29/06/2016
आयुष विभाग व कुछ व्यक्तियों की लापरवाही के चलते उ०प्र० मे राजकीय सेवा में तैनात एलोपथिक सर्जनों को क्षार सूत्र संक्षिप्त प्रशिक्षण देकर प्रत्येक जनपद पर दो सर्जनों को तैनात करने की व्यवस्था प्रदेश शासन नें बनाई है| इस प्रकार की व्यवस्था आयुर्वेद चिकित्सकों के अधिकारों का हनन, आयुर्वेद की गरिमा को ठेस पंहुचने वाला, अन्याय पूर्ण व सर्वथा नियम विरुद्ध है| मैं इस संबंध में राज्य व केंद्र सरकार को अपना विरोध भेज रहा हूँ तथा इस संबंध में मैं तब तक चुप नहीं बैठूँगा जब तक कि यह निर्णय वापस नहीं लिया जाता| मुझे आपका सहयोग चाहिए |
सूचना साथ में संलग्न है-
डा० धन्वन्तरि त्यागी
9917569576