब्धि होती है। साईंस कालेज, दुर्ग से सेवा निवृत्त होने पर मुझे अपार खुशी हो रही है। महाविद्यालय के विकास यात्रा में जितना संभव हो सका मैने अपना योगदान दिया है। ये उद्गार शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कर स्नातकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय दुर्ग के आज सेवा निवृत्त हुए मुख्य लिपिक संजय यादव ने व्यक्त किये। श्री यादव आज लगभग 35 वर्षों से अधिक की शासकीय सेवा पूर्ण करने के पश्चात् आयोजित बिदाई समारोह में बड़ी संख्या में उपस्थित प्राध्यापकों, कर्मचारियों तथा विद्यार्थियों को संबोधित कर रहे थे। श्री यादव ने कहा कि जितना संघर्ष मय जीवन होता है, उत्तना अच्छा प्रतिफल मिलता है। उन्होंने अपने सेवाकाल में साईस कालेज, दुर्ग, शासकीय महाविद्यालय बेमेतरा, शासकीय महाविद्यालय, धमधा तथा शासकीय महाविद्यालय, खुर्सीपार में बिताए गए क्षणों को साझा करते हुए अविस्मरणीय संस्मरण सुनाये। श्री यादव के बिदाई समारोह में उनकी पत्नि श्रीमती वंदना यादव, पुत्री, पुत्र तथा अन्य परिवारजन भी शामिल हुये।
सरस्वती वंदना के साथ आरंभ हुये बिदाई समारोह में अपने उद्गार व्यक्त करते हुए महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. अजय कुमार सिंह ने श्री संजय यादव को समर्पित शासकीय सेवक निरूपित करते हुए कहा कि उन्होंने अपने कार्यकाल में सदैव कर्तव्यनिष्ठा और ईमानदारी से प्रत्येक कार्य का निवर्हन किया। महाविद्यालय के पूर्व प्राचार्य डॉ. आर.एन. सिंह ने महाविद्यालय की विकास यात्रा में श्री संजय यादव के योगदान का स्मरण करते हुए उनके दीर्घायु होने तथा स्वस्थ्य जीवन की कामना की। महाविद्यालय स्वशासी प्रकोष्ठ की नियंत्रक डॉ. जगजीत कौर सलूजा ने अपने संबोधन में श्री संजय यादव की कर्तव्यपरायणता की प्रशंसा करते हुए कहा कि उन्होंने प्रत्येक कार्य को सफलतापूर्वक निपटाने का प्रयास किया। बिदाई समारोह के दौरान अतिथियों का स्वागत करने वालों में प्राचार्य डॉ. अजय कुमार सिंह ने वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. जगजीत कौर सलूजा, शासकीय संगीत महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. ऋचा ठाकुर, वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. अभिनेष सुराना, डॉ. के. पद्मावती, डॉ. ज्योति धारकर, डॉ. सीमा पंजवानी, महाविद्यालय के रजिस्टार श्री आशुतोष साव, श्री श्याम लाल ध्रुव, श्री टीकम यादव, श्री ताराचंद साहू श्री ओंकार साहू शामिल थे। कार्यक्रम का संचालन वाणिज्य की सहायक प्राध्यापक डॉ. प्रीति तन्ना टांक तथा धन्यवाद ज्ञापन कम्प्यूटर साइंस विभाग की सहायक प्राध्यापक डॉ. लतिका ताम्रकार ने किया। समारोह के दौरान महाविद्यालय परिवार की ओर से श्री संजय यादव को श्रीफल, शॉल, स्मृति चिन्ह तथा उपहार भेंट किया गया.
