04/09/2026
जिसका जन्म अंधकार भरी कारागार में हुआ,
उसने संसार को प्रकाश का मार्ग दिखाया।
जिसने बचपन में बिछड़ने का दर्द सहा,
उसने प्रेम को कभी बंधन नहीं बनने दिया।
जिसने महाभारत का युद्ध देखा,
उसने अर्जुन को युद्ध से पहले स्वयं से लड़ना सिखाया।
कृष्ण का जीवन केवल जन्म से मृत्यु तक की यात्रा नहीं,
बल्कि मोह से मुक्ति, कर्म से धर्म और
अंधकार से प्रकाश की यात्रा है।
उन्होंने सिखाया—
जो तुम्हारा है, उसे खोने का भय मत रखो;
जो तुम्हारा नहीं, उसे पाने का मोह मत रखो।
बस अपने कर्म को इतना सच्चा रखो
कि जीवन का अंत भी आए,
तो आत्मा को कोई पछतावा न रहे।
🦚 यही कृष्ण हैं—प्रेम भी, नीति भी;
मुरली भी, सुदर्शन भी;
और जीवन के हर अंधकार में
आशा का अंतिम दीप भी। 🙏
जय श्री कृष्ण।