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GK & GS follow for various types of knowledge

https://youtu.be/sif_3AKb1MU
06/02/2024

https://youtu.be/sif_3AKb1MU

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05/02/2024

✅Organisation & Headquarters✅

1. IMF ➺ Washington DC (USA)

2. WB ➺ Washington DC (USA)

3. UNO ➺ New York (USA)

4. UNICEF ➺ New York (USA)

5. UNCTAD ➺ Geneva (Switzerland)

6. WHO ➺ Geneva (Switzerland)

7. ILO ➺ Geneva (Switzerland)

8. ICRC ➺ Geneva (Switzerland)

9. WTO ➺ Geneva (Switzerland)

10. UNESCO ➺ Paris (France)

11. WMO ➺ Geneva (Switzerland)

12. WIPO ➺ Geneva (Switzerland)

13. IOS ➺ Geneva (Switzerland)

14. IAEA ➺ Vienna (Austria)

15. OPEC ➺ Vienna (Austria)

16. ICJ ➺ The Hague (Netherlands)

17. FAO ➺ Rome (Italy)

18. NATO ➺ Brussels (Belgium)

19. IRENA ➺ Abu Dhabi (UAE)

20. SAARC ➺ Kathmandu (Nepal)

21. ASEAN ➺ Jakarta (Indonesia)

22. APEC ➺ Singapore

23. OIC ➺ Jeddah (Saudi Arabia)

24. OPCW ➺ The Hague (Netherlands)

25. WWF ➺ Gland, Vaud (Switzerland)

26. WEF ➺ Cologny, (Switzerland)

27. IHO ➺ Monaco

28. ICC ➺ Dubai, (UAE)

29. IUCN ➺ Gland, (Switzerland)

30. ICOMOS ➺ Paris, (France)

31. UNWTO ➺ Madrid, (Spain)

32. IMO ➺ London (UK)

33. AI ➺ London (UK)

05/02/2024

✅GK Important Questions✅

1. मुस्लिम लीग ने भारत विभाजन की मांग सबसे पहले कब की थी ?
Ans ➺ 1940

2. रतौंधी किस विटामिन की कमी से होती है ?
Ans ➺ विटामिन A

3. आर्य समाज की स्थापना किसने की ?
Ans ➺ स्वामी दयानंद ने

4.पंजाबी भाषा की लिपि कौनसी है ?
Ans ➺ गुरुमुखी

5. दूध से क्रीम किस प्रक्रिया से बनाई जाती है ?
Ans ➺ अपकेन्द्रिय बल

6. कागज का आविष्कार किस देश में हुआ ?
Ans ➺ चीन

7. किसे सीमांत गाँधी कहा जाता है ?
Ans ➺ खान अब्दुल गफ्फार खान

8. विश्व का सबसे बड़ा द्वीप कौन-सा है ?
Ans ➺ ग्रीनलैंड

9. काली मिट्टी किस फसल के लिए सर्वाधिक उपयुक्त है ?
Ans ➺ कपास

10. भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की प्रथम महिला अध्यक्ष कौन थी ?
Ans ➺ ऐनी बेसेन्ट

11. कौन-सा विदेशी आक्रमणकारी 'कोहिनूर हीरा' एवं 'मयूर सिंहासन' लूटकर अपने साथ स्वदेश ले गया ?
Ans ➺ नादिरशाह

12. भारत में सबसे पुरानी पर्वत श्रृंखला कौन-सी है ?
Ans ➺ अरावली पर्वतमाला

13. धरती के तल का लगभग कितने प्रतिशत पानी है ?
Ans ➺ 71%

14. भारत की सबसे लम्बी स्थलीय सीमा किस देश से लगती है ?
Ans ➺ बांग्लादेश

15. हमारे सौर मण्डल का सबसे बड़ा ग्रह कौन-सा है ?
Ans ➺ बृहस्पति

16. किस नदी को ‘बिहार का शोक' कहा जाता है ?
Ans ➺ कोसी

17. गैस सिलेंडरों से गैस लीकेज का पता लगाने के लिए उसमे किस गंध युक्त पदार्थ को मिलाया जाता है ?
Ans ➺ इथाइल मर्केप्टेन

18. वायुमंडल में सबसे अधिक किस गैस का प्रतिशत है ?
Ans ➺ नाइट्रोजन

19. कोणार्क का सूर्य मन्दिर किस राज्य में स्थित है ?
Ans ➺ ओड़िसा

20. किस देश से अलग होकर वर्ष 1971 में बांग्लादेश का निर्माण हुआ था ?
Ans ➺ भारत

21. कंप्यूटर भाषा में WWW का अर्थ क्या है ?
Ans ➺ World Wide Web

22. एक किलो बाइट (KB) में कितनी बाइट होती है ?
Ans ➺ 1024 बाईट

23. भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के 1929 के ऐतिहासिक अधिवेशन की अध्यक्षता किसने की ?
Ans ➺ जवाहरलाल नेहरू

24. केन्द्रीय असेम्बली में बम फेंकने में भगत सिंह का साथी कौन था ?
Ans ➺ बटुकेश्वर दत्त

