निषाद शेरनी सरिता निषाद

निषाद शेरनी सरिता निषाद

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मेरा उद्देश्य समाज को जगाना है इसके लिए कुछ भी करना पड़े तो करूंगी। जय निषादराज जय फूलन

18/10/2021

#सबको_अपने_जाति_और_चुनाव_चिन्ह_पार्टी_पर_घमंड_है_तो_हम_निषादों_को_क्यों_नहीं..........
#यादवों को घमंड है, वो #साईकिल पर #वोट देते है, और मांगते है!
#हरजन भाईयो को घमंड है #हाथी को #वोट देते है, और मांगते है!
#मुसलमानो को घमंड है वो #पंजा व #साईकिल को #वोट देते है! और मांगते है।
#ठाकुर_ब्राह्मणों को घमंड है #कमल पर #वोट देते है, और मांगते है!
अब #निषादों को भी #घमंड होना चाहिए, कि वो अपनी #नाव पर वोट करेंगे!
अब तक दूसरो को सिर्फ #वोट #देने वाले बनते थे, अब खुद #वोट #मांगने वाले बनेंगे!

ीम_जय_फूलन
- सरिता निषाद✍🏼

13/10/2021

हमारा #समाज बिल्कुल #कुंभकर्ण की तरह है, अब #सोया नहीं, #जाग गया है, लेकिन #भ्रम में है, #अच्छाई का साथ दें, या #बुराई का साथ दें!
क्योंकि दोनों तरफ #भाई है, एक #भाई अपने #अस्तित्व #मान_मर्यादा के लिए लड़ रहा है,
तो दूसरा अपने #समाज अपने #परिवार के खिलाफ दूसरे को #मजबूत बनाने के लिए लड़ रहा है!
याद रखो #लड़ाई चाहे #सत्ता की हो या #राज्य की हो अपनों के #बिखराव का अंत #दुष्परिणाम_विनाश ही होता है!

- #सरिता_निषाद✍🏼

12/10/2021

आईडी पर फ्रेंड रिक्वेस्ट लिमिट फुल हो गई है।
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(जय भीम जय फूलन)

03/10/2021

जय भीम जय फूलन
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आईडी पर 5000 की लिमिट पूरी हो गई।

25/09/2021

सारे तीज, त्याहोर, व्रत, उपवास महिलाओं के ज़िम्मे ही क्यों है ? कहीं ये महिलाओं को ग़ुलाम रखने की मानसिकता तो नहीं ! जागरूक महिलाओं के लिये विचारणीय प्रश्न.

22/09/2021

उन डिग्रियों का कोई फायदा नहीं,जिनको हासिल करने के बाद भी तुम पत्थर पूजते हो जानवर से भी बद्दतर है ऐसे मूर्ख..!👍

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