आज, हमारे लिए एक भावुक और प्रेरणादायक दिन है।
आज से पाँच साल पहले, हमने अपने जीवन के सबसे अहम प्रेरणास्रोत, श्री रामाकांत मिश्रा जी को खो दिया था, लेकिन उनकी विरासत ने हमें जीने का एक नया उद्देश्य दिया है।
इन पाँच सालों में, उनकी सोच, उनके आदर्श और उनकी प्रेरणा ही हमारे मार्गदर्शक बने रहे। उन्हीं की स्मृति और उनके नाम पर स्थापित आर.के. मिश्रा फ़ाउंडेशन फ़ॉर एजुकेशनल एम्पावरमेंट के ज़रिये हमने समाज में शिक्षा को बढ़ावा देने, जागरूकता फ़ैलाने और अपने स्तर पर छोटे-छोटे सकारात्मक प्रयास करने की निरंतर कोशिश की है। हमें संतोष है कि इन कोशिशों से हम कुछ हद तक बदलाव लाने में सफल भी हुए हैं।
रमाकांत जी सिर्फ़ एक व्यक्ति नहीं थे, बल्कि एक ऐसी प्रेरणा थे, जो हर निराश मन में भी आशा की नई किरण जगा देते थे। वे जीवन को पूरी खुशी के साथ जीने की कला जानते थे, और उनके संपर्क में आने वाला हर व्यक्ति उनसे यही सीख लेकर जाता था कि जीवन के हर पल को सकारात्मकता और प्रसन्नता के साथ कैसे जिया जाए। इन्होंने अपने दरवाज़े पर आए किसी भी व्यक्ति को कभी ख़ाली हाथ वापस नहीं जाने दिया। यथासंभव जब जितना बन पड़ा बेहिचक मदद की।
भले ही आज उन्हें हमारे बीच से गए पाँच साल हो चुके हैं, लेकिन उन्हें जानने वाले और उनसे जुड़े हर व्यक्ति के दिल में उनकी यादें आज भी उतनी ही जीवंत हैं।
आज हम संकल्प लेते हैं कि उनकी दी हुई सीख और मूल्यों को आगे बढ़ाते रहेंगे। हम यह भी आग्रह करते हैं कि आप सभी, चाहे आपने उन्हें जाना हो या नहीं उनसे यह छोटी सी प्रेरणा लेकर, एक-दूसरे की मदद करते रहें।
क्योंकि छोटे-छोटे सकारात्मक कदम ही मिलकर बड़े बदलाव की नींव रखते हैं।
🙏 उनकी स्मृतियों को विनम्र श्रद्धांजलि🙏
#शिक्षाज़रूरीहै
R K Mishra Foundation For Educational Empowerment
R K Mishra Foundation For Educational Empowerment, an initiative to carry on the legacy and vision of our beloved father.
Mr.Mishra had dedicated a major part of his life in the upliftment of poor students by supporting them in free and quality education.
23/04/2025
https://www.facebook.com/share/p/157Yyxe6js/
इस संस्था के लिए प्रेरित करने वाले स्वर्गीय रामाकांत मिश्र जी को गए कल चार साल हो गए. लेकिन उनकी बातें हमें आज भी दूसरों की मदद करने और ज़िंदगी में खुश रहने की प्रेरणा देती हैं. 2021 में The Better India - Hindi पर उनके बारे में छपा ये लेख पढ़िए🙏
“I haven’t earned money, but people.” This is what my father firmly believed all his life. He was ready to help everybody, regardless of whether they were known to him or a stranger, rich or poor.
He was an inspiration to everyone around him. He came from a traditional farmer family, and rose to great heights with his government job. When he came to Ranchi [Jharkhand], he had little to nothing to his name and worked hard to earn a better life for himself.
He was never disappointed – he was an ever hopeful person, even in the worst of times.
When we were little, an unemployed person in our neighbourhood would frequently visit our house. He’d come home and often ask us to get him tea, and interrupt us while we’re studying. When we complained to papa, he told us, “Beta, never judge a person by his present. He’s coming to you because he needs help. You never know when you might need help some day.” And that’s one lesson I carry with me even today.
Even two months after his death, we hear so many stories from people who knew and loved him, and whose lives he touched. These include a vegetable vendor who he helped financially when she needed money for her daughter’s wedding, and from someone from the nearby basti who he helped get medical treatment to fight a deadly disease. He was a raja (king) by heart and knew how to be happy with the little things.