25. मुस्लिम लीग ने भारत विभाजन की मांग सबसे पहले कब की थी ?
Ans ➺ 1940 में

26. वायुमंडल की सबसे निचली सतह को क्या कहते हैं ?
Ans ➺ क्षोभमंडल

27. पृथ्वी को 1 डिग्री देशांतर घूमने में कितना समय लगता है ?
Ans ➺ 4 मिनट

28. प्लास्टर ऑफ़ पेरिस किससे बनता है ?
Ans ➺ जिप्सम

29. मछलियाँ किसकी सहायता से सांस लेती है ?
Ans ➺ गलफड़ों

30. हरे पौधों द्वारा भोजन बनाने की क्रिया क्या कहलाती है ?
Ans ➺ प्रकाश संश्लेषण

31. रिजर्व बैक आफ इण्डिया का मुख्यालय कहाँ स्थित है ?
Ans ➺ मुम्बई

32. पोंगल किस राज्य का त्योहार है ?
Ans ➺ तमिलनाडु

33. गिद्धा और भंगड़ा किस राज्य के लोक नृत्य हैं ?
Ans ➺ पंजाब

34. भारत में सशस्त्र बलों का सर्वोच्च सेनापति कौन होता है ?
Ans ➺ राष्ट्रपति

35. भारत में सबसे पहले सूर्य किस राज्य में निकलता है ?
Ans ➺ अरुणाचल प्रदेश

36. स्वतंत्र भारत के प्रथम राष्ट्रपति कौन थे ?
Ans ➺ डॉ. राजेन्द्र प्रसाद

37. प्रथम लोकसभा का अध्यक्ष कौन था ?
Ans ➺ जी. वी. मावलंकर

04/02/2024

✅विश्व के प्रमुख देशाें की संसद के नाम✅

1. भारत ➺ संसद

2. ब्रिटेन ➺ पार्लियामेंट

3. दक्षिण कोरिया ➺ नेशनल असेंबली

4. दक्षिण अफ्रीका ➺ पार्लियामेंट

5. मिस्र ➺ पीपुल्स असेम्बली

6. पाकिस्तान ➺ नेशनल असेम्बली

7. जर्मनी ➺ बुंडस्टैग

8. यु. एस. ए ➺ कांग्रेस

9. बांग्लादेश ➺ जातीय संसद

10. इजरायल ➺ नेसेट

11. जापान ➺ ङायट

12. मालदीव ➺ मजलिस

13. आस्ट्रेलिया ➺ संघीय संसद

14. मंगोलिया ➺ खुराल

15. डेनमार्क ➺ फोल्केटिंग

16. स्पेन ➺ कोर्टेस

17. नेपाल ➺ राष्ट्रीय पंचायत

18. रूस ➺ ड्यूमा

19. चीन ➺ नेशनल पीपुल्स कांग्रेस

20. फ़्रांस ➺ नेशनल असेम्बली

21. ईरान ➺ मजलिस

22. नीदरलैंड ➺ स्टेट जनरल

23. ब्राजील ➺ राष्ट्रीय कांग्रेस

24. मलेशिया ➺ दीवान निगारा

25. अफगानिस्तान ➺ शूरा

26. तुर्की ➺ ग्रैंड नेशनल असेम्बली

27. पोलैंड ➺ सेज्म

28. स्विट्जरलैंड ➺ फेडरल असेम्बली

29. इटली ➺ सीनेट

30. कुवैत ➺ नेशनल असेंबली

31. सऊदी अरब ➺ मजलिस अल सूरा

32. कनाडा ➺ पार्लियामेंट

03/02/2024

✅Environment Questions✅

1. हेमिस राष्ट्रीय उद्यान कितने किलोमीटर में फैला हुआ है ?
Ans ➺ 3568 किमी.

2. परॉक्सीसिटिक क्या है ?
Ans ➺ वायु प्रदूषक

3. ' ग्रीन हाउस प्रभाव ' के कारण पृथ्वी का तापमान क्या होता है ?
Ans ➺ बढ़ता है

4. भारत में सबसे अधिक वन किस प्रदेश में है ?
Ans ➺ Madhya Pradesh

5. वायुमंडल में कौन - सी गैस सर्वाधिक पायी जाती है ?
Ans ➺ Nitrogen

6. किसी क्षेत्र में पेड़ो के उगने के लिए अपेक्षित न्‍यूनतम तापमान कितना होना चाहिए ?
Ans ➺ 4 डिग्री सेल्सियस

7. भारत में वन अनुसंस्‍थान केंद्र कहॉ स्थित है ?
Ans ➺ देहरादून

8. वनरोपण प्रक्रिया किसकी है ?
Ans ➺ ज्‍यादा पेड़ लगाने की

9. भारत में अधिकतम वनाच्‍छादन क्षेत्र कौन-सा है ?
Ans ➺ आरक्षित वन

10. चन्द्रप्रभा वन्य जीव अभयारण्य कहाँ स्थित है ?
Ans ➺ उत्तर प्रदेश

11. भारत में अधिकांश वन संपदा का मालिक कौन है ?
Ans ➺ राज्‍य

12. वन महोत्‍सव किससे संबंधित है ?
Ans ➺ पेड़ लगाने से

13. सोपान कृषि कहॉ की जाती है ?
Ans ➺ पहाड़ो के ढलान पर

14. पर्यावरण अध्‍ययन की प्रकृति कैसी है ?
Ans ➺ बहु अनुशासनिक

15. हम चारो ओर जिन दशाओं से घिरे हुए है, उनका योग क्या कहलाता है ?
Ans ➺ पर्यावरण

16. वैश्विक पर्यावरण के लिए सर्वाधिक महत्‍वपूर्ण वन कौन-सा है ?
Ans ➺ उष्‍ण कटिबंधीय वन

17. पर्यावरण उन बाहरी दशाओं और प्रभावों का योग है, जो पृथ्‍वी तल पर जीवों के विकास चक्र को प्रभावित करते है। यह कथन किसने दिया है ?
Ans ➺ निकोलस

18. पर्यावरण एक बाह्य शक्ति है, जो कि हमें प्रभावित करती है। यह कथन किनका है ?
Ans ➺ सी. सी. पार्क का

19. विश्‍व में पर्यावरण जागरूकता की शुरूआत किसने की थी ?
Ans ➺ विलियम हैवेट

20. पर्यावरण का जैविक कारक क्या है ?
Ans ➺ वनस्‍पति

21. यह कथन किसका है, कि जीवों के पारिस्थितिक कारकों का योग पर्यावरण है ?
Ans ➺ ए. फिटिंग

22. पर्यावरणीय निश्‍चयवाद के प्रतिपादक कौन थे ?
Ans ➺ कार्ल रिटर

23. वर्ष 2002 को संयुक्‍त राष्‍ट्र संघ ने किसका अंतर्राष्‍ट्रीय वर्ष घोषित किया है ?
Ans ➺ सतत् विकास का

24. विश्‍व पर्यावरण दिवस किस तारीख को मनाया जाता है ?
Ans ➺ 5 जून

25. पर्यावरण का सन्‍तुलन बनाये रखने के लिए वनान्‍तर्गत क्षेत्रफल कितना प्रतिशत होना चाहिए ?
Ans ➺ 33 %

26. वायुमंडल में ओजोन परत हमारी रक्षा किन किरणों से करती है ?
Ans ➺ पराबैंगनी किरणों से

27. हरा सोना किसे कहा जाता है ?
Ans ➺ वन को

28. भारत के कान्हा बाघ अभयारण्य की स्थापना किस वर्ष हुई ?
Ans ➺ 1995

29. नंदा देवी राष्ट्रीय उद्यान किस राज्य में स्थित है ?
Ans ➺ उत्तराखंड

02/02/2024

✅History Important Questions For All Exams✅

1. ‘ब्रह्म समाज’ की स्थापना किसके द्वारा की गई ?
Ans ➺ राजा राममोहन राय

2. महात्मा गांधी को कैसर-ए-हिंद की उपाधि से कब नावाजा गया ?
Ans ➺ 1915

3. ऐनी बेसेन्ट ने होमरूल लीग की स्थापना कब और कहां की ?
Ans ➺ September 1916 में Madras में

4. स्वशासन के लिए बाल गंगाधर तिलक ने किस संस्था की स्थापना की ?
Ans ➺ Homerule League (मार्च 1916 ई. में पूना में)

5. लोकसभा के चुनाव क्षेत्रों का परिसीमन किस वर्ष की जनगणना के बाद किया जाएगा ?
Ans ➺ 2026

6. भारतीय स्‍वतंत्रता संघर्ष के दौरान किसने ‘दी इण्डियन सोशयोलोजिस्‍ट’ नामक पत्रिका प्रारंभ की ?
Ans ➺ श्‍यामजी कृष्‍णा वर्मा ने

7. थियोसोफिकल सोसायटी की स्‍थापना (1875 ई.) में किसने की ?
Ans ➺ मैडम ब्‍लेवेटस्‍की एवं कर्नल ऑलकॉट ने

8. प्रथम लोकसभा चुनाव में कितने राजनीतिक दलों को राष्‍ट्रीय दल के रूप में मान्‍यता दी गई थी ?
Ans ➺ 14

9. महात्‍मा गांधी ने किसकी मृत्‍यु पर कहा था ”भारतीय सौर मण्‍डल से एक सितारा डूब गया है” ?
Ans ➺ Lala Lajpat Rai

10. वास्कोडिगामा भारत कब आया ?
Ans ➺ 1498 ई.

