26/03/2026
रोहतक के सरकारी मेडिकल कॉलेज में हड्डी विभाग (ऑर्थोपेडिक्स) में एक लड़के का चयन आरक्षित वर्ग से हुआ है, जिसे 800 में से केवल 4 अंक मिले हैं। वहीं सामान्य वर्ग के एक छात्र को 800 में से 585 अंक मिलने के बावजूद भी चयन नहीं मिला।
सोचिए, जिसे सिर्फ 4 नंबर मिले हैं, वह किस तरह का इलाज करेगा? यही हमारे देश की शिक्षा व्यवस्था का हाल है।
मैं तो कहती हूँ कि जितने भी सांसद और विधायक हैं, उन्हें भी इन्हीं से इलाज करवाना चाहिए, तब जाकर उन्हें हकीकत समझ आएगी।
डॉक्टर आरके वर्मा जी ने पूरी विस्तृत जानकारी दी है