He was a massive foodie – during his last days, while he was in the hospital, he would enjoy a well-cooked Anda Curry and even requested that I click a picture of him enjoying the meal and email it to my siblings to bring a smile to their faces. Even as a COVID patient, he went to the hospital with such zeal, and even carried a freshly ironed set of clothes to wear when he gets discharged. Unfortunately, that day never came. This Father’s Day without him was so hard for all of us.
-As told by Neha, Mr Mishra’s daughter
(https://www.facebook.com/profile.php?id=715405059)
27/11/2024
तीन साल पहले जब हमने ये पोस्ट शेयर की थी तो हमारा मकसद सिर्फ़ इतना था कि एक बच्ची जो पढ़ने में अच्छी है उसकी पढ़ाई पैसे की कमी की वजह से न रुके, इसलिए हमने दीप्ति की तब तक मदद की जब तक उसका ग्रेजुएशन पूरा नहीं हो गया. आज हमें यह बताते हुए बेहद ख़ुशी हो रही है कि दीप्ति का सिलेक्शन SBI में हो गया है और अब वह अपने लिए एक उज्जवल भविष्य के सपने तो बुन ही सकेगी साथ ही परिवार की ज़िम्मेदारियाँ भी उठा सकेगी और उस परिवार का सहारा बनेगी जो उनके पिता के अचानक चले जाने से पूरी तरह टूट चुका था. इस ख़ुशी के भागीदार आप भी हैं, बिना आपके भरोसे और मदद के यह संभव नहीं था. तो चलिए ऐसी छोटी-छोटी कोशिशें जारी रखते हैं, ताकि फिर कहीं कोई दीप्ति अपने घर के हालात सुधारने की दिशा में काम कर सके🙏
15/11/2024
आपमें से जिन लोगों ने भी मदद की थी, आपका बहुत-बहुत धन्यवाद. आपकी मदद से हमने उन दोनों बच्चों की अप्रैल से अगस्त तक के फ़ीस की पेमेंट कर दी है. जैसा की हमने पहले बताया था कि परिवार एक बहुत बुरे दौर से गुज़र रहा है, ऐसे में आप सबकी मदद से भले उनका दुख कम न हुआ हो लेकिन सहारा तो बना ही. वैसे अभी हमने आधा सफर तय किया है, मंज़िल अभी दूर है, अभी भी दोनों बच्चों के साल भर की फ़ीस के लिए हमें लगभग 40,000 इकट्ठा करने हैं. हमें भरोसा है कि आप लोगों की मदद से हम इस नेक काम को ज़रूर पूरा कर लेंगे.
फिलहाल, आप लोगों की दी हुई रकम में हमने अपनी तरफ़ से जोड़कर लगभग 48000 जमा कर दिए हैं. एक बार फिर से आपका बहुत-बहुत धन्यवाद🙏🙏
#शिक्षा
Helping two kids continue their education We are a Jharkhand based NGO named R K Mishra Foundation for Educational Empowerment (RKMFEE). We started this NGO in memory of our father whom we lost to Covid. Our father Mr. R.K Mishra was a social worker who helped poor kids in their education. After our father's demise, we decided to take his
03/11/2024
UPDATE: We've raised 37% of our goal, thanks to your support!
But we still have a long way to go...
Can you help us reach more people and achieve our target?
Share this post with friends & family and donate now!
28/10/2024
https://www.instagram.com/stories/milindchandwani/3488493315676692027?igsh=cWV3aXo5b2Fmc3V6
Thank you all for your support but we are still far away from our goal. Please help & Share🙏🙏
Watch this story by Milind Chandwani on Instagram before it disappears. 99K Followers, 2,856 Following, 241 Posts
25/10/2024
हमारे पास एक मामला आया है. दो बच्चे हैं, एक क्लास 9 और दूसरा क्लास 6. कुछ महीने पहले पता चला कि इनके पिताजी को लास्ट स्टेज कैंसर है. वे पिछले चार महीनों से वेंटिलेटर पर हैं. ऐसे में बच्चों की इस साल की फ़ीस का पेमेंट नहीं हो पाया है. रकम ज़्यादा है इसलिए इस बार आपकी थोड़ी मदद चाहिए. मन करे तो नीचे लिंक पर जाकर मदद कर दें. बच्चों की जानकारी नहीं दी गई है, क्योंकि हम ऐसे समय में परिवार की परेशानी बढ़ाना नहीं चाहते. फिर भी अगर किसी को इस मामले पर और जानकारी चाहिए तो आप हमसे इस पेज के ज़रिए या WhatsApp पर संपर्क कर सकते हैं.