11. राज्‍यों का भाषायी आधार पर गठन किस वर्ष किया गया था ?
Ans ➺ 1956 में

12. बाल गंगाधर तिलक को लोकमान्‍य की उपाधि किस आन्‍दोलन के दौरान दी गई थी ?
Ans ➺ होमरूल आन्‍दोलन के दौरान

13. भारतीय संविधान में किस अनुच्‍छेद को संविधान की आत्‍मा के नाम से जाना जाता है ?
Ans ➺ Article 32

14. अलीगढ़ आन्‍दोलन के संस्‍थापक कौन थे ?
Ans ➺ सर सैयद अहमद खाँ

15. किस अधिवेशन में कांग्रेस के नरम दल और गरम दल में एकता हो गई ?
Ans ➺ Lucknow Session (1916 )

16. गदर पार्टी किसके नेतृत्व में बनी ?
Ans ➺ Lala Hardyal

17. बाल गंगाधर तिलक को ‘भारतीय असन्‍तोष का जनक’ किसने कहा था ?
Ans ➺ वेलेन्‍टाइन शिरोल ने

18. ‘लौह पुरुष’ किस महापुरुष को कहा जाता है ?
Ans ➺ सरदार पटेल

22
🇮🇳 भारत की नदियों से सम्बन्धित महत्वपूर्ण प्रश्न 🇮🇳

1. भारत की चौड़ी नदी कौन सी है ?
Ans ➺ Brahmaputra

2. भारत में डेल्टा बनाने वाली नदियाँ कौन-सी है ?
Ans ➺ कावेरी, गंगा, महानदी

3. भारत में कौन-सी सबसे लंबी नदी है ?
Ans ➺ Godavari

4. बिहार में बहने वाली नदियों में किसका उद्गम अमरकंटक में है ?
Ans ➺ Son

5. भागीरथी और अलकनंदा गंगा में कहाँ पर मिलती है ?
Ans ➺ देव प्रयाग

6. तवा किसकी सहायक नदी है ?
Ans ➺ Narmada

7. किस नदी को ‘बिहार का शोक’ कहा जाता है ?
Ans ➺ Kosi

8. कौन-सी नदी ‘बंगाल का शोक’ कही जाती है ?
Ans ➺ दामोदर नदी

9. कौन-सी नदी भ्रंश द्रोणी से होकर बहती है ?
Ans ➺ Narmada

10. प्रायद्वीपीय भारत की सबसे बड़ी नदी कौन-सी है ?
Ans ➺ Godavari

11. भारत की पवित्र नदी कौन-सी है ?
Ans ➺ Ganga

12. गंगा को बांग्लादेश में किस नाम से जाना जाता है ?
Ans ➺ Padma

13. गंगा एवं ब्रह्मपुत्र की संयुक्त जलधारा किस नाम से जानी जाती है ?
Ans ➺ Meghana

14. सांगपो नदी किस राज्य से होकर भारत में प्रवेश करती है ?
Ans ➺ Arunachal Pradesh

15. भारत की कौन-सी नदी सुंदरवन डेल्टा बनाती है ?
Ans ➺ Ganga & Brahmaputra

02/02/2024

✅विभिन्न राज्यों के प्रमुख लोक नृत्य याद करने की Tricks✅

1. मेघ लाओ ➺ मेघालय - लावणी

2. तुम मिले भरत ➺ तमिलनाडु - भरतनाट्यम

3. नाग कि चोच ➺ नागालैंड - चोंग

4. अरुण क मुखोटा ➺ अरुणाचल - मुखोटा

5. पंजे में भांग डालो ➺ पंजाब - भांगड़ा

6. झाड़ू में छाऊ ➺ झारखण्ड - छऊ

7. U K में गडा ➺ उत्तराखंड - गढ़वाली

8. अंधेरे मे कच्ची पूरी खाई खाई ➺ आंधरा - कचिप

9. हिम्मत कि धमाल ➺ हिमाचल - धमाल

10. गोवा कि मंडी ➺ गोवा - मंडी

11. बंगले कि काठी ➺ पशिम बंगाल - काठी

12. करेले कि कथा ➺ केरल - कथकली

13. राजा तुम घुमो ➺ राजस्थान - घूमर

14. उड़ी उड़ीं बबा ➺ उड़ीसा - ओड़िसी

15. कान( कर्ण) में करो यक्ष ज्ञान ➺ कर्नाटक - यक्ष ज्ञान

16. जम्मुरा ➺ जम्मू कश्मीर - राउफ

17. उत्तर की रास ➺ उत्तर प्रदेश - रासलीला

18. असम कि बहु ➺ असम - बिहू

19. Tri छतरी मे गाड़ी ➺ छत्तीसगढ़ - गाडी

02/02/2024

✅GK Important Questions✅

1. भारत का सिंह द्वार किसे कहा जाता है ?
Ans ➺ कोलकाता को

2. भारत का “धान का कटोरा” किसे कहा जाता है ?
Ans ➺ छत्तीसगढ़ को

3. पिंक सिटी के नाम से किसे जाना जाता है ?
Ans ➺ जयपुर

4. भारत का मैनचेस्टर किसे कहते हैं ?
Ans ➺ अहमदाबाद

5. झीलों का नगर किसे कहते हैं ?
Ans ➺ श्रीनगर को

6. भारत का हृदय स्थल किसे कहा जाता है ?
Ans ➺ मध्यप्रदेश को

7. भारत का पेरिस किसे कहते हैं ?
Ans ➺ जयपुर को

8. भारत का चीनी का कटोरा किसे कहा जाता है ?
Ans ➺ उत्तर प्रदेश को

9. मंदिरों की पुण्य भूमि किसे कहा जाता है ?
Ans ➺ तमिलनाडु को

10. भारत के किस राज्य को मसालों का बगीचा कहा जाता है ?
Ans ➺ केरल

11. धान की डलिया किसे कहा जाता है ?
Ans ➺ छतीसगढ़ को

12. फलो की डलिया किसे कहा जाता है ?
Ans ➺ हिमाचल प्रदेश को

13. संतरों की राजधानी किसे कहा जाता है ?
Ans ➺ नागपुर

14. भारत का बगीचा किसे कहते हैं ?
Ans ➺ बंगलौर को

15. महलों का शहर किसे कहा जाता है ?
Ans ➺ कोलकाता

16. त्योहारों का नगर किसे कहते हैं ?
Ans ➺ मदुरै

17. भारत का प्रवेश द्वार किसे कहते हैं ?
Ans ➺ मुम्बई को

01/02/2024

✅महत्वपूर्ण युद्ध [ Important Battles ]✅

1. भारत पाक युद्ध (Indo-Pakistan War)
✅Time ➺ 1965 ई.
✅Between ➺ भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध जिसमें पाकिस्तान की हार हुई। भारत पाकिस्तान के बीच शिमला समझौता हुआ ।