Ajaya Kumar Singh
प्रेस विज्ञप्ति
व्यापम की मंडी उप निरीक्षक परीक्षा में 23860 परीक्षार्थी हुए शामिल
व्यावसायिक परीक्षा मण्डल, रायपुर द्वारा आज 26 अप्रेल को आयोजित मंडी उप निरीक्षक परीक्षा में दुर्ग जिले से 23860 परीक्षार्थी शामिल हुए तथा 15077 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। यह जानकारी देते हुए दुर्ग जिले के मुख्य समन्वयक एवं साईंस कालेज, दुर्ग के प्राचार्य डाॅ. अजय कुमार सिंह ने बताया कि इस परीक्षा हेतु दुर्ग जिले में कुल 38937 परीक्षार्थियों ने अपना पंजीकरण कराया था। डाॅ. सिंह के अनुसार आज एक पाली में 123 परीक्षा केन्द्रों पर प्रातः 10.00 बजे से 12.15 बजे तक शांति पूर्वक परीक्षा आयोजित हुई। प्रत्येक परीक्षा केन्द्र पर मुख्य प्रवेश द्वार प्रातः 9.30 बजे बंद कर दिये गये थे, इसके पश्चात् किसी भी परीक्षार्थी को प्रवेश नही दिया गया। मुख्य प्रवेश द्वार बंद करते समय केन्द्राध्यक्ष एवं पर्यवेक्षकों की उपस्थिति में वीडियो ग्राफी भी करायी गयी।
सहायक समन्वयक डाॅ. अभिनेष सुराना ने बताया कि परीक्षा के दौरान मुख्य समन्वयक डाॅ. अजय कुमार सिंह, सहायक समन्वयक डाॅ. अभिनेष सुराना एवं डाॅ. एस.डी. देशमुख ने अनेक परीक्षा केन्द्रों का भौतिक रूप से भ्रमण किया। डाॅ. सुराना के अनुसार आज परीक्षा में व्यापम के निर्देशानुसार केवल हल्के कलर के हाफ बाहीं वाले शर्ट अथवा कुर्ते पहने तथा बिना कान में आभूषण एवं स्लीपर चप्पल पहने हुये परीक्षार्थियों को ही प्रवेश दिया गया। व्यापम के निर्देशानुसार इस बार प्रत्येक परीक्षा केन्द्र को यह भी उल्लेखित करना अनिवार्य था, कि दोपहर 12.15 पर परीक्षा समाप्ति के कितने समय के अंदर ओएमआर उत्तर शीट शील बंद की गई। इसी प्रकार परीक्षा अवधि के दौरान प्रसाधन कक्ष अर्थात् वाॅशरूम का उपयोग करने वाले परीक्षार्थियों का विवरण भी पृथक शीट में भरकर व्यापम को प्रेषित किया गया।
Ajaya Kumar Singh
Jagjeet Kaur Saluja
Upma Shrivastava
Prashant Shrivastava
Ambarish Tripathi
Govt. VYTPG Autonomous College Durg
25/04/2026
Ajaya Kumar Singh
Jagjeet Kaur Saluja
25/04/2026
Congratulations...
Ajaya Kumar Singh
Jagjeet Kaur Saluja
23/04/2026
स्नातकोत्तर हिंदी चतुर्थ सेमेस्टर के विद्यार्थियों के लिए विदाई समारोह का आयोजन
शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कर स्नातकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय दुर्ग के हिंदी विभाग के द्वितीय सेमेस्टर के विद्यार्थियों द्वारा स्नातकोत्तर हिंदी चतुर्थ सेमेस्टर के विद्यार्थियों के लिए विदाई समारोह का आयोजन किया गया। आयोजन में उपस्थित महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. अजय कुमार सिंह ने उद्बोधन में कहा कि आपने इस महाविद्यालय में न केवल शिक्षा प्राप्त की है बल्कि जीवन के महत्वपूर्ण मूल्यों, अनुशासन, परिश्रम और संस्कार को भी आत्मसात किया है। यह आयोजन न केवल भावनात्मक होता है बल्कि विद्यार्थियों के लिए एक नईं ऊर्जा तथा आत्मविश्वास के साथ अपनी भविष्य की ओर अग्रसर होने के लिए प्रेरणा भी देता है।