28/05/2026
"बिहार के औरतों की कीमत है 80 हजार रुपए और हरियाणा में भैंस बिकता है 1 लाख 30 हजार रुपए में। बिहारन औरतें हरियाणा की भैंस से 50 हजार रुपए सस्ती है।"
यही कहता था गुड़गांव में रहने वाले बिहार के रामपुकार यादव का शोषण करने वाला उनका मैनेजर। रामपुकार यादव ने उसके शोषण से परेशान होकर 15 मई को आत्महत्या कर लिया। मरने से पहले उन्होंने 8 पेज का सुसाइड नोट लिखा था। रामपुकार ने उसमें लिखा है की उनका मैनेजर उनको बिहारी कहके जलील करता था। उनका शारीरिक, मानसिक, आर्थिक शोषण करता था। उन्हें लड़की व्यवस्था करने को कहता था। लड़की व्यवस्था नहीं होने पे कहता था की अपनी पत्नी को बिहार से बुलाओ। बिहार के औरतों की कीमत ही क्या होती है। बिहार के औरतों की कीमत है 80 हजार रुपए और हरियाणा में भैंस बिकता है 1 लाख 30 हजार रुपए। बिहारन औरतें हरियाणा की भैंस से 50 हजार रुपए सस्ती है एक बच्ची के पिता 31 साल के रामपुकार यादव यह सब नहीं झेल पाया और हारकर आत्महत्या कर लिया।
रामपुकार यादव बेगूसराय के था। उसकी एक बच्ची है छोटी सी, पत्नी है गांव में। परिवार बेसहारा हो गया। बिहारी इसी तरह बिहारी होने के वजह से अन्य प्रदेशों में मर रहे हैं ये हम सब के लिए शर्म की बात हैl
से हम अनुरोध करते हैं इस मामले की उच्चस्तरीय जांच हो, दोषी व्यक्ति के खिलाफ प्रशासन ठोस कदम उठाए तथा पीड़ित व्यक्ति के परिजनों को बिहार सरकार की तरफ से मुआवजा और एक सरकारी नौकरी दिया जायेl