2. हाईडेस्पीज का युद्ध (Battle of the Hydaspes)
✅Time ➺ 326 ई.पू.
✅Between ➺ सिकंदर और पंजाब के राजा पोरस के बीच हुआ, जिसमें सिकंदर की विजय हुई ।

3. सिंध की लड़ाई
✅Time ➺ 712 ई.
✅Between ➺ मोहम्मद कासिम ने अरबों की सत्ता स्थापित की ।

4. तराइन का प्रथम युद्ध (Battles of Tarain)
✅Time ➺ 1191 ई.
✅Between ➺ मोहम्मद गौरी और पृथ्वीराज चौहान के बीच हुआ, जिसमें चौहान की विजय हुई ।

5. तराइन का द्वितीय युद्ध (2nd Battles of Tarain)
✅Time ➺ 1192 ई.
✅Between ➺ मोहम्मद गौरी और पृथ्वीराज चौहान के बीच हुआ, जिसमें मोहम्मद गौरी की विजय हुई ।

6. चंदावर का युद्ध (Battle of Chandawar)
✅Time ➺ 1194 ई.
✅Between ➺ इसमें मुहम्मद गौरी ने कन्नौज के राजा जयचंद को हराया ।

7. पानीपत का प्रथम युद्ध (First Battle of Panipat)
✅Time ➺ 1526 ई.
✅Between ➺ मुग़ल शासक बाबर और इब्राहीम लोदी के बीच ।

8. खानवा का युद्ध (Battle of Khanwa)
✅Time ➺ 1527 ई.
✅Between ➺ बाबर ने राणा सांगा को पराजित किया ।

9. घाघरा का युद्ध (Battle of Ghagra)
✅Time ➺ 1529 ई.
✅Between ➺ बाबर ने महमूद लोदी के नेतृत्व में अफगानों को हराया ।

10. कलिंग की लड़ाई (Kalinga War)
✅Time ➺ 261 ई.पू.
✅Between ➺ सम्राट अशोक ने कलिंग पर आक्रमण किया। युद्ध के रक्तपात को देखकर उसने युद्ध न करने की कसम खाई ।

11. कन्नौज/बिलग्राम का युद्ध (Battle of Kannauj or Bilgram)
✅Time ➺ 1540 ई.
✅Between ➺ एकबार फिर से शेरशाह सूरी ने हुमायूँ को हराया व भारत छोड़ने पर मजबूर किया ।

12. पानीपत का द्वितीय युद्ध (Second Battle of Panipat)
✅Time ➺ 1556 ई.
✅Between ➺ अकबर और हेमू के बीच ।

13. तालीकोटा का युद्ध (Battle of Talikota)
✅Time ➺ 1565 ई.
✅Between ➺ इस युद्ध से विजयनगर साम्राज्य का अंत हो गया ।

14. हल्दीघाटी का युद्ध (Battle of Haldighati)
✅Time ➺ 1576 ई.
✅Between ➺ अकबर और राणा प्रताप के बीच, इसमें राणा प्रताप की हार हुई ।

15. प्लासी का युद्ध (Battle of Plassey)
✅Time ➺ 1757 ई.
✅Between ➺ अंग्रेजों और सिराजुद्दौला के बीच, जिसमें अंग्रेजों की विजय हुई और भारत में अंग्रेजी शासन की नीव पड़ी ।

16. वांडीवाश का युद्ध (Battle of Wandiwash)
✅Time ➺ 1760 ई.
✅Between ➺ अंग्रेजों और फ्रांसीसियों के बीच, जिसमे फ्रांसीसियों की हार हुई ।

17. पानीपत का तृतीय युद्ध (Third Battle of Panipat)
✅Time ➺ 1761 ई.
✅Between ➺ अहमदशाह अब्दाली और मराठो के बीच, जिसमे फ्रांसीसियों की हार हुई ।

18. बक्सर का युद्ध (Battle of Buxar)
✅Time ➺ 1764 ई.
✅Between ➺ अंग्रेजों और शुजाउद्दौला, मीर कासिम एवं शाह आलम द्वितीय की संयुक्त सेना के बीच, जिसमे अंग्रेजों की विजय हुई।

19. 1st आंग्ल मैसूर युद्ध
✅Time ➺ 1767-69 ई.
✅Between ➺ हैदर अली और अंग्रेजो के बीच, जिसमे अंग्रेजो की हार हुई ।

20. 2nd आंग्ल मैसूर युद्ध
✅Time ➺ 1780-84 ई.
✅Between ➺ हैदर अली और अंग्रेजो के बीच, जो अनिर्णित छूटा।

21. 3rd आंग्ल मैसूर युद्ध
✅Time ➺ 1790-92 ई.
✅Between ➺ टीपू सुल्तान और अंग्रेजो के बीच लड़ाई संधि के द्वारा समाप्त हुई ।

22. 4th आंग्ल मैसूर युद्ध
✅Time ➺ 1797-99 ई.
✅Between ➺ टीपू सुल्तान और अंग्रेजो के बीच, टीपू की हार हुई और मैसूर शक्ति का पतन हुआ ।

23. चिलियान वाला युद्ध
✅Time ➺ 1849 ई.
✅Between ➺ ईस्ट इंडिया कंपनी और सिखों के बीच हुआ था जिसमें सिखों की हार हुई ।

24. भारत चीन सीमा युद्ध ( India - China War )
✅Time ➺ 1962 ई.
✅Between ➺ चीनी सेना द्वारा भारत के सीमा क्षेत्र पर आक्रमण। कुछ दिन तक युद्ध होने के बाद एक पक्षीय युद्ध विराम की घोषणा। भारत को अपनी सीमा के कुछ हिस्सों को छोड़ना पड़ा ।

25. कारगिल युद्ध (Kargil War)
✅Time ➺ 1999 ई.
✅Between ➺ जम्मू एवं कश्मीर के द्रास और कारगिल क्षेत्र में पाकिस्तानी घुसपैठियों के बीच ।

26. भारत पाक युद्ध (Indo-Pakistani War)
✅Time ➺ 1971 ई.
✅Between ➺ भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध जिसमें पाकिस्तान की हार हुई। फलस्वरूप बांग्लादेश एक स्वतंत्र देश बना ।

27. चौसा का युद्ध (Battle of Chausa)
✅Time ➺ 1539 ई.
✅Between ➺ शेरशाह सूरी ने हुमायूँ को हराया ।