Helping two kids continue their education We are a Jharkhand based NGO named R K Mishra Foundation for Educational Empowerment (RKMFEE). We started this NGO in memory of our father whom we lost to Covid. Our father Mr. R.K Mishra was a social worker who helped poor kids in their education. After our father's demise, we decided to take his
05/07/2024
यश रांची के एक मशहूर स्कूल का एक मेधावी छात्र है. दसवीं की परीक्षा में यश को 95% से ज़्यादा अंक मिले थे. कोरोना में यश के पिता के बिज़नेस पर कुछ ऐसा असर हुआ कि उस नुकसान से उनका परिवार अभी भी ऊबर नहीं पाया है. यही वजह थी कि इतने अच्छे अंकों के बावजूद यश को 12वीं में एडमिशन लेने में समस्या हो रही थी. ऐसे में जब यह बात R K Mishra Foundation For Educational Empowerment तक पहुंची तो हमने यश की मदद करने में तनिक भी देर न की. यही तो R K Mishra Foundation For Educational Empowerment का लक्ष्य है कि यश जैसे मेधावी छात्रों की शिक्षा के रास्ते में उनकी आर्थिक स्थिति आड़े न आए. हमें खुशी है कि हमने एक और मेधावी छात्र के रास्ते की मुश्किलों को थोड़ा आसान बनाने की कोशिश की है. एक बात और, यह सब आप के सपोर्ट के बिना संभव नहीं है. तो, पोस्ट को लाइक और शेयर करते रहिए, ताकि फिर कहीं कोई यश ऐसी मदद की तलाश में हो, तो हम उस वक्त भी उसकी मदद से न चूकें. चलते चलते एक बात और, आईटीआर भरने का समय चल रहा है, अगर किसी का भला करके टैक्स बचाने का मन हो तो आपको बता दें कि R K Mishra Foundation For Educational Empowerment में दान करने पर आपको 80G के तहत छूट मिल सकती है. ज़्यादा जानकारी के लिए हमसे संपर्क करें. 'svision # #शिक्षाज़रूरीहै @फ़ॉलोअर्स
हमें हर रोज़ लगता है कि इस संस्था के ज़रिये हम जितना कुछ भी कर पाते हैं वह एक बड़े से समंदर का कतरा भी नहीं। कितने बच्चे हैं जिन्हें अपने भविष्य को उज्ज्वल बनाने के लिए हम जैसी किसी संस्था की तलाश होती है। खैर, हमारी मुहिम जारी है और हमसे जितना संभव होगा हम करते रहेंगे। लेकिन इसी बीच अगर थोड़ी शाबाशी मिल जाए या किसी तरह का सपोर्ट मिल जाए तो जोश दोगुना हो जाता है। एक सेलिब्रिटी हैं Milind Chandwani जो खुद भी शिक्षा के क्षेत्र में सक्रिय हैं। उन्होंने आज कह दिया कि इस संस्था का समर्थन करें, ये अच्छा काम कर रही है। तो आज लगा कि हम श्री रामाकांत मिश्रा जी के विज़न को सही तरीके से आगे ले जा रहे हैं। आप बस ऐसे ही हमारा साथ देते रहिए, क्योंकि आप के साथ के बिना कुछ भी संभव नहीं।
आज स्वंतत्रता दिवस🇮🇳 के शुभ अवसर R K Mishra Foundation For Educational Empowerment की ओर से की गई एक और मदद की कहानी!
सबसे पहले तो आप सबको स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं🇮🇳🇮🇳 आज हम आपको समीक्षा की कहानी सुनाने वाले हैं जो नौवीं कक्षा की छात्रा है. डॉक्टर बनने का सपना देख रही इस बच्ची के लिए मां के बिन रहने का ग़म और पिता की आर्थिक तंगी ने एक बड़ी चुनौती खड़ी कर दी थी. लेकिन जैसे ही हम तक यह बात पहुंची हमने तय किया कि हम इस बच्ची का सपना टूटने नहीं देंगे और हमने उसकी दसवीं तक की पढ़ाई की ज़िम्मेदारी उठा ली. हमें भरोसा है समीक्षा मन लगाकर पढ़ेगी और अपना सपना ज़रूर पूरा करेगी. वैसे भी, अशिक्षा से सही मायने में आज़ादी तभी मिलेगी जब इस देश का हर बच्चा साक्षर होगा. अगर यह वीडियो देखकर आपका भी समीक्षा या उसके जैसे किसी बच्चे की मदद करने का मन हो रहा हो तो हमारे वेबसाइट www.rkmcee.in के डोनेट पेज पर जाकर उनकी मदद की जा सकती है.
#शिक्षा
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