विभागाध्यक्ष डॉ. अभिनेष सुराना ने उद्बोधन में कहा कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं देना एवं उनके साथ बिताए गए शैक्षणिक क्षणों को स्मरणीय बनाना है। अब आप जीवन के एक नए चरण में प्रवेश करने जा रहे हैं जहां चुनौतियां भी होंगे और अवसर भी। मैं आप सभी से यही अपेक्षा करता हूं कि आप अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहें, ईमानदारी और मेहनत को अपना मूल मंत्र बनाएं और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियां निभाते हुए महाविद्यालय और देश का नाम रोशन करें। कार्यक्रम में उपस्थित सहायक प्राध्यापक डॉ.अम्बरीष त्रिपाठी ने कहा कि आज आप सभी को विदा करते हुए मन भावुक हो उठा है। आपने हमारे साथ जो समय बिताया वह हमेशा हमारी स्मृतियों में रहेगा एक प्राध्यापक के रूप में हमें गर्व है कि आपने न केवल पढ़ाई में बल्कि संस्कारों और व्यवहारों में भी उत्कृष्टता दिखाई है। जीवन में आगे बढ़ते समय कई कठिनाइयां आएगी लेकिन याद रखें कि असफलता ही सफलता की पहली सीढ़ी होती है। धैर्य ,आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच के साथ हर चुनौती का सामना करते हुए निरंतर आगे बढ़े।
विदाई समारोह में विद्यार्थियों द्वारा विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियां जैसे गीत, नृत्य ,मिमिक्री, एक्टिंग, प्रस्तुत किया गया जिससे वातावरण आनंदमय हो गया। विद्यार्थियों ने अपने अनुभव साझा करते हुए महाविद्यालय एवं शिक्षकों के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम में मिस फेयरवेल मीनाक्षी गोस्वामी, मिस्टर फेयरवेल छोटेलाल और मिस्टर किंग घासीदास का चयन किया गया।
उक्त कार्यक्रम में हिंदी विभाग के डॉ. रजनीश उमरे डॉ. ओम कुमारी देवांगन, डॉ. रमणी चंद्राकर, डॉ.शारदा सिंह,डॉ.लता गोस्वामी, शोधार्थी टेकलाल,कपिल, बेलमती पटेल, तथा स्नातकोत्तर के विद्यार्थी बड़ी संख्या में उपस्थित थे। कार्यक्रम का संचालन एम.ए द्वितीय सेमेस्टर की छात्रा इमन ने किया किया।
Ajaya Kumar Singh
Ambarish Tripathi
23/04/2026
साईंस कालेज, दुर्ग में भूगर्भशास्त्र विभाग द्वारा विश्व पृथ्वी दिवस समारोह आयोजित
अपने स्तर पर पर्यावरण संरक्षण का प्रयास कर पृथ्वी का संरक्षण किया जा सकता है- अजय सिंह
अपने स्तर पर पर्यावरण संरक्षण का प्रयास कर पृथ्वी का संरक्षण किया जा सकता है। विद्यार्थियों एवं आम नागरिकों को अपने-अपने स्तर पर पर्यावरण संरक्षण हेतु प्रयास करना चाहिए। यदि किसी जगह पानी व्यर्थ बह रहा हो और आप नल की टोटी को बंद कर देते है, तो यह विश्व पृथ्वी दिवस पर पृथ्वी के संरक्षण के लिये आपका सबसे बड़ा योगदान होगा। ये उद्गार शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कर स्नातकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय दुर्ग के प्राचार्य डाॅ. अजय कुमार सिंह ने आज व्यक्त किये। डाॅ. सिंह आज महाविद्यालय में लायंस स्टूडेंट क्लब दुर्ग विजन तथा भूगर्भशास्त्र विभाग द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित विश्व पृथ्वी दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में बोल रहे थे। डाॅ. सिंह ने विद्यार्थियों को आव्हान किया कि कक्षा समाप्ति के पश्चात् कक्षा के इलेक्टिक स्वीच तथा पंखों को बंद कर दें तो पर्यावरण संरक्षण की दिशा में यह हमारा सराहनीय प्रयास होगा।