19/09/2023

#सिंधु_घाटी_सभ्यता
सिंधु घाटी सभ्यता (अंग्रेज़ी:Indus Valley Civilization) विश्व की प्राचीन नदी घाटी सभ्यताओं में से एक प्रमुख सभ्यता थी।
इस सभ्यता का उदय सिंधु नदी की घाटी में होने के कारण इसे सिंधु सभ्यता तथा इसके प्रथम उत्खनित एवं विकसित केन्द्र हड़प्पा के नाम पर हड़प्पा सभ्यता, आद्यैतिहासिक कालीन होने के कारण आद्यैतिहासिक भारतीय और सिंधु-सरस्वती सभ्यता के नाम से भी जानी जाती है।
#सभ्यता_का_खोज
इस अज्ञात सभ्यता की खोज का श्रेय 'रायबहादुर दयाराम साहनी' को जाता है। उन्होंने ही पुरातत्त्व सर्वेक्षण विभाग के महानिदेशक 'सर जॉन मार्शल' के निर्देशन में 1921 में इस स्थान की खुदाई करवायी। लगभग एक वर्ष बाद 1922 में 'श्री राखल दास बनर्जी' के नेतृत्व में पाकिस्तान के सिंध प्रान्त के 'लरकाना' ज़िले के मोहनजोदाड़ो में स्थित एक बौद्ध स्तूप की खुदाई के समय एक और स्थान का पता चला।
#सभ्यता_का_विस्तार
अब तक इस सभ्यता के अवशेष पाकिस्तान और भारत के पंजाब, सिंध, बलूचिस्तान, गुजरात, राजस्थान, हरियाणा, पश्चिमी उत्तर प्रदेश, जम्मू-कश्मीर के भागों में पाये जा चुके हैं। इस सभ्यता का फैलाव उत्तर में 'जम्मू' के 'मांदा' से लेकर दक्षिण में नर्मदा के मुहाने 'भगतराव' तक और पश्चिमी में 'मकरान' समुद्र तट पर 'सुत्कागेनडोर' से लेकर पूर्व में पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मेरठ तक है। इस सभ्यता का सर्वाधिक पश्चिमी पुरास्थल 'सुत्कागेनडोर', पूर्वी पुरास्थल 'आलमगीर', उत्तरी पुरास्थल 'मांडा' तथा दक्षिणी पुरास्थल 'दायमाबाद' है। लगभग त्रिभुजाकार वाला यह भाग कुल क़रीब 12,99,600 वर्ग किलोमीटर के क्षेत्र में फैला हुआ है। सिन्धु सभ्यता का विस्तार का पूर्व से पश्चिमी तक 1600 किलोमीटर तथा उत्तर से दक्षिण तक 1400 किलोमीटर था। इस प्रकार सिंधु सभ्यता समकालीन मिस्र या 'सुमेरियन सभ्यता' से अधिक विस्तृत क्षेत्र में फैली थी।
#मुख्य_स्थल
#हड़प्पा : हड़प्पा 6000-2600 ईसा पूर्व की एक सुव्यवस्थित नगरीय सभ्यता थी। मोहनजोदड़ो, मेहरगढ़ और लोथल की ही शृंखला में हड़प्पा में भी पुर्रात्तव उत्खनन किया गया। यहाँ मिस्र और मैसोपोटामिया जैसी ही प्राचीन सभ्यता के अवशेष मिले है। इसकी खोज 1920 में की गई। वर्तमान में यह पाकिस्तान के पंजाब प्रान्त में स्थित है। सन् 1857 में लाहौर मुल्तान रेलमार्ग बनाने में हड़प्पा नगर की ईटों का इस्तेमाल किया गया जिससे इसे बहुत नुक़सान पहुँचा।
#मोहनजोदाड़ो : मोहन जोदड़ो, जिसका कि अर्थ मुर्दो का टीला है 2600 ईसा पूर्व की एक सुव्यवस्थित नगरीय सभ्यता थी। हड़प्पा, मेहरगढ़ और लोथल की ही शृंखला में मोहन जोदड़ो में भी पुर्रात्तव उत्खनन किया गया। यहाँ मिस्र और मैसोपोटामिया जैसी ही प्राचीन सभ्यता के अवशेष मिले है।
#चन्हूदड़ों : मोहनजोदाड़ो के दक्षिण में स्थित चन्हूदड़ों नामक स्थान पर मुहर एवं गुड़ियों के निर्माण के साथ-साथ हड्डियों से भी अनेक वस्तुओं का निर्माण होता था। इस नगर की खोज सर्वप्रथम 1931 में 'एन.गोपाल मजूमदार' ने किया तथा 1943 ई. में 'मैके' द्वारा यहाँ उत्खनन करवाया गया। सबसे निचले स्तर से 'सैंधव संस्कृति' के साक्ष्य मिलते हैं।
#लोथल : यह गुजरात के अहमदाबाद ज़िले में 'भोगावा नदी' के किनारे 'सरगवाला' नामक ग्राम के समीप स्थित है। खुदाई 1954-55 ई. में 'रंगनाथ राव' के नेतृत्व में की गई।
#रोपड़ : पंजाब प्रदेश के 'रोपड़ ज़िले' में सतलुज नदी के बांए तट पर स्थित है। यहाँ स्वतंत्रता प्राप्ति के पश्चात् सर्वप्रथम उत्खनन किया गया था। इसका आधुनिक नाम 'रूप नगर' था। 1950 में इसकी खोज 'बी.बी.लाल' ने की थी।
#कालीबंगा : यह स्थल राजस्थान के गंगानगर ज़िले में घग्घर नदी के बाएं तट पर स्थित है। खुदाई 1953 में 'बी.बी. लाल' एवं 'बी. के. थापड़' द्वारा करायी गयी। यहाँ पर प्राक् हड़प्पा एवं हड़प्पाकालीन संस्कृति के अवशेष मिले हैं।
#सूरकोटदा : यह स्थल गुजरात के कच्छ ज़िले में स्थित है। इसकी खोज 1964 में 'जगपति जोशी' ने की थी इस स्थल से 'सिंधु सभ्यता के पतन' के अवशेष परिलक्षित होते हैं।
#आलमगीरपुर (मेरठ) : पश्चिम उत्तर प्रदेश के मेरठ ज़िले में यमुना की सहायक हिण्डन नदी पर स्थित इस पुरास्थल की खोज 1958 में 'यज्ञ दत्त शर्मा' द्वारा की गयी।
#रंगपुर (गुजरात) : गुजरात के काठियावाड़ प्राय:द्वीप में भादर नदी के समीप स्थित इस स्थल की खुदाई 1953-54 में 'ए. रंगनाथ राव' द्वारा की गई। यहाँ पर पूर्व हडप्पा कालीन सस्कृति के अवशेष मिले हैं। यहाँ मिले कच्ची ईटों के दुर्ग, नालियां, मृदभांड, बांट, पत्थर के फलक आदि महत्त्वपूर्ण हैं। यहाँ धान की भूसी के ढेर मिले हैं। यहाँ उत्तरोत्तर हड़प्पा संस्कृति के साक्ष्य मिलते हैं।

