UPSC wale

UPSC wale RAS, TEACHERS EXAM ,ARMY,SSC, AIRFORCE,NAVY,UPSC,ALL EXAMS PREPARATION HUB https://t.me/jaipurreetgovt

27/04/2026
UPSC prelims important questions ..................
29/03/2026

UPSC prelims important questions ..................

Climate of Rajasthan
08/02/2026

Climate of Rajasthan

Current january 2026
07/02/2026

Current january 2026

Shout out to my newest followers! Excited to have you onboard! Pravin Badani, Jeetram Bairwa, Raghubhai Makwana, Badal J...
07/02/2026

Shout out to my newest followers! Excited to have you onboard! Pravin Badani, Jeetram Bairwa, Raghubhai Makwana, Badal Jhony, Kalen Digi, Khusboo Nesha, Nirupoma Mandal, Kamal Singh, नरेंद्र डवर, Chabita Islary

"खेल-खेल में भी हार स्वीकार नहीं!मेवाड़ के राणा लाखा ने कसम खाई थी कि जब तक बूंदी का किला नहीं जीतेंगे, अन्न-जल ग्रहण नह...
07/02/2026

"खेल-खेल में भी हार स्वीकार नहीं!
मेवाड़ के राणा लाखा ने कसम खाई थी कि जब तक बूंदी का किला नहीं जीतेंगे, अन्न-जल ग्रहण नहीं करेंगे।
कसम पूरी करने के लिए 'मिट्टी का नकली बूंदी किला' बनाया गया ताकि उसे तोड़कर रस्म पूरी हो।
लेकिन उस नकली किले की रक्षा के लिए एक अकेले कुम्भा हाड़ा ने असली तलवार उठा ली और लड़ते हुए जान दे दी। उसने कहा—'नकली हो या असली, हाड़ा के जीते जी बूंदी नहीं गिर सकती।'"

January 2026 current affairs              #फैक्ट
06/02/2026

January 2026 current affairs
#फैक्ट

1394 ई. में मंडोर किले पर तुर्कों का कब्जा था।तब राव चूंडा ने एक गजब की चाल चली।घास की गाड़ियों के अंदर हथियारबंद राजपूत ...
06/02/2026

1394 ई. में मंडोर किले पर तुर्कों का कब्जा था।
तब राव चूंडा ने एक गजब की चाल चली।
घास की गाड़ियों के अंदर हथियारबंद राजपूत योद्धा छिपकर किले में घुसे और अंदर से दरवाजा खोल दिया।
इस एक चाल ने मारवाड़ का इतिहास बदल दिया और मंडोर राठौड़ों की राजधानी बना।



#फैक्ट

Current affairs
04/02/2026

Current affairs

"दीवारें टूट सकती हैं, लेकिन हौसले नहीं।" 🔥इतिहास गवाह है कि जैसलमेर का 'सोनार किला' सिर्फ पत्थरों से नहीं, बल्कि वीरों ...
04/02/2026

"दीवारें टूट सकती हैं, लेकिन हौसले नहीं।" 🔥
इतिहास गवाह है कि जैसलमेर का 'सोनार किला' सिर्फ पत्थरों से नहीं, बल्कि वीरों के खून और पसीने से बना है।
13वीं सदी (1290-1298) का वो दौर, जब अलाउद्दीन खिलजी के अहंकार को जैसलमेर के दरवाजे पर 8 साल तक इंतजार करना पड़ा।

भाटी शासक रावल जैतसी ने दिखा दिया कि मातृभूमि की रक्षा के लिए समय और संसाधन मायने नहीं रखते, सिर्फ जिगर चाहिए।

जब अन्न का आखिरी दाना भी खत्म हो गया, तब भी किले का दरवाजा दुश्मन के लिए नहीं खुला। यह 8 साल का घेरा भारतीय इतिहास के सबसे कठिन और गौरवशाली अध्यायों में से एक है।

नमन है उन वीरों को जिन्होंने झुकने से बेहतर लड़कर अमर होना चुना। ⚔️


Address

Jaipur Competition Classes
Nathdwara
313301

Alerts

Be the first to know and let us send you an email when UPSC wale posts news and promotions. Your email address will not be used for any other purpose, and you can unsubscribe at any time.

Shortcuts

Share