भूगर्भशास्त्र की स्नातकोत्तर छात्रा छबि परमार तथा लोकेश्वरी देशमुख एवं जयंती बाघ द्वारा संयुक्त रूप से प्रस्तुत सरस्वती वंदना के साथ आरंभ कार्यक्रम का संचालन फाल्गुनी साहू ने किया। इस अवसर पर लायंस क्लब दुर्ग विजन के डिस्टीक्ट चेयर पर्सन पी.बी. सक्सेना ने अपने उद्बोधन में ग्लोबल वार्मिंग तथा जलवायु परिवर्तन को प्रमुख समस्या बताते हुए वर्तमान समय में दुर्ग, भिलाई क्षेत्र में निरंतर बढ़ते तापमान पर चिंता जाहिर की। भूगर्भषास्त्र के विभागाध्यक्ष डाॅ. एस.डी. देशमुख ने अपने संबोधन में विश्व पृथ्वी दिवस की महत्ता प्रतिपादित करते हुए कहा कि आज का दिन हम सभी को पृथ्वी संरक्षण के प्रति दायित्वों का बोध कराने का दिन है। डाॅ. देशमुख ने संस्कृत के श्लोक के माध्यम से अपना वक्तव्य रखा। समारोह में धन्यवाद ज्ञापन लायंस क्लब दुर्ग विजन की डाॅ. रूचि सक्सेना ने किया।
इस अवसर पर आयोजित आमंत्रित व्याख्यान में भूगर्भशास्त्र के प्राध्यापक डाॅ. प्रशांत श्रीवास्तव ने पावर प्वाइंट प्रस्तुतिकरण के माध्यम से रेन वाटर हार्वेस्टिंग के संबंध में विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि ग्रीष्म ऋतु के पश्चात् आने वाले वर्षा ऋतु में प्रारंभ की 3-4 बारिश के पानी को रेन वाटर हार्वेस्टिंग हेतु उपयोग नही करना चाहिए। इससे भूमिगत जल को प्रदूषित होने से बचाया जा सकता है, क्योंकि ग्रीष्म ऋतु में अधिक तापमान के कारण प्रदूषक तत्व वायु मण्डल में उपस्थित रहते है, और पहिली बारिश में वे सभी वर्षा जल के साथ पृथ्वी की सतह पर आ जाते है। लायंस स्टूडेंट क्लब वी.वाय.टी. पी.जी. आटोनाॅमस कालेज, दुर्ग के अध्यक्ष रूचि देशमुख ने वेस्ट मैनेजमेंट पर सारगर्भित प्रस्तुतिकरण किया। बी.एससी छठवें सेमेस्टर की छात्रा अर्पणा बाजपेयी ने ग्लोबल वार्मिंग पर प्रस्तुतिकरण देते हुए बताया कि जल वाष्प, मीथेन, कार्बन डाय आक्साइड तथा नाइट्सआक्साइट आदि ग्रीष्म हाउस गैस है। एयर कंडीष्नर तथा फोम के गद्दे से भी हानिकारक सीएफसी गैसे उत्सर्जित होती है। इस अवसर पर भूगोल के विभागाध्यक्ष डाॅ. अनिल कुमार मिश्रा, डाॅ. प्रषांत दुबे, लायंस क्लब दुर्ग विजन के डिस्टीक चेयर पर्सन श्री पी.बी. सक्सेना, माइक्रो चेयर पर्सन पी.एन.जे.एफ. लायन मिनाश्री अग्रवाल, लायन रूचि सक्सेना, लायन विनती अग्रवाल सहित भूगर्भशास्त्र विभाग के छात्र-छात्राएं बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
Ajaya Kumar Singh
Prashant Shrivastava
22/04/2026
दुर्ग। शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कर स्नातकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय, दुर्ग के वाणिज्य विभाग के सहायक प्राध्यापकों डॉ. प्रीति तन्ना टांक तथा अतिथि सहायक प्राध्यापक शशांक राव एवं गोपाल राम को भारत सरकार के डिजाइन अधिनियम 2000 तथा डिजाइन अधिनियम 2001 के अंतर्गत प्रावधानों के अनुसार पेटेंट स्वीकृत किया गया है। यह जानकारी देते हुए वाणिज्य विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. सुमीत अग्रवाल ने बताया कि पहला पेटेंट वाणिज्य विभाग की सहायक प्राध्यापक डॉ. प्रीति तन्ना टांक एवं साथियों को डिजाइन एआई बेस्ड टैक्स केलकुलेटिंग तथा प्रोसीडिंग डिवाइस पर भारत सरकार द्वारा पेटेंट स्वीकृत किया गया है। दूसरा पेटेंट वाणिज्य विभाग के अतिथि सहायक प्राध्यापक डॉ. शशांक राव तथा गोपाल राम को डिजाइन आईओटी बेस्ड फाईनेसियल डाटा मैनेजमेंट डिवाइस इन बैंक हेतु प्राप्त हुआ है। डॉ. सुमीत अग्रवाल के अनुसार भारत सरकार के महानियंत्रक पेटेंट डिजाइन और व्यापार चिन्ह श्री उन्नत पी. पंडित द्वारा हस्ताक्षरित पेटेंट आदेश महाविद्यालय को प्राप्त हुआ।
महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. अजय कुमार सिंह ने वाणिज्य विभाग के सहायक प्राध्यापक एवं अतिथि प्राध्यापकों की अभूतपूर्व सफलता पर बधाई देते हुए कहा कि इन दोनों पेटेंट का सीधा लाभ विद्यार्थियों एवं व्यापार जगत से जुड़े टैक्स कन्सल्टेंट को मिलेगा। इस सफलता पर वाणिज्य विभाग के भूतपूर्व प्राध्यापक डॉ. एस.एन. झा, डॉ. हरजिंदर पाल सिंह सलूजा, परीक्षा नियंत्रक डॉ. जगजीत कौर सलूजा एवं वाणिज्य विभाग के नियमित सहायक प्राध्यापक डॉ. प्रदीप जांगड़े, डॉ. लाली शर्मा एवं अतिथि प्राध्यापक डॉ. गोविन्द प्रसाद गुप्ता, प्रिया अग्रवाल सहित समस्त महाविद्यालय परिवार ने बधाई दी है।
Ajaya Kumar Singh
17/04/2026
19 अप्रैल को व्यापम की परिवहन आरक्षक भर्ती परीक्षा की 38 केन्द्रों की ब्रीफिंग साईंस कालेज में आयोजित
व्यावसायिक परीक्षा मण्डल, रायपुर द्वारा 19 अप्रेल रविवार को प्रातः कालीन पाली 11.00 बजे से दोपहर 1.15 तक आयोजित होने वाली परिवहन आरक्षक भर्ती परीक्षा 2026 से संबंधित आवष्यक जानकारी प्रदान करने हेतु 38 केन्द्राध्यक्षों, 8 सहायक समन्वयकों तथा 76 पर्यवेक्षकों की ब्रीफिंग आज शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कर स्नातकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय दुर्ग के राधा कृष्णन सभागार में आयोजित हुई। यह जानकारी देते हुए सहायक समन्वयक डाॅ. अभिनेष सुराना ने बताया कि ब्रीफिंग के दौरान पावर प्वाइंट प्रस्तुतिकरण के माध्यम से सभी केन्द्राध्यक्षों एवं पर्यवेक्षकों को परीक्षा संचालन संबंधी जानकारी प्रदान की गयी।
समन्वयक केन्द्र के प्रमुख एवं महाविद्यालय के प्राचार्य डाॅ. अजय कुमार सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि रविवार 19 अप्रैल को आयोजित होने वाली परिवहन आरक्षक भर्ती परीक्षा 2026 में दुर्ग जिले में 10951 परीक्षार्थी शामिल हो रहे है। इनके परीक्षा आयोजन हेतु व्यापम द्वारा जारी निर्देशो के अनुसार 38 परीक्षा केन्द्र दुर्ग, भिलाई तथा आसपास के क्षेत्रों में बनाए गए है। इनमें से अधिकांश परीक्षा केन्द्र शासकीय महाविद्यालय अथवा शासकीय उच्चतर माध्यामिक विद्यालय है। प्रत्येक परीक्षा केन्द्र पर नोडल अधिकारी, जिलाधीश कार्यालय, दुर्ग द्वारा तथा समन्वयक केन्द्र साईंस कालेज, दुर्ग द्वारा पर्यवेक्षकों की नियुक्ति की गयी है।
सहायक समन्वयक डाॅ. अभिनेष सुराना तथा डाॅ. श्रीनिवास देशमुख द्वारा ब्रीफिंग में दी गई जानकारी के अनुसार पूर्व की परीक्षाओं की तरह परीक्षार्थियों को कान में किसी भी प्रकार का आभूषण पहनना वर्जित होगा तथा हाॅफ बायीं के हल्के रंग वाले शर्ट पहनकर तथा पैरों में स्लीपर पहनकर ही परीक्षार्थी परीक्षा दे पाऐंगें।
ब्रीफिंग के दौरान सहायक समन्वयक डाॅ. अभिनेष सुराना, डाॅ. जगजीत कौर सलूजा, डाॅ. एस.डी. देशमुख, डाॅ. दिव्या कुमुदिनी मिंज, डाॅ. जी.एस. ठाकुर, डाॅ. अनिल कुमार पाण्डेय तथा जिलाधीश कार्यालय द्वारा नियुक्त भोसले भी उपस्थित थे।
Ajaya Kumar Singh
15/04/2026
प्रख्यात कथाकार दुर्गाप्रसाद पारकर जी के साथ कथा संवाद एवं व्याख्यान का आयोजन
शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कर स्वशासी स्नातकोत्तर महाविद्यालय दुर्ग के हिन्दी विभाग में हिन्दी साहित्य परिषद द्वारा बहू हाथ के पानी के कथाकार दुर्गाप्रसाद पारकर से संवाद का आयोजन किया गया। महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. ए.के. सिंह ने अपने उद्बोधन में कहा कि आज छत्तीसगढ़ में भी संयुक्त परिवार विरले ही देखने को मिलता है। पारकर जी का यह उपन्यास संयुक्त परिवार एवं परिवार में बहू की भूमिका को लेकर लिखा गया है, जो आज भी हमारे समाज के लिये प्रासंगिक है। विभागाध्यक्ष डॉ अभिनेष सुराना अपने उद्बोधन में कहा कि छत्तीसगढ़ के आंचलिक उपन्यासकार दुर्गा प्रसाद पारकर जी का छत्तीसगढ़ के अंचल में आचंलिक उपन्यासकार के रूप में वही स्थान है, जो बिहार के अंचल में फणीष्वर नाथ रेणु का। इनके उपन्यास छत्तीसगढ़ की संस्कृति और सामाजिकता को जानने और समझने के लिए एक अमूल्य धरोहर हैं।
उपन्यासकार दुर्गा प्रसाद पारकर ने विद्यार्थियों से कथा संवाद करते हुए बताया कि “बहू हाथ के पानी” उपन्यास भारतीय समाज, पारिवारिक मूल्यों और नारी जीवन की संवेदनाओं का सशक्त एवं मार्मिक चित्रण करता है।अपने व्याख्यान में श्री दुर्गाप्रसाद पारकर जी ने कथा साहित्य की रचना-प्रक्रिया, उसके सामाजिक सरोकारों तथा समकालीन संदर्भों पर विस्तार से विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि साहित्य समाज का दर्पण होता है और एक संवेदनशील लेखक समाज की पीड़ा, संघर्ष और आशाओं को शब्दों में अभिव्यक्त करता है। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन, चिंतन और सृजनात्मक लेखन के लिए प्रेरित किया। शासकीय महाविद्यालय, बेलौदी में सहायक प्राध्यापक, हिन्दी डाॅ. दीनदयाल दिल्लीवार ने अपने उद्बोधन में पारकर जी के उपन्यास की समीक्षा करते हुए उसकी प्रासंगिकता को रेखांकित किया।
कथा संवाद सत्र में उपस्थित विद्यार्थियों एवं शोधार्थियों ने उपन्यास की विषयवस्तु, पात्र-चित्रण तथा उसके सामाजिक संदेश से संबंधित प्रश्न पूछे। पारकर जी ने सहज और प्रभावपूर्ण ढंग से सभी जिज्ञासाओं का समाधान किया। यह सत्र अत्यंत ज्ञानवर्धक और प्रेरणादायक रहा। कार्यक्रम का संचालन करते हुए डॉ. अम्बरीश त्रिपाठी ने कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों में साहित्यिक चेतना और रचनात्मकता को विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम के अंत में डॉ. रजनीश उमरे ने आभार व्यक्त किया।
इस आयोजन में महाविद्यालय के वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. पद्मावती (विभागाध्यक्ष अर्थशास्त्र) डॉ अनिल पांडेय, डॉ. नीता मिश्रा , डॉ. ओम कुमारी देवांगन , डॉ. रमणी चन्द्राकर , डॉ. लता गोस्वामी , डॉ. शारदा सिंह, शोधार्थीगण एवं स्नातकोत्तर हिन्दी के विद्यार्थी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
Ajaya Kumar Singh
Abhinesh Surana
Ambarish Tripathi
Click here to claim your Sponsored Listing.
Location
Category
Contact the school
Telephone
Address
GE Road
Durg
491001
Opening Hours
| Monday | 10:30am - 5:30pm |
| Tuesday | 10:30am - 5:30pm |
| Wednesday | 10:30am - 5:30pm |
| Thursday | 10:30am - 5:30pm |
| Friday | 10:30am - 5:30pm |
| Saturday | 10:30am - 5:30pm |