#बणावली (हरियाणा) : हरियाणा के हिसार ज़िले में स्थित दो सांस्कृतिक अवस्थाओं के अवषेश मिले हैं। हड़प्पा पूर्व एवं हड़प्पाकालीन इस स्थल की खुदाई 1973-74 ई. में 'रवीन्द्र सिंह विष्ट' के नेतृत्व में की गयी। #अलीमुराद (सिंध प्रांत) : सिंध प्रांत में स्थित इस नगर से कुआँ, मिट्टी के बर्तन, कार्निलियन के मनके एवं पत्थरों से निर्मित एक विशाल दुर्ग के अवशेष मिले हैं। इसके अतिरिक्त इस स्थल से बैल की लघु मृण्मूर्ति एवं कांसे की कुल्हाड़ी भी मिली है।
#सुत्कागेनडोर (दक्षिण बलूचिस्तान) : यह स्थल दक्षिण बलूचिस्तान में दाश्त नदी के किनारे स्थित है।
हड़प्पाकालीन सभ्यता से सम्बन्धित कुछ नवीन क्षेत्र
खर्वी (अहमदाबाद) कुनुतासी (गुजरात) बालाकोट (बलूचिस्तान) अल्लाहदीनों (अरब महासागर) भगवानपुरा (हरियाणा) देसलपुर (गुजरात) रोजदी (गुजरात)
िर्माण_योजना
इस सभ्यता की सबसे विशेष बात थी यहां की विकसित नगर निर्माण योजना। इस सभ्यता के महत्त्वपूर्ण स्थलों के नगर निर्माण में समरूपता थी। नगरों के भवनो के बारे में विशिष्ट बात यह थी कि ये जाल की तरह विन्यस्त थे।

नगर निर्माण एवं भवन निर्माण :- सभी प्रमुख नगर जिनमे हड़प्पा मोहन जोदड़ो, चन्हुदड़ो, लोथल तथा कालीबंगा सभी प्रमुख नगर नदियों के तट पर बसे थे इन नगरों में सुरक्षा के लिये चारो ओर परकोटा दीवार का निर्माण कराया जाता था । प्रत्येक नगर में चौड़ी एवं लम्बी सड़के थी, चौड़ी सड़के एक दूसरें शहरों को जोड़ती थी । सिन्धु घाटी सभ्यता में कच्चे पक्के, छोटे बड़े सभी प्रकार के भवनों के अवशेष मिले है । भवन निर्माण में सिन्धु सभ्यता के लोग दक्ष थे । इसकी जानकारी प्राप्त भवनावशेषों से होती है । इनके द्वारा निर्मित मकानो में सुख-सुविधा की पूर्ण व्यवस्था थी । भवनों का निर्माण भी सुनियोजित ढंग से किया जाता था । प्रकाश व्यवस्था के लिये रोशनदान एवं खिड़कियां भी बनार्इ जाती थी । रसोर्इ घर, स्नानगृह, आंगन एवं भवन कर्इ मंजिल के होते थे । दीवार र्इटो से बनार्इ जाती थी । भवनो, घरों में कुंये भी बनाये जाते थे । लोथल में र्इटो से बना एक हौज मिला है ।
#विशाल_स्नानागार :- मोहन जादे ड़ो में उत्खनन से एक विशाल स्नानागार मिला जो अत्यन्त भव्य है । स्नानकुण्ड से बाहर जल निकासी की उत्तम व्यवस्था थी । समय-समय पर जलाशय की सफार्इ की जाती थी । स्नानागार के निर्माण के लिये उच्च कोटि की सामग्री का प्रयोग किया गया था, इस कारण आज भी 5000 वर्ष बीत जाने के बाद उसका अस्तित्व विद्यमान है ।
#अन्न_भण्डार :- हड़प्पा नगर के उत्खनन में यहां के किले के राजमार्ग में दानेो ओर 6-6 की पक्तियॉं वाले अन्न भण्डार के अवशेष मिले है, अन्न भण्डार की लम्बार्इ 18 मीटर व चौड़ार्इ 7 मीटर थी । इसका मुख्य द्वार नदी की ओर खुलता था, ऐसा लगता था कि जलमार्ग से अन्न लाकर यहां एकत्रित किया जाता था । सम्भवत: उस समय इस प्रकार के विशाल अन्न भण्डार ही राजकीय कोषागार के मुख्य रूप थे ।
िकास_प्रणाली :- सिन्धु घाटी की जल निकास की याजे ना अत्यधिक उच्च कोटि की थी । नगर में नालियों का जाल बिछा हुआ था सड़क और गलियों के दोनो ओर र्इटो की पक्की नालियॉ बनी हुर्इ थी । मकानों की नालियॉं सड़को या गलियों की नालियों से मिल जाती थी । नालियों को र्इटो और पत्थरों से ढकने की भी व्यवस्था थी । इन्हें साफ करने स्थान-स्थान पर गड्ढ़े या नलकूप बने हुये थे । इस मलकूपों में कूडा करकट जमा हो जाता था और नालियों का प्रवाह अवरूद्ध नहीं होता था । नालियों के मोडो और संगम पर र्इटो का प्रयोग होता था ।
#सड़कें :- सिंधु सभ्यता में सड़कों का जाल नगर को कई भागों में विभाजित करता था। सड़कें पूर्व से पश्चिम एवं उत्तर से दक्षिण की ओर जाती हुई एक दूसरे को समकोण पर काटती थी। मोहनजोदाड़ो में पाये गये मुख्य मार्गो की चौड़ाई लगभग 9.15 मीटर एवं गलियां क़रीब 3 मीटर चौड़ी होती थी। सड़को का निर्माण मिट्टी से किया गया था। सड़को के दोनो ओर नालियों का निर्माण पक्की ईटों द्वारा किया गया था और इन नालियों में थोड़ी-थोड़ी दूर पर ‘मानुस मोखे‘बनाये गये थे। नलियों के जल निकास का इतना उत्तम प्रबन्घ किसी अन्य समकालीन सभ्यता में नहीं मिलता ।
#सामाजिक_जीवन -
हड़प्पा जैसी विकसित सभ्यता एक मजबतू कृषि ढांचे पर ही पनप सकती थी । हड़प्पा के किसान नगर की दीवारों के समीप नदी के पास मैदानों में रहते थे । यह शिल्पकारों, व्यापारियों और अन्य शहर में रहने वालों के लिए अतिरिक्त अन्न पैदा करते थे । कृषि के अलावा ये लोग बहुत सी अन्य कलाओं में भी विशेष रूप से निपुण थे । घरों के आकारों में भिन्नता को देखते हुए कुछ विद्वानों का मत है कि हड़प्पा समाज वर्गो में बंटा था ।

#भोजन :- हड़प्पा संस्कृति के लागे भोजन के रूप में गेहॅूं, चावल, तिल, मटर आदि का उपयोग करते थे । लोग मांसाहारी भी थे । विभिन्न जानवरों का शिकार कर रखते थे । फलो का प्रयोग भी करते थे । खुदार्इ से बहुत सारे ऐसे बर्तन मिले है, जिनसे आकार एवं प्रकार से खाद्य व पेय सामग्रियों की विविधता का पता लगता है । पीसने के लिये चक्की का प्रयोग करते थे ।
#वस्त्र :- सिन्धु घाटी के निवासियों की वेष भूषा के सम्बन्ध में कहा जाता है कि महिलायें घाघरा साड़ी एवं पुरूष धोती एवं पगड़ी का प्रयोग करते थे । स्वयं हाथ से धागा बुनकर वस्त्र बनाते थे।
#आभूषण एवं सौदर्य प्र्साधन :- स्त्री, पुरूष दोनो आभूषण धारण करते थे । आभषूणों में हार कंगन, अंगूठी, कर्णफूल, भुजबन्ध, हंसली, कडे, करधनी, पायजेब आदि विशेष उल्लेखनीय है । कर्इ लड़ी वाली करधनी और हार भी मिले है । आभूषण सोने, चॉदी, पीतल, तांबा, हाथी दांत, हड्डियों और पक्की मिट्टी के बने होते है । अमीर बहुमूल्य धातुओं और जवाहरातों के आभूषण धारण करते थे । स्त्री पुरूष दोनो श्रृंगार प्रेमी थे धातु एवं हाथी दांत की कंघी एवं आइना का प्रयोग करते थे । केश विन्यास उत्तम प्रकार का था खुदार्इ से काजल लगाने की एवं होठों को रंगने के अनेक छोटे-छोटे पात्र मिले हैं ।
#मनोरंजन :- सिन्धु सभ्यता के लोग मनोरजं न के लिये विविध कलाओं का प्रयोग करते थे जानवरों की दौड़ शतरंज खेलते थे, नृत्यगंना की मूर्ति हमें हड़प्पा संस्कृति में नाच गाने के प्रचलन को बताती है । मिट्टी एवं पत्थर के पांसे मिले है
#प्रौद्योगिकी ज्ञान :- सिन्धु सभ्यता के लोगों का भवन निर्माण, विशाल अन्न भण्डार जल निकासी व्यवस्था, सड़क व्यवस्था देखकर उनकी तकनीकी ज्ञान बहुत रहा होगा, ऐसा अनुमान लगाया जाता है, वे मिश्रित धातु बनाना जानते थे, उनकी मूर्तियॉं एवं आभूषण बहुत खुबसूरत थे।
#मृतक कर्म :- इस काल में भी शवों के जमीन में दफनाया जाता था । शवों के साथ पुरा पाषाण काल के समान भोजन, हथियार, गृह-पात्र तथा अन्य उपयोगी वस्तुएँ भी साथ में रख दी जाती थी । मृतकों की कब्रों के ऊपर बड़े-बड़े पत्थर भी रख दिये जाते थे, जिनको रखने का मुख्य उद्देश्य मृतकों को सम्मान देना था । कुछ स्थलों पर शवो को जलाने की प्रथा का भी प्रचलन हो गया था । जब शव जल जाता था तो उसकी राख को मिट्टी के बने घड़ों में रखकर सम्मान के साथ जमीन में गाड़ दिया जाता था ।
#चिकित्सा विज्ञान :- सिन्धु सभ्यता के निवासी विभिन्न औषधियों से परिचित थे, तथा हिरण, बारहसिंघे के सीगों, नीम की पत्तीयों एवे शिलाजीत का औषधियों की तरह प्रयोग करते थे, उल्लेखनीय है कि सिन्धु सभ्यता में खोपड़ी की शल्य चिकित्सा के उदाहरण भी काली, बंगा एवं लोथल से प्राप्त होते है । समुद्र फेन (झाग) भी औषधि के रूप में प्रयोग में लाया जाता था।
आर्थिक जीवन
#कृषि_एवं_पशुपालन :- आज के मुकाबले सिन्धु प्रदेश पूर्व में बहुत उपजाऊ था। सिन्धु की उर्वरता का एक कारण सिन्धु नदी से प्रतिवर्ष आने वाली बाढ़ भी थी। गाँव की रक्षा के लिए खड़ी पकी ईंट की दीवार इंगित करती है बाढ़ हर साल आती थी। यहां के लोग बाढ़ के उतर जाने के बाद नवंबर के महीने में बाढ़ वाले मैदानों में बीज बो देते थे और अगली बाढ़ के आने से पहले अप्रैल के महीने में गेहूँ और जौ की फ़सल काट लेते थे। यहाँ कोई फावड़ा या फाल तो नहीं मिला है लेकिन कालीबंगां की प्राक्-हड़प्पा सभ्यता के जो कूँट (हलरेखा) मिले हैं उनसे आभास होता है कि राजस्थान में इस काल में हल जोते जाते थे।
सिन्धु घाटी सभ्यता के लोग गेंहू, जौ, राई, मटर, ज्वार आदि अनाज पैदा करते थे। वे दो किस्म की गेँहू पैदा करते थे। बनावली में मिला जौ उन्नत किस्म का है। इसके अलावा वे तिल और सरसों भी उपजाते थे। सबसे पहले कपास भी यहीं पैदा की गई। इसी के नाम पर यूनान के लोग इस सिन्डन (Sindon) कहने लगे। हड़प्पा योंतो एक कृषि प्रधान संस्कृति थी पर यहां के लोग पशुपालन भी करते थे। बैल-गाय, भैंस, बकरी, भेड़ और सूअर पाला जाता था। हड़प्पाई लोगों को हाथी तथा गैंडे का ज्ञान था।
#व्यापार :- यहां के लोग आपस में पत्थर, धातु शल्क (हड्डी) आदि का व्यापार करते थे। एक बड़े भूभाग में ढेर सारी सील (मृन्मुद्रा), एकरूप लिपि और मानकीकृत माप तौल के प्रमाण मिले हैं। वे चक्के से परिचित थे और संभवतः आजकल के इक्के (रथ) जैसा कोई वाहन प्रयोग करते थे। ये अफ़ग़ानिस्तान और ईरान (फ़ारस) से व्यापार करते थे। उन्होंने उत्तरी अफ़गानिस्तान में एक वाणिज्यिक उपनिवेश स्थापित किया जिससे उन्हें व्यापार में सहूलियत होती थी। बहुत सी हड़प्पाई सील मेसोपोटामिया में मिली हैं जिनसे लगता है कि मेसोपोटामिया से भी उनका व्यापार सम्बंध था। मेसोपोटामिया के अभिलेखों में मेलुहा के साथ व्यापार के प्रमाण मिले हैं साथ ही दो मध्यवर्ती व्यापार केन्द्रों का भी उल्लेख मिलता है - दलमुन और माकन। दिलमुन की पहचान शायद फ़ारस की खाड़ी के बहरीन के की जा सकती है।
#उद्योग-धंधे :- यहाँ के नगरों में अनेक व्यवसाय-धन्धे प्रचलित थे। मिट्टी के बर्तन बनाने में ये लोग बहुत कुशल थे। मिट्टी के बर्तनों पर काले रंग से भिन्न-भिन्न प्रकार के चित्र बनाये जाते थे। कपड़ा बनाने का व्यवसाय उन्नत अवस्था में था। उसका विदेशों में भी निर्यात होता था। जौहरी का काम भी उन्नत अवस्था में था। मनके और ताबीज बनाने का कार्य भी लोकप्रिय था,अभी तक लोहे की कोई वस्तु नहीं मिली है। अतः सिद्ध होता है कि इन्हें लोहे का ज्ञान नहीं था।
कला का विकास
#मूर्तिकला या प्रतिमाएं :- हडप़्पा सभ्यता के लोग धातु की सुन्दर प्रतिमाएं बनाते थे । इनका सबसे सुन्दर नमूना कांसे की बनी एक नर्तकी की मूर्ति है । खुदार्इ में सेलखड़ी की बनी एक दाढ़ी वाले पुरूष की एक अर्ध प्रतिमा प्राप्त हुर्इ है । उस के बांये कन्धे से दांये हाथ के नीचे तक एक अलंकृत दुशाला और माथे पर सरबन्ध है । पत्थर की बनी हुर्इ दो पुरूषों की प्रतिमाए हड़प्पा की लघु मूर्तिकला का उदाहरण है ।
#चित्रकला :- अनेक बर्तनों तथा मोहरो पर बने चित्रों से ज्ञात होता है कि सिन्धु घाटी के लोग चित्रकला में अत्यधिक प्रवीण थे । मुहरो पर सांडो और भैंसो की सर्वाधिक कलापूर्ण ढंग से चित्रकारी की गर्इ है । वृक्षों के भी चित्र बनाये गये है ।

#मुद्रा कला :- हड़प्पा की खुदार्इ में विभिन्न प्रकार की मुद्रायें मिली है ये मुद्रायें वर्गाकार आकृति की है जिन पर एक ओर पशुओं के चित्र बने है तथा दूसरी ओर लेख है । ये हांथी दांत व मिट्टी के लगभग 3600 मुहरे प्राप्त हुर्इ है ।
#धातु कला :- सिन्धु सभ्यता की कलाओं में धातु कला जिसमें विशेष स्वर्ण कला का उल्लेख मिलता है । यहां के सोनारों द्वारा गलार्इ, ढलार्इ, नक्कासी जोड़ने आदि का कार्य किया जाता था । सिन्धु काल की कलाकृतियां इतनी विलक्षण और मनोहर है कि ऐसी कारीगरी पर आज का सुनार भी गर्व कर सकता है ।
#पात्र निर्माण कला :- खुदार्इ में अनेक ताम्र एवं मिट्टी के पात्र मिले है जो बहुत सुन्दर एवं उच्च कोटि के है यह वर्गाकार, आयताकार, गोलाकार में मिले है । ये पानी भरने एवं अनाज रखने के काम आते थे ।
ताम्र्रपात्र निर्माण कला :- खुदार्इ में अनेक ताबें के पात्र मिले है ये वर्गाकार, आयताकार में है जिसमें चित्रकारी है ।
#वस्त्र निर्माण कला :- सिन्धु सभ्यता की खुदार्इ की गइर् तो तकलियॉ प्राप्त हुर्इ है जिनसे सूत कातने के काम में भी यहां के निवासी निपुण थे ।
#नृत्य_तथा_संगीत_कला :- इस बात के भी प्रमाण हैं कि सिन्धुवासी नृत्य तथा संगीत से परिचित थे । पहले हम कांसे की बनी एक नर्तकी की मूर्ति का उल्लेख कर आये है । इससे स्पष्ट है कि सिन्धु प्रदेश में नृत्य कला का प्रचार था । इस मूर्ति की भावभंगिमा वैसी ही हृदयग्राही है जैसी कि ऐतिहासिक युग की मूर्तियों में देखने को मिलती है । बर्तनों पर कुछ ऐसे चित्र मिले हैं जो ढोल और तबले से मिलते-जुलते हैं । अनुमान है कि सिन्धुवासी वाद्ययन्त्र भी बनाना जानते थे ।
#लिपि_या_लेखन_कला :- मेसोपोटामिया के निवासियों की तरह हड़प्पा वासियों ने भी लेखन कला का विकास किया । यद्यपि इस लिपि के पहले नमूने 1853 में प्राप्त हुये थे पर अभी तक विद्वान इसका अर्थ नहीं निकाल पाए हैं । कुछ विद्वानों ने तो इसे पढ़ने के लिए कम्प्यूटर का भी उपयोग किया पर वह भी असफल हैं । इस लिपि का द्रविड़, संस्कृत या सुमेर की भाषाओं से संबंध स्थापित करने के प्रयत्नों का भी कोर्इ संतोषजनक परिणाम नहीं निकला है । हड़प्पा की लिपि को चित्र लिपि माना जाता है । इस लिपि में हर अक्षर एक चित्र के रूप में किसी ध्वनी, विचार या वस्तु का प्रतीक होता है । लगभग 400 ऐसे चित्रलेख देखने में आये हैं। यह लिपि अभी तक पढ़ी नहीं जा सकी है अत: हम हड़प्पा संस्कृति के साहित्य, विचारों या शासन व्यवस्था के विषय में अधिक नहीं कह सकते हैं । पढ़ना व लिखना शायद एक वर्ग तक सीमित था ।
#धार्मिक_जीवन
हड़प्पा के लोग एक ईश्वरीय शक्ति में विश्वास करते थे
शिव की पूजा :- मोहनजोदड़ों से मैके को एक मुहर प्राप्त हुई जिस पर अंकित देवता को मार्शल ने शिव का आदि रुप माना आज भी हमारे धर्म में शिव की सर्वाधिक महत्ता है। मातृ देवी की पूजा:- सैन्धव संस्कृति से सर्वाधिक संख्या में नारी मृण्य मूर्तियां मिलने से मातृ देवी की पूजा का पता चलता है। यहाँ के लोग मातृ देवी की पूजा पृथ्वी की उर्वरा शक्ति के रूप में करते थे (हड़प्पा से प्राप्त मुहर के आधार
#मूर्ति पूजा :- हड़प्पा संस्कृति के समय से मूर्ति पूजा प्रारम्भ हो गई हड़प्पा से कुछ लिंग आकृतियां प्राप्त हुई है इसी प्रकार कुछ दक्षिण की मूर्तियों में धुयें के निशान बने हुए हैं जिसके आधार पर यहाँ मूर्ति पूजा का अनुमान लगाया जाता है। हड़प्पा काल के बाद उत्तर वैदिक युग में मूर्ति पूजा के प्रारम्भ का संकेत मिलता है हलाँकि मूर्ति पूजा गुप्त काल से प्रचलित हुई जब पहली बार मन्दिरों का निर्माण प्रारम्भ हुआ।
#जल पूजा :- मोहनजोदड़ों से प्राप्त स्नानागार के आधार पर।
#सूर्य पूजा :- मोहनजोदड़ों से प्राप्त स्वास्तिक प्रतीकों के आधार पर। स्वास्तिक प्रतीक का सम्बन्ध सूर्य पूजा से लगाया जाता है
#नाग पूजा: मुहरों पर नागों के अंकन के आधार पर।
#वृक्ष पूजा:- मुहरों पर कई तरह के वृक्षों जैसे-पीपल, केला, नीम आदि का अंकन मिलता है। इससे इनके धार्मिक महत्ता का पता चलता है।

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